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फिल्म ने डुबोई एक्टर राजपाल यादव की नईया, जेल में बंद

फिल्म ने डुबोई एक्टर राजपाल यादव की नईया,  जेल में बंद
Feb 11, 2026, 12:44 PM
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Posted By Preeti Kumari

Rajpal Yadav: बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडियन राजपाल यादव इन दिनों गंभीर कानूनी संकट से गुजरते नजर आ रहे हैं. अभिनेता राजपाल यादव इस समय दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद हैं. उन्हें 9 करोड़ रुपये चुकाने हैं जिसके लिए बॉलीवुड स्टार उनकी मदद करने के लिए आगे आए हैं. मदद के मसीहा एक्टर सोनू सूद, गुरमीत चौधरी, तेज प्रताप यादव जैसे लोगों ने मदद का हाथ बढ़ाया है. सलाखों के पीछे सजा काट रहे राजपाल यादव के केस की सुनवाई कल यानि 12 फरवरी को है. बता दें कि फरवरी 2026 में दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश के बाद उन्होंने तिहाड़ जेल में आत्मसमर्पण कर दिया है.


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दरअसल, ये मामला चेक बाउंस से जुड़ा है, जिसमें लगभग 9 करोड़ रुपये का बकाया शामिल है. मामला साल 2010 का है, जब राजपाल यादव ने अपनी पहली निर्देशित फिल्म 'अता पता लापता' के लिए मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से करीब 5 करोड़ रुपये का लोन लिया था. लेकिन 2012 में रिलीज हुई फिल्म दर्शकों का मनोरंजन नहीं कर पाई और फ्लॉप हो गई, जिस फिल्म के लिए एक्टर ने लोन लिया वहीं उन्हें ले डूबी, ये बदकिस्मती नहीं तो क्या है, फ्लॉप के चलते कर्ज चुकता नहीं हो सका. ब्याज, जुर्माने और देरी के कारण राशि बढ़कर लगभग 9 करोड़ हो गई, लोन चुकाने के लिए दिए गए कई चेक बाउंस हो गए, जिसके चलते कंपनी ने उनके खिलाफ 7 अलग-अलग केस दर्ज किए. जिसके चलते उन्हें जेल में सजा काटनी पड़ रही है.


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इसी मामले में मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट कोर्ट ने उन्हें दोषी ठहराते हुए 2018 में 6 महीने की सजा सुनाई. सत्र न्यायालय ने 2019 में इसे बरकरार रखा. दिल्ली हाई कोर्ट में अपील चली, जहां जून 2024 में सजा पर स्टे मिला, लेकिन शर्त थी कि वे समझौता राशि चुकाएंगे. कोर्ट ने कई बार समय दिया, 2025 में उन्होंने 75 लाख रुपये जमा किए, लेकिन बाकी राशि चुकाने में वो कामयाब नहीं हो पाए. कोर्ट ने उनके बार-बार वादे तोड़ने को निंदनीय बताया और फरवरी 2026 में सरेंडर का अंतिम आदेश दिया. जिसे ना निभा पाने की वजह से 5 फरवरी 2026 को अभिनेता राजपाल यादव ने तिहाड़ जेल में सरेंडर किया. कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार, सजा काटने से कर्ज माफ नहीं होगा, बकाया राशि किसी भी हाल में चुकानी ही पड़ेगी.


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नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने किया 'गुप्तदान'


अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने अपने लंबे समय के दोस्त राजपाल यादव की इस बुरी स्थिति में एक बार फिर साथी बनकर उभरे है. सूत्रों के अनुसार, नवाजुद्दीन ने राजपाल की इस मुश्किल घड़ी में चुपचाप आर्थिक सहायता प्रदान की है. उन्होंने इस मदद को सार्वजनिक करने से परहेज किया, क्योंकि वे व्यक्तिगत मामलों को निजी रखना पसंद करते हैं और नेकी को सुर्खियों में नहीं लाना चाहते. उनके करीबियों का कहना है कि राजपाल के प्रति उनका समर्थन सच्ची दोस्ती पर आधारित है, न कि प्रचार या लोकप्रियता के लिए. दोनों अभिनेताओं के बीच शुरुआती संघर्ष के दिनों से गहरा रिश्ता रहा है. पहले भी नवाजुद्दीन ने राजपाल को 10 लाख रुपये की मदद दी थी. यह मदद उद्योग में दोस्ती की मिसाल है.

