शहीद चंद्रशेखर आज़ाद की जयंती पर तिरंगे के साथ अधिवक्ता पहुंचे सेन्ट्रल जेल...

वाराणसी: अमर शहीद चंद्रशेखर आज़ाद की जयंती सेंट्रल जेल के अंदर अधिवक्ताओं और जेल के अधिकारियों, कर्मचारियों ने संयुक्त रूप से मनाया. बनारस बार के पूर्व महामंत्री नित्यानंद राय व विनोद पाण्डे के नेतृत्व में अधिवक्ताओं का एक जत्था सेंट्रल जेल पहुँचा. अधिवक्ताओं ने एक प्रार्थना पत्र जेल अधीक्षक राधे कृष्ण मिश्रा को संबोधित करते हुए लिखा जिसमें जेल के अंदर उस जगह पर जहाँ पे बालक चंद्र शेखर तिवारी को कोड़े लगाए गए थे जाने की अनुमति माँगी गई थी.
अनुमति मिलने पर बनास बार के पूर्व महामंत्री नित्यानंद राय ,विनोद पाण्डे भैयाजी , राजेश मिश्रा, मिलिन्द श्रीवास्तव, विपिन शुक्ला, राजीव सिन्हा,संजीवन यादव,प्रवीण मिश्रा, ओमप्रकाश राय, विवेक कुमार सिंह,शैलेन्द्र चौबे, कृष्णकांत सिंह, उस पवित्रस्थल पर पहुचे जहा बालक चंद्रशेखर को कोड़े लगे थे. अधिवक्ता अपने हाथो मे आजाद और आजाद के अस्थिकलश की फोटो वाली तख्तियां और तिरंगा झण्डा लिये हुये थे. जिसपर लिखा था आजाद के अस्थिकलश को विरोचित सम्मान दो.

अधिवक्ताओ के साथ जेल अधीक्षक राधेकृष्ण मिश्र व अन्य अधिकारी कर्मचारी भी आए और चंद्र शेखर आजाद की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किया. पुरा जेल परिसर अमर शहीद चन्द्रशेखर आजाद अमर रहे, जबतक सुरज चांद रहेगा चन्द्रशेखर आजाद का नाम रहेगा के नारो से गुजता रहा. राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम की समाप्ति हुई.
उसके बाद अधिवक्ताओं का जत्था आज़ाद की आदमकद प्रतिमा जो छह साल पहले सेंट्रल जेल में स्थापित हुई उसका दर्शन करने पहुँचे वहाँ पर आज़ाद के दस्खत की पट्टीका व तमाम स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की स्मृति स्थल को दर्शन कर नमन किया. कार्यक्रम का सबसे मार्मिक पहलु यह रहा कि कैदियो ने आजाद के चंद्र शेखर आजाद के उन चित्रो को मांग लिया जो अधिवक्ता अपने साथ लाये थे.



