वाराणसी में बीच गंगा में बंद हुआ बजड़े का इंजन, नौकायन कर रहे लोगों की जान पर बन आई...

वाराणसी : अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर गंगा में नौकायन का आनंद लेने निकले करीब 40 यात्रियों की उस समय जान पर बन आई, जब उनका बजड़ा बीच धारा में अचानक बंद हो गया. घटना रविवार सुबह अस्सी घाट के सामने हुई, जहां तकनीकी खराबी के कारण बजड़े का इंजन काम करना बंद कर दिया. करीब आधा घंटा तक यात्री बीच गंगा में फंसे रहे. बाद में जल पुलिस और अन्य नाविकों की मदद से सभी को सुरक्षित बाहर निकाला गया. इसके बाद यात्रियाें की सांस लौटी.
जानकारी के अनुसार सामने घाट से एक बजड़े पर सवार होकर 40 यात्री गंगा में नौकायन के लिए निकले थे. बजड़ा रविदास घाट से चलकर अस्सी घाट की ओर बढ़ रहा था. इसी दौरान अस्सी घाट के सामने पहुंचते ही उसका इंजन अचानक बंद हो गया. चालक ने इंजन को दोबारा चालू करने की कई बार कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली. इससे बजड़े पर सवार यात्री सहम गए.
घटना की सूचना के बाद जल पुलिस सक्रिय हुई. जल पुलिस प्रभारी सुजीत त्रिपाठी ने बताया कि बजड़ा राजू साहनी का है. पूछताछ में नाविक ने बताया कि स्टार्टर की बैटरी डिस्चार्ज हो जाने के कारण इंजन स्टार्ट नहीं हो पा रहा था. तकनीकी खराबी के चलते बजड़ा बीच गंगा में रुक गया था. स्थिति को देखते हुए अन्य नाविकों को तत्काल मौके पर बुलाया गया. उनकी सहायता से यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया और बजड़े को किनारे तक पहुंचाया गया. राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ और सभी यात्री सुरक्षित रहे.
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रेस्क्यू के दौरान यह भी पाया गया कि कई यात्रियों ने लाइफ जैकेट नहीं पहन रखी थी, जो सुरक्षा मानकों के लिहाज से गंभीर लापरवाही मानी जा रही है. घटना के दौरान मौजूद कुछ लोगों ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया, जिसके बाद मामला चर्चा का विषय बन गया. जल पुलिस प्रभारी ने बताया कि यह पूरी घटना तकनीकी खराबी के कारण हुई थी. बजड़ा संचालक को भविष्य में सुरक्षा मानकों का पालन करने और नियमित रूप से तकनीकी जांच कराने की चेतावनी देकर छोड़ दिया गया है.



