'मन की बात' का 134वां एपिसोड रहा कुछ खास, पीएम मोदी ने किया जिक्र

The 134th episode of 'Mann Ki Baat' was special, PM Modi mentioned
'मन की बात' कार्यक्रम का 134वां एपिसोड आज रविवार को आयोजित किया गया. जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संबोधित किया. इस कार्यक्रम को ऑल इंडिया रेडियो (आकाशवाणी) और सरकार के आधिकारिक डिजिटल चैनलों पर भी प्रसारित किया गया. मन की बात कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने रांची में आयोजित हुए फेडरेशन कप 2026 में 100 मीटर फ्रीस्टाइल रेस में नेशनल रिकॉर्ड बनाने वाले गुरिंदरवीर सिंह और अनिमेष कुजूर की जमकर प्रशंसा की. उन्होंने भारत के दोनों एथलीटों से फोन पर बात उनके पीछे छिपी संघर्षों की कहानी भी सुनी.

नेशनल रिकॉर्ड तोड़ने पर पीएम मोदी ने दी बधाई
पीएम मोदी ने गुरिंदरवीर-अनिमेष को दो दिन के भीतर तीन बार नेशनल रिकॉर्ड तोड़ने पर बधाई दी और कहा, 'आप दोनों ने बहुत बड़ा कमाल किया है और सिर्फ दो दिनों के भीतर तीन बार नेशनल रिकॉर्ड तोड़ना कोई छोटी बात नहीं, आपकी जोड़ी ने कमाल कर दिखाया है. हमने संगीत में तो जुगलबंदी देखी थी, लेकिन चुनौती में जुगलबंदी होती है कि एक बार एक चुनौती दे फिर दूसरा उस चुनौती को उठा ले. फिर तीसरी बार कर ले. जो काफी बेहतर रहा.

मन की बात कार्यक्रम के 134वें एपिसोड
मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात कार्यक्रम के 134वें एपिसोड में पीएम मोदी ने समाज सेवा, जल संरक्षण, खेल, भीषण गर्मी से बचाव और भारत में आम की विविधता जैसे कई विषयों पर चर्चा की. इस दौरान उन्होंने लोगों से समाजहित के कार्यों में भागीदारी बढ़ाने और सकारात्मक बदलाव लाने वाले लोगों से प्रेरणा लेने का आह्वान किया. साथ ही उन्होंने कहा कि, जो लोग समाज के लिए अच्छा काम कर रहे हैं, उन्हें पहचानना, उनकी सराहना करना और उनसे सीखना चाहिए. जिससे देश का विकास होगा. यदि संभव हो तो लोगों को किसी अच्छे सामाजिक कार्य का हिस्सा भी बनना चाहिए, उनके अनुसार निस्वार्थ सेवा की कहानियां समाज और राष्ट्र निर्माण के लिए दूसरों को भी प्रेरित करती हैं.

पीएम मोदी ने आम को लेकर कहीं ये बात
वहीं, भीषण गर्मी के मौसम का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने देश के कई हिस्सों में मिलने वाले आमों की विशेषताओं पर भी एक नजर डाली और कहा, महाराष्ट्र और कोंकण का हापुस (अल्फांसो), गुजरात का केसर, उत्तर प्रदेश का दशहरी और काशी का लंगड़ा आम अपनी अलग पहचान रखते हैं. उन्होंने आम की खेती से जुड़े किसानों की सराहना करते हुए कहा कि वे देश की कृषि अर्थव्यवस्था में विशेष योगदान दे रहे हैं. देश के कई हिस्सों में पड़ रही भीषण गर्मी को देखते हुए प्रधानमंत्री ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की.

इस मौसम में पर्याप्त पानी पीना, धूप में निकलते समय सतर्क रहना और सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना बेहद जरूरी है. इस भीषण गर्मी में इंसानों के साथ-साथ जानवरों के लिए भी प्याऊ की सुविधा काफी हद तक जरूरी है. ताकि इस गर्मी में कोई भी प्यासा ना रहे.कई क्षेत्रों में लोकप्रिय पारंपरिक पेयों लगाया जाए, उत्तर भारत में आम पन्ना, पंजाब और हरियाणा में लस्सी, राजस्थान और गुजरात में छाछ, बिहार-झारखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में सत्तू शरबत काफी लोकप्रिय हैं.
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