वाराणसी में किराना कारोबारी हत्याकांड के पांच आरोपियों पर लगेगा गैंगस्टर, पुलिस टीम सम्मानित...

वाराणसी : बैंक खाते से 26 लाख रुपये लूटने की नियत से किराना कारोबारी जितेंद्र पटेल की गोली मारकर हत्या के करने के मामले में पांच आरोपियों के खिलाफ रोहनिया पुलिस गैंगस्टर के तहत कार्रवाई की तैयारी कर रही है. जिला जेल भेजे गए मिर्जापुर निवासी आरोपियों में गैंग लीडर आयुष पटेल समेत पांच के खिलाफ गैंगस्टर की प्राथमिकी दर्ज की जाएगी और अपराध से अर्जित संपत्ति भी जब्त होगी. रोहनिया के अवलेशपुर सौरभ विहार कॉलोनी निवासी किराना दुकानदार जितेंद्र पटेल की 8 जून की रात घर से 100 मीटर पहले बाइक सवार शूटर सुशील पटेल और ग्यांशु पटेल ने गोली मारकर हत्या कर दी थी.
रोहनिया इंस्पेक्टर राजू सिंह समेत एसओजी, पुलिस की 50 सदस्यीय टीम ने रविवार रात शूटर सुशील पटेल और ग्यांशु पटेल को करसड़ा में मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया था. आयुष पटेल, अमन सेठ और मनीष सिंह को भी गिरफ्तार किया गया. डीसीपी वरुणा जोन प्रमोद कुमार ने बताया कि पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों ने ठगी के पैसे को कहां-कहां निवेश किया है. वहीं, टीम को पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने बुधवार को कार्यालय में प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया.
पेट्रोल पंप और सराफ की दुकानों से निकालते थे ठगी की रकम
जेल भेजे गए आरोपियों ने पुलिस की पूछताछ में यह स्वीकारा कि साइबर ठगी के पैसे को वह पेट्रोल पंपों के जरिये कैश कराते थे. कुछ आभूषण की दुकानों को भी सेट कर रखा गया था. मिर्जापुर के चुनार, अदलहाट, अहरौरा के पेट्रोल पंपों को पुलिस ने चिह्नित किया है. साइबर ठगी की रकम जानते हुए पेट्रोल पंप कर्मियों ने यह अपराध किया है.
ALSO READ : वाराणसी एयरपोर्ट से एयर इंडिया एक्सप्रेस की मुंबई और अकासा की चार उड़ानें बंद, सामने आ रही यह वजह...
ब्रांडेड कपड़े, महंगी गाड़ियां और मोबाइल पर खर्च करते थे रकम
आरोपियों ने पुलिस की पूछताछ में बताया था कि वह ठगी की रकम से ब्रांडेड कपड़े, महंगी गाड़ियां और आईफोन खरीदे थे. कुछ महिला मित्रों के शौक भी पूरे किए. डिजिटल लेनदेन के कई संदिग्ध नंबरों को भी पुलिस ने चिह्नित किया है. पेटीएम एजेंट बनकर गिरोह के सदस्यों ने कारोबारी की दुकान पर रैकी की थी. इसके बाद मोबाइल लूट कर बैंक खाते से 26 लाख रुपये ट्रांसफर कराने की साजिश के तहत आरोपियों ने पूरा खेल रचा था.