BHU में ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पर जागरूकता कार्यशाला, 150 से अधिक छात्रों ने लिया हिस्सा
BHU में ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पर जागरूकता कार्यशाला, 150 से अधिक छात्रों ने लिया हिस्सा
वाराणसी : बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के वाणिज्य संकाय में शनिवार को ‘कॉर्पोरेट मित्र’ पहल को लेकर जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य छात्रों को व्यावहारिक कॉर्पोरेट कौशल से जोड़ना, उनकी रोजगार क्षमता बढ़ाना और पेशेवर विकास के लिए तैयार करना था। इसमें अंतिम वर्ष के 150 से अधिक स्नातक और स्नातकोत्तर छात्रों ने भाग लिया।कार्यक्रम में इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) के सेंट्रल काउंसिल सदस्य सीए ज्ञान चंद्र मिश्रा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इसके अलावा सीए के.एन. गौतम और ICAI वाराणसी शाखा के उपाध्यक्ष सीए विकास द्विवेदी की भी मौजूदगी रही।कार्यक्रम की शुरुआत वाणिज्य संकाय के प्रमुख एवं संकायाध्यक्ष प्रो. एच.के. सिंह के स्वागत संबोधन से हुई। उन्होंने उद्योग और शिक्षण संस्थानों के बीच बेहतर तालमेल को छात्रों के करियर विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।कार्यशाला में छात्रों को बदलते आर्थिक और कॉर्पोरेट परिवेश के अनुरूप कौशल विकसित करने पर जोर दिया गया। वक्ताओं ने कहा कि कुशल स्नातकों को तैयार करने, रोजगार के अवसर बढ़ाने, एमएसएमई को सहयोग देने और छात्रों को पेशेवर सलाहकार सेवाओं के लिए तैयार करने की दिशा में इस तरह की पहल उपयोगी साबित हो सकती है।ALSO READ: BHU में 7 साल पुराने जबड़े के ट्यूमर का सफल ऑपरेशन, पैर की हड्डी से बनाया नया जबड़ामुख्य अतिथि सीए ज्ञान चंद्र मिश्रा ने छात्रों को कौशल विकास के महत्व से अवगत कराया। उन्होंने चार्टर्ड अकाउंटेंसी (CA) और कंपनी सेक्रेटरीशिप (CS) समेत आधुनिक करियर विकल्पों की जानकारी दी और छात्रों को इन क्षेत्रों में उपलब्ध अवसरों के बारे में मार्गदर्शन किया।कार्यशाला के अंत में इंटरैक्टिव प्रश्नोत्तर सत्र आयोजित हुआ, जिसमें छात्रों ने करियर से जुड़े सवाल पूछे। सीए ज्ञान चंद्र मिश्रा ने उनके सवालों के जवाब देते हुए व्यावहारिक सुझाव दिए।कार्यक्रम की संयोजक डॉ. वंदना श्रीवास्तव ने कार्यशाला का संचालन किया और धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने अतिथियों, संकाय सदस्यों और छात्रों के प्रति आभार जताया।
BHU में 7 साल पुराने जबड़े के ट्यूमर का सफल ऑपरेशन, पैर की हड्डी से बनाया नया जबड़ा
BHU में 7 साल पुराने जबड़े के ट्यूमर का सफल ऑपरेशन, पैर की हड्डी से बनाया नया जबड़ा
वाराणसी: काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के चिकित्सा विज्ञान संस्थान के दंत चिकित्सा विज्ञान संकाय की ओरल एवं मैक्सिलोफेसियल सर्जरी (OMFS) इकाई ने जटिल सर्जरी कर 35 वर्षीय युवक को नई जिंदगी दी। युवक के निचले जबड़े में करीब सात वर्षों से एमेलोब्लास्टोमा ट्यूमर था, जिसके कारण उसके चेहरे की बनावट पूरी तरह बिगड़ गई थी। चिकित्सकों ने ट्यूमर से प्रभावित जबड़े को निकालकर मरीज के पैर की फिबुला हड्डी से नया जबड़ा तैयार किया।लखीमपुर खीरी निवासी युवक लंबे समय से चेहरे की असमानता से परेशान था। सामाजिक रूप से असहज महसूस करने के कारण वह लोगों के बीच जाने से भी हिचकिचाता था। कई जगह उपचार कराने के बावजूद स्थायी राहत नहीं मिलने पर उसे BHU में इलाज की सलाह दी गई।मरीज ने प्रो. अखिलेश कुमार सिंह की OPD में चेहरे पर सूजन और निचले जबड़े में असमानता की शिकायत के साथ संपर्क किया। जांच में निचले जबड़े में बड़ा एमेलोब्लास्टोमा पाया गया, जिसने जबड़े की सामान्य संरचना और चेहरे के आकार को काफी प्रभावित कर दिया था।