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चयनित टेक स्टार्टअप्स एवं शोध परियोजनाओं को आईआईटी बीएचयू देगा ₹5 करोड़

चयनित टेक स्टार्टअप्स एवं शोध परियोजनाओं को आईआईटी बीएचयू देगा ₹5 करोड़
Nov 24, 2025, 08:32 AM
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Posted By Gaandiv

वाराणसी: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (बीएचयू), वाराणसी अपने I-DAPT हब फाउंडेशन के माध्यम से चयनित टेक स्टार्टअप्स और शोध परियोजनाओं को लगभग ₹5 करोड़ की अनुदान राशि जारी करने जा रहा है. यह वित्तीय सहायता नवाचार को बढ़ावा देने और कृषि, स्वास्थ्य, रक्षा, दूरसंचार, ऊर्जा, शिक्षा, वित्त, ड्रोन तकनीक सहित कई क्षेत्रों में नए एवं व्यावसायिक रूप से उपयोगी प्रौद्योगिकियों के विकास को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से दी जा रही है. इस पहल से क्षेत्रीय नवाचार एवं उद्यमिता पारिस्थितिकी तंत्र को और अधिक मजबूती मिलने की उम्मीद है.

हब के परियोजना निदेशक प्रो. आरएस सिंह ने बताया कि जुलाई 2025 में शुरू किए गए स्टार्टअप इनक्यूबेशन कार्यक्रम के अंतर्गत देशभर से कुल 136 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से कठोर मूल्यांकन प्रक्रिया के बाद 22 स्टार्टअप्स का चयन किया गया.

इसी प्रकार, I-DAPT वेबसाइट पर जारी कॉल फॉर रिसर्च प्रपोज़ल के अंतर्गत प्राप्त 21 आवेदनों में से 12 शोध परियोजनाएँ चुनी गईं. इन चयनित स्टार्टअप्स और शोध परियोजनाओं को मिलाकर कुल लगभग ₹5 करोड़ की अनुदान राशि जारी की जाएगी. प्रो. आरएस सिंह ने I-DAPT टीम—CEO डॉ. शांची मिश्रा, परियोजना प्रबंधक (प्रौद्योगिकी) श्री अनिलाभ अग्रवाल, परियोजना प्रबंधक (स्टार्टअप) श्री राम चन्द्र परीडा, परियोजना प्रबंधक (वित्त एवं लेखा) तथा कार्यालय सहायक श्री प्रत्युष पाठक एवं श्री अजय के. आर. राय—के निरंतर सहयोग एवं योगदान की सराहना की.


सहायता सीमा बढ़ाई


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उन्होंने आगे बताया कि नवप्रवर्तक एवं शोधकर्ता कॉल फॉर रिसर्च प्रपोज़ल और चाणक्य फेलोशिप के अंतर्गत आवेदन करना जारी रख सकते हैं. इसके अतिरिक्त, 12 नवम्बर 2025 को शुरू किए गए स्टार्टअप इनक्यूबेशन कार्यक्रम के नए कोहोर्ट में प्रत्येक योग्य स्टार्टअप को ₹1 करोड़ तक की वित्तीय सहायता प्रदान करने हेतु सहायता सीमा बढ़ाई गई है. संस्थान की राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के प्रति प्रतिबद्धता को रेखांकित करते हुए, आईआईटी बीएचयू के निदेशक प्रो. अमित पत्रा ने कहा कि I-DAPT हब फाउंडेशन का मुख्य उद्देश्य मेक इन इंडिया, विकसित भारत और आत्मनिर्भर भारत जैसे राष्ट्रीय अभियानों के अनुरूप एक सशक्त नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र को विकसित करना है. अनुसंधान एवं विकास के डीन, प्रो. राजेश कुमार ने बताया कि I-DAPT, IIT (BHU) नवप्रवर्तकों और शोधकर्ताओं के लिए डेटा एनालिटिक्स एवं प्रेडिक्टिव टेक्नोलॉजी (DAPT) के क्षेत्र में स्टार्टअप इनक्यूबेशन, कॉल फॉर रिसर्च प्रपोज़ल, चाणक्य फेलोशिप और अल्पकालिक पाठ्यक्रमों सहित कई कार्यक्रम संचालित करता है.

I-DAPT हब फाउंडेशन ने डॉ. एकता कपूर, सुश्री रजनी कुशवाहा और NM-ICPS, DST टीम के निरंतर मार्गदर्शन और सहयोग के लिए अपना हार्दिक आभार व्यक्त किया. यह फाउंडेशन NM-ICPS, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग, भारत सरकार द्वारा वित्तपोषित है.

