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मंडलीय अस्पताल में छोटी पर्ची पर डॉक्टरों का बड़ा खेल ...

मंडलीय अस्पताल में छोटी पर्ची पर डॉक्टरों का बड़ा खेल ...
Aug 20, 2026, 01:39 PM
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Posted By Prashant Sharma

वाराणसी : कबीर चौराहा स्थित श्री शिव प्रसाद गुप्त मंडलीय चिकित्सालय में गांडीव डिजिटल की पड़ताल के दौरान सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था की ऐसी तस्वीर सामने आई, जिसने कई सवाल खड़े कर दिए.


अस्पताल में इलाज कराने पहुंचे लोगों के हाथ में एक रुपये की पर्ची थी. लेकिन इसके साथ दो छोटी पर्चियां भी नजर आईं, जिन पर डॉक्टरों ने अलग से दवाएं लिखी थीं.आखिर इन पर्चियों की जरूरत क्यों पड़ी, इसकी पड़ताल की गई.


मौके पर मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत में बताया गया कि अस्पताल में कुछ दवाएं उपलब्ध नहीं हैं और उन्हें बाहर से खरीदने के लिए कहा गया.कुछ लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि यहां आने पर अक्सर बाहर की दवाएं लिखी जाती हैं.


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इसी बीच एक मरीज की बात ने पूरी तस्वीर को और गंभीर बना दिया. उसका कहना था कि एक रुपये की पर्ची लेकर सरकारी अस्पताल आए हैं, लेकिन 500 रुपये की दवा बाहर से कैसे खरीदें। यह सवाल उस आर्थिक परेशानी को सामने लाता है, जिससे इलाज के लिए सरकारी व्यवस्था पर निर्भर परिवार गुजर रहे हैं.


सरकारी अस्पताल में आने वाले लोगों की उम्मीद साफ होती है कि कम खर्च में इलाज के साथ जरूरी दवाएं भी मिल जाएंगी.लेकिन अगर डॉक्टर की पर्ची लेकर मेडिकल स्टोर का रुख करना पड़े, तो यह व्यवस्था पर सवाल जरूर खड़ा करता है.



सरकार की ओर से सरकारी अस्पतालों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं और मुफ्त दवाओं के दावे किए जाते हैं. ऐसे में सामने आई ये पर्चियां उन दावों और जमीनी हकीकत के बीच का फर्क दिखाती हैं.

