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रामनगर का डोमरी घाट बना डैंजर जोन, आज भी युवक गंगा में डूबा

Nov 14, 2025, 11:01 AM
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Posted By Gaandiv

वाराणसी - रामनगर का डोमरी घाट स्‍नान करने वालों के लिए खतरनाक जोन बनता जा रहा है. अभी दो दिन पूर्व की घटना लो भूल भी नहीं सके थे कि इस बार गंगा में एक और युवक डूब गया. शुक्रवार को गंगा में स्नान करने गए 23 वर्षीय करन पटेल को क्‍या पता था कि आज उसके लिए आखिरी दिन साबित होगा. करन अपने चार साथियों के साथ गंगा में स्नान करने पहुंचा था, लेकिन पानी में बन रहे भवर में फंसकर गहराई में समा गया. वहीं उसके चारों साथी किसी तरह बाहर निकल आए. हादसे की सूचना मिलते ही परिवार के सदस्य और स्थानीय लोग घाट पर जुट गए. पुलिस ने तुरंत एनडीआरएफ व गोताखोरों की टीम को बुलाकर तलाश शुरू कराई.


परिवार में मातम, गोताखोर कर रहे तलाश

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करन पटेल चंदौली जिले के मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के रतनपुर गांव निवासी विजय पटेल का बड़ा बेटा था. परिवार का एकमात्र सहारा माने जाने वाले करन के डूबने से घर में मातम पसर गया है. डोमरी घाट पर यह पहली घटना नहीं है. ठीक इसी तरह गुरुवार को चंदौली के मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र स्थित जलीलपुर गांव के दो किशोर मोहम्मद इस्माइल 17 वर्ष और अमान 17 वर्ष गंगा स्नान के दौरान डोमरी घाट पर डूब गए. दोनों अपने साथी मोहम्मद आतिफ के साथ स्कूल से लौटने के बाद स्नान करने पहुंचे थे. स्नान के दौरान वह गहरे पानी में चले गए और तेज बहाव में फंसकर डूबने लगे. आतिफ ने शोर मचाकर मदद की कोशिश की, लेकिन जब तक लोग पहुंचे, दोनों पानी में समा चुके थे।


दो दिन में तीन डूबे


डोमरी घाट पर दो दिनों में तीन लोगों के डूबने की घटना ने स्थानीय लोगों में भय और आक्रोश दोनों पैदा कर दिया है. ग्रामीणों का कहना है कि यहां सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम न होने के कारण अक्सर दुर्घटनाएं सामने आती हैं. घाट किनारे रहने वाले लोगों की माने तो डोमरी घाट कच्चा होने के साथ बाढ़ का पानी कम होने पर और खतरनाक हो गया है. बालू युक्त मिट्टी के ऊपर से जब गंगा का बहाव आगे बढ़ता है तो नीचे तेज भवरा (भवर) बनता है. भवर में यदि कोई भी फंसा तो पानी उसे सीधे नीचे खींच लेता है, और उसका बचना मुश्किल हो जाता है.

लोगों ने बताया कि डोमरी का यह किनारा गहराई, कटाव और तेज धारा के कारण पहले से ही जोखिम भरा माना जाता है. चेतावनी बोर्ड, सुरक्षा रस्सियां और निगरानी व्यवस्था न होने के कारण युवक अक्सर यहां दुर्घटनाओं का शिकार हो जाते हैं. पिछले कुछ महीनों में इसी क्षेत्र में कई हादसे हो चुके हैं.


हादसे के बाद मौके पर पहुंची रामनगर पुलिस ने कहा कि घाट को लेकर रिपोर्ट प्रशासन को भेजी जाएगी. एनडीआरएफ और गोताखोरों करन की तलाश में लगे हुए हैं. वहीं स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर कब तक डोमरी घाट हादसों का केंद्र बना रहेगा.

पेट्रोलियम मंत्री ने कहा- भारत में LPG गैस की कमी नहीं...
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अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी जंग के चलते देशभर में गैस सिलेंडर को लेकर काफी किल्लते देखने को मिल रही है. जी हां, एलपीजी गैस संकट पर लोकसभा में केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने एक बड़ा बयान दिया और कहा भारत 40 देशों से क्रूड ऑयल ले रहा है, ऐसे में गैस सिलेंडर पर पैनिक होने की कोई बात नहीं है. इतना ही नहीं हरदीप सिंह पुरी ने वेस्ट एशिया संकट पर ये भी कहा कि एनर्जी के इतिहास में दुनिया ने ऐसा दिन पहले कभी नहीं देखा था, होर्मुज स्ट्रेट को इतिहास में पहली बार कमर्शियल शिपिंग के लिए बंद कर दिया गया है. संघर्ष पैदा करने में कोई भी भूमिका नहीं है, इसलिए भारत को किसी भी हाल में इसके सभी नतीजों से निपटना ही होगा.यह भी पढ़ें: गैस संकट को लेकर उठने वाले सवालों पर मंदिर प्रशासन ने लगाया विराम, कही ये बात"भारत की क्रूड ऑयल सप्लाई की स्थिति सुरक्षित"मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने अपने बयानों में ये बताया कि, भारत की क्रूड ऑयल सप्लाई की स्थिति सुरक्षित है. पिछले पांच दिनों में, रिफाइनरी के निर्देशों के जरिए LPG का प्रोडक्शन 28% बढ़ा दिया गया है और असल में आगे की खरीद चल रही है. इस संकट में मोदी सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता यह है कि भारत के 33 करोड़ परिवारों, खासकर गरीबों और जरूरतमंदों की रसोई में किसी भी तरह के संकट से जूझना ना पड़े. घरेलू सप्लाई पूरी तरह से सुरक्षित है और डिलीवरी साइकिल में कोई बदलाव नहीं हुआ है.हरदीप सिंह ने कहा- इंडस्ट्री के लिए बिजली का प्रोडक्शन सुरक्षितहरदीप सिंह पुरी ने कहा कि, बड़े LNG कार्गो लगभग रोज दूसरे सप्लाई रास्तों से आ रहे हैं. भारत के पास गैस प्रोडक्शन और सप्लाई के इतने इंतजाम हैं कि लंबे समय तक लड़ाई चलने पर भी यह स्थिति बनी रहेगी. हर घर और इंडस्ट्री के लिए बिजली का प्रोडक्शन पूरी तरह से सुरक्षित है. अब प्रोक्योरमेंट को एक्टिवली डायवर्सिफाई किया गया है और कार्गो को यूनाइटेड स्टेट्स, नॉर्वे, कनाडा, अल्जीरिया और रूस से मंगाया जा रहा है.
गैस संकट को लेकर उठने वाले सवालों पर मंदिर प्रशासन ने लगाया विराम, कही ये बात
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