करीब आठ घंटे चली जटिल सर्जरी में ट्यूमर से पूरी तरह प्रभावित निचले जबड़े के हिस्से को निकाल दिया गया। इसके बाद मरीज के दाहिने पैर से फिबुला हड्डी निकालकर उसे जबड़े के आकार में तैयार किया गया। माइक्रोवैस्कुलर तकनीक की मदद से फिबुला की रक्त वाहिकाओं को गर्दन की रक्त वाहिकाओं से जोड़ा गया, जिससे नए जबड़े में रक्त संचार स्थापित किया जा सके। इस प्रक्रिया को माइक्रोवैस्कुलर फ्री फिबुला फ्लैप रिकंस्ट्रक्शन कहा जाता है।ALSO READ: तिरंगा यात्रा को भव्य और ऐतिहासिक बनाने की तैयारी, भाजपा महानगर कार्यालय में जनप्रतिनिधियों की बैठकसर्जरी का नेतृत्व OMFS इकाई के प्रो. अखिलेश कुमार सिंह ने किया। टीम में प्रो. नरेश कुमार शर्मा, डॉ. श्वेता, डॉ. आशुतोष आर्या, डॉ. अंशु और डॉ. पूनम यादव शामिल रहीं। एनेस्थीसिया विभाग से प्रो. यशपाल सिंह, डॉ. तनवी आनंद और डॉ. दीपक ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।ऑपरेशन BHU ट्रॉमा सेंटर के OMFS ऑपरेशन थिएटर में किया गया। सर्जरी के बाद मरीज के चेहरे की बनावट और समानता लगभग सामान्य हो गई है। उसके पैर में किसी तरह की महत्वपूर्ण कमजोरी नहीं है और वह सामान्य रूप से चल-फिर रहा है। लंबे समय से चेहरे की विकृति के कारण सामाजिक असहजता झेल रहे मरीज में अब आत्मविश्वास भी लौटा है।दंत चिकित्सा विज्ञान संकाय के प्रमुख प्रो. एच.सी. बरनवाल ने इस जटिल और सफल शल्यक्रिया के लिए पूरी चिकित्सकीय टीम को बधाई दी।
तिरंगा यात्रा को भव्य और ऐतिहासिक बनाने की तैयारी, भाजपा महानगर कार्यालय में जनप्रतिनिधियों की बैठक
तिरंगा यात्रा को भव्य और ऐतिहासिक बनाने की तैयारी, भाजपा महानगर कार्यालय में जनप्रतिनिधियों की बैठक
वाराणसी: आगामी तिरंगा यात्रा को भव्य, ऐतिहासिक और प्रभावी बनाने की तैयारियों को लेकर भारतीय जनता पार्टी महानगर की महत्वपूर्ण बैठक शुक्रवार को गुलाब बाग स्थित महानगर कार्यालय में हुई.महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में जनप्रतिनिधियों और पार्टी के प्रमुख पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया.बैठक में तिरंगा यात्रा की तैयारियों, संगठनात्मक सहभागिता, कार्यकर्ताओं की भागीदारी और यात्रा को व्यापक जनसहभागिता से जोड़ने को लेकर विस्तार से चर्चा की गई. पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने स्तर पर सक्रिय भूमिका निभाते हुए यात्रा को सफल बनाने का संकल्प लिया.महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि ने कहा कि तिरंगा देश की एकता, अखंडता, गौरव, त्याग और राष्ट्रभक्ति का प्रतीक है. काशी की पावन धरती से निकलने वाली तिरंगा यात्रा राष्ट्र के प्रति समर्पण और देशभक्ति की भावना को मजबूत करने का काम करेगी.उन्होंने कहा कि यात्रा में समाज के प्रत्येक वर्ग की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी. पार्टी पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, कार्यकर्ता और युवा शक्ति मिलकर इसे जन-जन का अभियान बनाएंगे. उन्होंने कार्यकर्ताओं से व्यापक जनसंपर्क कर अधिक से अधिक लोगों को यात्रा से जोड़ने का आह्वान किया.तिरंगा यात्रा के महानगर संयोजक मधुकर चित्रांश ने यात्रा की तैयारियों और आगामी कार्यक्रमों की जानकारी दी. साथ ही विभिन्न व्यवस्थाओं को लेकर पदाधिकारियों के साथ समन्वय किया गया.ALSO READ:ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत बड़ी सफलता दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग का नामजद आरोपी गिरफ्तारबैठक में क्षेत्रीय अध्यक्ष अशोक चौरसिया, जिला अध्यक्ष राम सकल पटेल, आयुष राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार डॉ. दयाशंकर मिश्र 'दयालु', महापौर अशोक कुमार तिवारी, प्रदेश राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्या, विधायक धर्मेंद्र सिंह, विधायक सौरभ श्रीवास्तव, विधायक नीलकंठ तिवारी समेत पार्टी के अन्य पदाधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे.बैठक के अंत में सभी पदाधिकारियों ने तिरंगा यात्रा को राष्ट्रभक्ति, एकता और जनभागीदारी का भव्य उत्सव बनाने के लिए पूरी ताकत से जुटने का संकल्प लिया.