दो आईपीएस की विदाई, सीपी बोले- वाराणसी में सराहनीय रहा कार्यकाल
दो आईपीएस की विदाई, सीपी बोले- वाराणसी में सराहनीय रहा कार्यकाल
वाराणसी : आईपीएस प्रमोद कुमार और आईपीएस श्रुति का गैर जनपद ट्रांसफर होने के बाद मंगलवार को पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने कमिश्नरेट सभागार में भावभीनी विदाई दी. पुलिस आयुक्त ने कहा कि दोनों अधिकारियों का कार्यकाल वाराणसी में सराहनीय रहा, कानून-व्यवस्था और जनसुनवाई को बेहतर बनाने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण रही. समारोह में एडिशनल सीपी, सभी डीसीपी, एडीसीपी समेत कमिश्नरेट के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे. बुके और स्मृति चिन्ह देकर दोनों को नई तैनाती के लिए शुभकामनाएं दी गईं.वहीं, पुलिस आयुक्‍त मोहित अग्रवाल ने सोमवार की रात तीन डीसीपी के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया. आईपीएस ट्रांसफर सूची में हटाए गए प्रमोद कुमार को चार्ज से वरुणा जोन का चार्ज लेकर रिलीव कर दिया गया. कानपुर से ट्रांसफर होकर आए डीसीपी राजेश पाण्डेय को वरुणा जोन का नया डीसीपी बनाया गया है. राजेश पाण्डेय वाराणसी में एडीसीपी ट्रैफिक भी रह चुके हैं और वरुणा जोन से बखूबी परिचित हैं.ALSO READ:बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता, वैभवी यादव ने हासिल किया प्रथम स्थान.पुलिस आयुक्‍त ने काशी जोन के डीसीपी गौरव बंसवाल के कार्यक्षेत्र में बढोत्तरी की है. काशी जोन के साथ उन्हें पुलिस लाइंस का नया डीसीपी बनाया है. पुलिस लाइंस का अतिरिक्त चार्ज पहले प्रमोद कुमार के पास था. वरुणा जोन में राजेश पाण्डेय को कई दुश्वारियों से जूझना होगा, कोर्ट और जिला मुख्यालय का क्षेत्र होने के साथ ही आए दिन होने वाले वीआईपी मूवमेंट में असल परीक्षा रहेगी. वह आज वरुणा जोन कार्यालय में चार्ज संभालेंगे.
बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता, वैभवी यादव ने हासिल किया प्रथम स्थान.
बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता, वैभवी यादव ने हासिल किया प्रथम स्थान.
वाराणसी: बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में राजभाषा पखवाड़ा के तहत मंगलवार को बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। महाप्रबंधक आशुतोष पंत के दिशा-निर्देशन में आयोजित प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में हिन्दी भाषा के प्रति रुचि बढ़ाने और राजभाषा हिन्दी के प्रचार-प्रसार को प्रोत्साहित करना रहा।कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के समन्वयक धर्मवीर सिंह, वरिष्ठ अनुवादक गुरुराजन और शिक्षक-शिक्षिकाओं ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रतियोगिता में कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।प्रतियोगिता के लिए ‘अनेकता में एकता की संवाहक हिन्दी’ और ‘हिन्दी केवल एक भाषा नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति की आत्मा है’ विषय निर्धारित किए गए थे। विद्यार्थियों ने अपने वक्तव्यों में हिन्दी भाषा की सामर्थ्य, आत्मीयता, संस्कृति और संस्कारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। इस दौरान तुलसीदास, कबीरदास, मुंशी प्रेमचंद और भारतेन्दु हरिश्चंद्र जैसी हिन्दी साहित्य की विभूतियों का भी स्मरण किया गया।विद्यालय के समन्वयक धर्मवीर सिंह ने हिन्दी के बढ़ते वैश्विक प्रभाव पर प्रकाश डाला। उन्होंने हाल ही में आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन के संदर्भ में विभिन्न राष्ट्राध्यक्षों द्वारा हिन्दी गीतों के उल्लेख का जिक्र किया। शिक्षिका करुणा सिंह ने हिन्दी कविता प्रस्तुत की।प्रतियोगिता में भूगोल प्रवक्ता विकास कुमार पाण्डेय और हिन्दी शिक्षक उमैर अहमद अंसारी ने निर्णायक की भूमिका निभाई। उन्होंने विद्यार्थियों का मूल्यांकन प्रस्तुतीकरण, विषय-वस्तु और अभिव्यक्ति के आधार पर किया।ALSO READ: रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..परिणाम में कक्षा 11-‘अ’ की छात्रा वैभवी यादव ने प्रथम, कक्षा 10-‘अ’ के छात्र अनमोल प्रजापति ने द्वितीय और कक्षा 9-‘ब’ के छात्र उत्कर्ष केशरी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।कार्यक्रम का संचालन हिन्दी शिक्षिकाएं शालिनी उपाध्याय और वंदना शुक्ला ने किया। आयोजन को सफल बनाने में राकेश चौधरी और करुणा सिंह का विशेष योगदान रहा।
रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..
रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..
वाराणसी। रामनगर में सड़क और पाथवे पर दुकानें व ठेले लगाने से होने वाली यातायात संबंधी परेशानियों को लेकर पुलिस ने मंगलवार को स्ट्रीट वेंडरों के साथ बैठक की। थाना रामनगर में प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार मिश्रा ने रामनगर चौक चौराहा से किला रोड तक सब्जी, फल, चाट, चाउमीन, फास्ट फूड, चाय-नमकीन आदि के ठेले लगाने वाले दुकानदारों और पाथवे पर दुकान लगाने वाले स्ट्रीट वेंडरों को बुलाकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।बैठक के दौरान प्रभारी निरीक्षक ने वेंडरों से कहा कि सड़क पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न किया जाए। ठेले और दुकान इस तरह लगाए जाएं, जिससे सड़क पर आवागमन प्रभावित न हो और पैदल चलने वाले लोगों को भी परेशानी का सामना न करना पड़े।पुलिस ने वेंडरों को यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने और निर्धारित स्थान पर ही दुकान लगाने की अपील की। साथ ही स्पष्ट किया कि सड़क और पाथवे पर इस तरह सामान न फैलाया जाए, जिससे आने-जाने वाले लोगों को परेशानी हो।पुलिस के अनुसार बैठक का उद्देश्य रामनगर चौक से किला रोड तक यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखना और आम लोगों के आवागमन में किसी तरह की बाधा को रोकना है।ALSO READ: जलस्तर घटने के बाद मणिकर्णिका घाट पर की गई सफाई, गंगा की तलहटी से निकाले करीब 100 किलो कपड़े...