निर्माण परियोजनाओं में लापरवाही पर अफसरों पर गिरी गाज, कई के वेतन रोके; निलंबन की संस्तुति

वाराणसी : जिले में चल रही निर्माणाधीन परियोजनाओं में लापरवाही और धीमी प्रगति को लेकर जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने मंगलवार को कड़ा रुख अपनाया.
कलेक्ट्रेट सभागार में निर्माण कार्यों की समीक्षा के दौरान डीएम ने कई विभागों के अधिकारियों और कार्यदायी संस्थाओं के अभियंताओं के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए. राजकीय निर्माण निगम के एक परियोजना प्रबंधक के खिलाफ प्रतिकूल प्रविष्टि के साथ विभागीय कार्रवाई और निलंबन के लिए शासन को पत्र भेजने का निर्देश दिया गया.
समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने विभागवार और परियोजनावार निर्माण कार्यों की स्थिति, भौतिक प्रगति, पूर्णता की समयसीमा और कार्यों में आ रही बाधाओं की जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा कराया जाए. उन्होंने स्पष्ट कहा कि विकास परियोजनाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
राजकीय निर्माण निगम के परियोजना प्रबंधक पर कार्रवाई
निर्माण कार्यों में लापरवाही पाए जाने पर जिलाधिकारी ने राजकीय निर्माण निगम लिमिटेड, भदोही के परियोजना प्रबंधक को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के साथ विभागीय कार्रवाई करने और निलंबन के लिए शासन को पत्र भेजने का निर्देश दिया.
इसी तरह उत्तर प्रदेश जल निगम (ग्रामीण) के खंड कार्यालय के अधिशासी अभियंता को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए गए. साथ ही मुख्य अभियंता जल निगम से स्पष्टीकरण मांगने और संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए पत्र भेजने को कहा गया.
सीएम ग्रिड योजना के तीन अभियंताओं पर कार्रवाई
बैठक में सीएम ग्रिड योजना की प्रगति को लेकर भी डीएम ने नाराजगी जताई. उन्होंने योजना के अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता और कनिष्ठ अभियंता के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए. साथ ही चीफ इंजीनियर से भी स्पष्टीकरण तलब करने को कहा.
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना में लापरवाही को लेकर दो सहायक अभियंताओं के वेतन को अवरुद्ध करने का निर्देश दिया गया. वहीं लोक निर्माण विभाग, प्रांतीय खंड के सहायक अभियंता और अवर अभियंता से स्पष्टीकरण मांगने तथा विभागीय कार्रवाई की संस्तुति करने के निर्देश दिए गए. इसके अलावा नलकूप खंड-प्रथम के अधिशासी अभियंता का वेतन रोकने को कहा गया.
समय पर पूरा हों परियोजनाएं
जिलाधिकारी ने अधिकारियों और कार्यदायी संस्थाओं के अभियंताओं को निर्देश दिया कि जिन परियोजनाओं में भूमि, बजट, विद्युत, विभागीय समन्वय या किसी अन्य कारण से काम प्रभावित हो रहा है, उसका तत्काल समाधान कराया जाए. उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर लंबित कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाएं.
उन्होंने सभी कार्यदायी संस्थाओं को प्रत्येक परियोजना की भौतिक और वित्तीय प्रगति की नियमित निगरानी करने तथा प्रगति रिपोर्ट समय से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि जो परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, उन्हें जल्द संबंधित विभागों को हस्तांतरित किया जाए, ताकि उनका लाभ आम लोगों को मिल सके.
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डीएम सत्येंद्र कुमार ने कहा कि निर्माण परियोजनाएं सीधे तौर पर जनहित से जुड़ी हैं. इसलिए अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि जनता को निर्धारित समय पर परियोजनाओं का लाभ मिले और सरकारी धन का प्रभावी एवं उचित उपयोग सुनिश्चित हो. उन्होंने गतिमान परियोजनाओं को युद्ध स्तर पर अभियान चलाकर निर्धारित समयावधि में पूरा कराने के निर्देश दिए.
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह समेत संबंधित विभागों के अधिकारी, कार्यदायी संस्थाओं के अभियंता और अन्य अधिकारी मौजूद रहे.