मोदी के जन्मदिन पर 1076 बेटियों ने दी शुभकामना
मोदी के जन्मदिन पर 1076 बेटियों ने दी शुभकामना
वाराणसी: प्रधानमंत्री एवं वाराणसी के सांसद नरेंद्र मोदी के 76वें जन्मदिन पर बुधवार को परमानंदपुर मिनी स्टेडियम में खेल प्रतिभाओं का अनूठा संगम देखने को मिला. जन्मदिन समारोह में 1076राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की बालिका खिलाड़ियों के साथ विकास इंटर कॉलेज, परमानंदपुर की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की. बड़ी संख्या में बेटियों की मौजूदगी से पूरा स्टेडियम उत्सव के रंग में रंगा नजर आया.कार्यक्रम के दौरान बालिका खिलाड़ियों और छात्राओं में खासा उत्साह रहा. खेल मैदान से लेकर समारोह स्थल तक बेटियों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को विशेष बना दिया. कार्यक्रम के समापन पर बालिकाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विशाल कटआउट के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और सेल्फी लेकर इस यादगार अवसर को कैमरे में कैद किया. इसके बाद एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जन्मदिन की खुशियां साझा कीं.कार्यक्रम के संयोजक हॉकी वाराणसी के अध्यक्ष एवं विकास एजुकेशनल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. एके सिंह ने कहा कि नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद देश में खेलों को बढ़ावा देने की दिशा में कई प्रयास हुए हैं. इससे खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के लिए नए अवसर मिले हैं और खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन मिला है.उन्होंने कहा कि बेटियों की खेलों में बढ़ती भागीदारी देश के लिए सकारात्मक संकेत है. राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने वाली खिलाड़ियों के साथ छात्राओं की सहभागिता से नई पीढ़ी को खेलों के प्रति प्रेरणा मिलेगी.ALSO READ:रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तारसमारोह में 1076 बालिका खिलाड़ियों की भागीदारी आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही. खेल और युवा प्रतिभाओं को केंद्र में रखकर आयोजित इस कार्यक्रम ने बेटियों की प्रतिभा, उत्साह और खेलों के प्रति उनके बढ़ते रुझान को सामने रखा.
रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तार
रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तार
वाराणसी: सिगरा थाना क्षेत्र के रथयात्रा इलाके में पुलिस और SOG-2 की टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बंद मकान में चल रहे जुए के अड्डे का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से 47 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से करीब 10 लाख रुपये नकद, कई वाहन, मोबाइल फोन और अन्य सामान बरामद किया गया है।डीसीपी क्राइम नीतू काद्यान की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, रथयात्रा के पास एक मकान में बाहर से ताला लगाकर अंदर जुआ खेले जाने की सूचना पुलिस को मिल रही थी। इसके बाद टीम ने करीब तीन से चार दिन तक मकान की गतिविधियों पर नजर रखी। जब अंदर बड़ी संख्या में लोग जुटे तो SOG-2 और सिगरा पुलिस की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापा मारा। कार्रवाई के दौरान 47 लोगों को जुआ खेलते हुए पकड़ा गया।पुलिस की जांच में सामने आया कि विशाल सिंह नाम के व्यक्ति ने मकान को लीज पर लिया था। पुलिस के अनुसार, इसी मकान से जुए का संचालन किया जा रहा था। पकड़े गए लोगों में वाराणसी के साथ आसपास के जनपदों के लोग भी शामिल हैं।पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास और पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, मामले में संगठित अपराध समेत अन्य धाराओं में सख्त कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है।ALSO READ:आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोरडीसीपी क्राइम नीतू काद्यान ने बताया कि मामले में अभी जांच जारी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी और जल्द ही इस पूरे मामले की विस्तृत जानकारी मीडिया के सामने प्रस्तुत की जाएगी।
आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
वाराणसी : काशी हिंदू विश्वविद्यालय के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (IMS-BHU) में आगामी वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बुधवार को कमेटी की बैठक आयोजित की गई। आईएमएस कमेटी रूम में हुई बैठक की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने की। बैठक में पिछले वर्ष के कार्यक्रम की समीक्षा के साथ इस वर्ष आयोजित होने वाले स्वास्थ्य मेले को और अधिक उपयोगी एवं जनसुलभ बनाने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई।कार्यक्रम समन्वयक प्रो. टी.पी. चतुर्वेदी ने पिछले वर्ष आयोजित कार्यक्रम की गतिविधियों और अनुभवों की समीक्षा प्रस्तुत की। इसके बाद इस वर्ष के स्वास्थ्य मेले के समन्वयक प्रो. वी.एन. मिश्रा के साथ जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारियों पर चर्चा हुई।स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मददप्रो. वी.एन. मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष महामना के उद्देश्यों के अनुरूप स्वास्थ्य मेले को और व्यापक बनाने के लिए चिकित्सा विज्ञान संस्थान के साथ आईआईटी-बीएचयू की तकनीकी विशेषज्ञता का सहयोग लिया जाएगा। इसके साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और अन्य तकनीकी संसाधनों का भी उपयोग किए जाने की योजना है।बैठक में निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने कहा कि स्वास्थ्य मेले के माध्यम से काशी की जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। लोगों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था के साथ आधुनिक चिकित्सा, आयुर्वेद और डेंटल चिकित्सा के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य संबंधी उचित परामर्श उपलब्ध कराया जाएगा।कमेटी सदस्यों ने दिए सुझावबैठक में मेडिसिन संकाय प्रमुख प्रो. संजय गुप्ता, आयुर्वेद संकाय प्रमुख प्रो. मूर्ति, डेंटल संकाय प्रमुख प्रो. अतुल भटनागर, प्रो. भुवाल राम और प्रो. एस.के. भारती समेत कमेटी के अन्य पदाधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अपने सुझाव दिए।ALSO READ :लोहता में बुनकरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू, विशेषज्ञ डॉक्टर देंगे परामर्श...इस अवसर पर प्रो. वी.एम. सिंह, वैद्य सुशील दुबे, डॉ. अखिलेश चन्द्र, डॉ. महेश, प्रो. संगीता, डॉ. नीरज त्रिपाठी, डॉ. संतोष सिंह और प्रो. अजय पांडे समेत अन्य कमेटी पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में स्वास्थ्य मेले को अधिक प्रभावी, तकनीक आधारित और आम जनता के लिए उपयोगी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।