दालमंडी गली बंद, विरोध के बीच ध्वस्तीकरण जारी, भारी पुलिस बल तैनात
वाराणसी : विरोध के बीच दालमंडी में बुधवार को ध्वस्तीकरण जारी रहा. पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने सुबह दस बजे के बाद दालमंडी में प्रवेश किया और रजिस्ट्री हो चुकी संपत्तियों को चिन्हित कर कार्रवाई शुरू की. सुरक्षा कारणों से मौके पर भारी पुलिस बल की तैनाती की गई, जिसके बीच प्रशासन ने रास्ता बंद कर कार्रवाई शुरू की.
दालमंडी सड़क चौड़ीकरण के तहत नए भवनों को तोड़ने की प्रक्रिया में सबसे पहले सीके 43/142 मकान पर हथौड़ा चलाया गया. जैसे ही मकान को ध्वस्त करने का कार्य प्रारंभ हुआ, प्रशासन ने सतर्कता बरती और क्षेत्र में प्रवेश को प्रतिबंधित कर दिया. इस कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों में आक्रोश देखा गया. कई निवासियों ने प्रशासन के इस कदम का दबी जुबान में विरोध किया.

प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई विकास कार्यों के लिए आवश्यक है और सभी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किया जा रहा है. अधिकारियों ने बताया कि दालमंडी क्षेत्र का चौड़ीकरण शहर की यातायात व्यवस्था को सुधारने के लिए किया जा रहा है, जिससे आने वाले समय में लोगों को बेहतर सुविधा मिल सके. स्थानीय व्यापारियों ने भी इस कार्रवाई पर चिंता व्यक्त करने के साथ दर्द बयां किया. उनका कहना है कि इस प्रकार की तोड़फोड़ से व्यापार प्रभावित होगा और कई परिवारों की आजीविका पर संकट आ सकता है. प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि प्रभावित लोगों को उचित मुआवजा दिया जा रहा है और उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा.
प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे शांति बनाए रखें और किसी भी प्रकार की हिंसा से दूर रहें. इस कार्रवाई के पीछे का उद्देश्य शहर के विकास को गति देना है, जिससे वाराणसी को एक आधुनिक और व्यवस्थित शहर बनाया जा सके. बता दें कि विरोध के बावजूद पहली बार मंगलवार को दालमंडी में एक साथ छह भवनों पर हथौड़ा चलाया गया. इन भवनों को ध्वस्त करने की कार्रवाई शुरू होने के साथ अब तक 17 भवन तोड़े गए हैं.
डीआईजी की देखरेख में ड्रोन से निगरानी की जा रही है. 500 पुलिस और पैरा मिलिट्री फोर्स के साथ 75 मजदूरों को लगाकर भवनों को तोड़ा जा रहा है.
24 भवनों का 14 करोड़ दिया जा चुका मुआवजा
लोक निर्माण विभाग की ओर से अब तक दालमंडी के 24 भवनों को अधिग्रहण किया गया है. इसके लिए 14 करोड़ रुपये मुआवजा दिया गया है. जैसे जैसे संपत्ति पर हकदार सही पाए जा रहे हैं, वैसे-वैसे मुआवजा दिया जा रहा है. संपत्ति के कागजों की जांच के लिए लगातार लोगों को कार्यालय बुलाया जा रहा है.
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215.88 करोड़ की योजना में दालमंडी की सड़क को 17.4 मीटर चौड़ा करने का लक्ष्य प्रशासन ने तय किया है. इलाके में 181 भवन और 6 मस्जिद हैं, जहां ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन का कहना है कि चौड़ीकरण से यातायात सुगम होगा और क्षेत्र का विकास होगा.



