काशी में बनेगा 130 फीट ऊंचा शिवलिंग, ₹104 करोड़ से विकसित होगा भव्य ‘शिव थीम पार्क’…

वाराणसी: धर्म और संस्कृति की राजधानी काशी को जल्द ही एक और विश्वस्तरीय पहचान मिलने जा रही है. वाराणसी नगर निगम भेलूपुर स्थित जलकल विभाग की लगभग 20 एकड़ भूमि पर अत्याधुनिक स्पिरिचुअल एवं ऑक्सीजन पार्क (शिव थीम पार्क) विकसित करने की तैयारी में है. करीब 104 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली इस परियोजना का सबसे बड़ा आकर्षण 130 फीट ऊंचा विशाल शिवलिंग होगा, जिसे उत्तर प्रदेश का सबसे ऊंचा शिवलिंग और दुनिया की सबसे ऊंची धार्मिक संरचनाओं में शामिल करने का लक्ष्य रखा गया है.
नगर निगम द्वारा तैयार विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) शासन को भेज दी गई है. मंजूरी मिलने के बाद निर्माण कार्य चरणबद्ध तरीके से शुरू किया जाएगा.
लेजर शो से जीवंत होगा शिवलिंग
पार्क के केंद्र में स्थापित होने वाले विशाल शिवलिंग पर अत्याधुनिक डायनेमिक लेजर, साउंड एंड लाइट शो का आयोजन किया जाएगा. इसके साथ ही होलोग्राफिक प्रोजेक्शन तकनीक के माध्यम से भगवान शिव और काशी की सांस्कृतिक विरासत को डिजिटल रूप में प्रदर्शित किया जाएगा.
काशी की विरासत को दिखाएगा संग्रहालय
परियोजना में एक आधुनिक काशी म्यूजियम और आर्ट गैलरी भी प्रस्तावित है, जहां काशी के इतिहास, श्री काशी विश्वनाथ धाम के विकास, बनारसी संगीत, कला और खानपान संस्कृति को प्रदर्शित किया जाएगा. इसके अलावा शहर के गौरवशाली इतिहास, प्रमुख विभूतियों और पद्म सम्मान प्राप्त हस्तियों से जुड़ी म्यूरल प्रदर्शनियां भी लगाई जाएंगी.
ऑक्सीजन हब के रूप में होगा विकसित
यह पार्क केवल धार्मिक पर्यटन का केंद्र नहीं होगा बल्कि शहर के लिए एक बड़े हरित क्षेत्र के रूप में भी काम करेगा. यहां 1000 मीटर से अधिक लंबा वॉकिंग ट्रैक, योग एवं ध्यान केंद्र, औषधीय पौधों के उद्यान और खुले हरित क्षेत्र विकसित किए जाएंगे. इसका उद्देश्य शहरवासियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना और काशी में हरित क्षेत्र बढ़ाना है.
हाईटेक सुविधाओं से लैस होगा परिसर
पार्क में आधुनिक प्लैनेटेरियम, वरिष्ठ नागरिकों के लिए पुस्तकालय, बच्चों के मनोरंजन क्षेत्र, फूड कोर्ट और अन्य नागरिक सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी. इसके अलावा पूरी परियोजना को ऊर्जा उपलब्ध कराने के लिए 1 मेगावाट क्षमता का सोलर पावर प्लांट लगाने की योजना है.
पर्यटन को मिलेगा नया आयाम
विशेषज्ञों का मानना है कि काशी विश्वनाथ धाम, नमो घाट और गंगा घाटों के बाद शिव थीम पार्क धार्मिक और आध्यात्मिक पर्यटन का नया केंद्र बन सकता है. इससे न केवल पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी बल्कि स्थानीय रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी बड़ा लाभ मिलेगा.



