काशी को जल्द मिलेगा चौथा प्रतिनिधित्व, हंसराज विश्वकर्मा का मंत्री बनना तय

Kashi will soon get its fourth representation, Hansraj Vishwakarma is set to become a minister
Varanasi News: उत्तर-प्रदेश के संभावित मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो चुकी है. वाराणसी में भाजपा एमएलसी और जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा के मंत्री बनाए जाने की गुफ्तगू भी शुरू हो चुकी है. माना ये जा रहा है कि, यदि हंसराज को मंत्रिमंडल में जगह मिलती है तो काशी से भाजपा के मंत्रियों की संख्या बढ़कर चार हो जाएगी.

हंसराज विश्वकर्मा लखनऊ के लिए रवाना
जानकारी के मुताबिक, विश्वकर्मा को मंत्री बनाए जाने की इन चर्चाओं के बीच हंसराज विश्वकर्मा लखनऊ के लिए रवाना हो चुके है, जिसके बाद से उन्हें मंत्री बनना काफी हद तक तय माना जा रहा हैं. क्योंकि भारतीय जनता पार्टा संगठन में काफी लंबे समय से चले आ रहे हंसराज विश्वकर्मा को पूर्वाचल में पार्टी का मजबूत ओबीसी साथी माना जाता है. जी हां, वो पार्टी में रहते हुए लगातार तीन बार भाजपा जिलाध्यक्ष भी रह चुक हैं. जिसके चलते उन्हें भाजपा संगठन को मजबूत बनाए रखने की नींव मानी जाती है. भाजपा ने वर्ष 2023 में उन्हें विधान परिषद भेजकर पहले ही बड़ा राजनीतिक संकेत दे दिया था, अब संभावित मंत्रिमंडल विस्तार में उन्हें शामिल किए जाने को गैर-यादव ओबीसी वोट बैंक को और मजबूत करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है. राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पूर्वांचल में सामाजिक समीकरण साधने के लिहाज से यह फैसला भाजपा के लिए काफी अहम हो सकता है.
वाराणसी में राजनीतिक नियुक्ति का असर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसदीय क्षेत्र वाराणसी होने की वजह से राजनीतिक नियुक्ति का असर सिर्फ औऱ सिर्फ प3देश ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय राजनीतिक तक है. लोकसभा चुनाव के दौरान भी हंसराज विश्वकर्मा संगठन, बूथ प्रबंधन और सामाजिक समीकरण साधने में सक्रिय भूमिका में रहे थे, वर्तमान में वाराणसी से भाजपा के तीन मंत्री योगी सरकार में शामिल हैं. इनमें दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ आयुष, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हैं.

Also Read: काशी विश्वनाथ मंदिर में भीड़ को लेकर सतर्क पुलिस प्रशासन, अधिकारियों को दिए निर्देश
रविंद्र जायसवाल स्टाम्प तथा न्यायालय शुल्क एवं पंजीयन विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हैं, जबकि अनिल राजभर श्रम एवं सेवायोजन समन्वय विभाग के कैबिनेट मंत्री हैं, हंसराज विश्वकर्मा के संभावित मंत्री बनने से काशी की राजनीतिक हिस्सेदारी और प्रभाव दोनों बढ़ने की संभावना जताई जा रही है.



