बादलों की सक्रियता बढ़ने से मौसम ने ली अंगड़ाई, पूर्वांचल संग वाराणसी में गिरा पारा
वाराणसी: पूर्वांचल सहित वाराणसी में आधी रात के बाद से अचानक बादलों की सक्रियता बढ़ने के बाद मौसम ने अंगड़ाई ली और देखते ही देखते तेज हवा, गरज चमक के साथ बूंदाबांदी का दौर शुरू हो गया. शुक्रवार की सुबह ठंडी हवाओं का रुख रहा और दोपहर होने तक वातावरण में बादलों की सक्रियता बनी रही. बादलों की आवाजाही के बीच दिन में गर्म हवाओं का असर भी थमा रहा. मौसम विभाग ने अगले चौबीस घंटों तक मौसम का यही रुख बने रहने का अनुमान जताया है.

बादलों और बूंदा बांदी का दिखा असर
सुबह वातावरण में बादलों और बूंदा बांदी का असर घुला रहा. मौसम का रुख बदला तो हवाओं का रुख भी बदला और सुबह ठंंडी हवाओं ने लोगों को राहत दी. मौसम विभाग के अनुमानों के अनुसार आने वाले दिनों में भी मौसम का मिला जुला असर दिख सकता है. हालांकि पारा चढा हुआ है जिससे मौसम का रुख बादलों की ओर हो चला है. वहीं आर्द्रता में पर्याप्त कमी होने की वजह से अधिक बारिश होने की संभावना कम ही है.

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बीते चौबीस घंटों में अधिकतम तापमान 36.0°C दर्ज किया गया जो सामान्य से 1.6 डिग्री अधिक रहा. न्यूनतम तापमान 22.6°C दर्ज किया गया जो सामान्य से 5.5 डिग्री अधिक रहा. पारा सामान्य से अधिक होने की वजह से गर्मी का असर तो अधिक रहा ही है साथ ही आर्द्रता न्यूनतम 40% और अधिकतम 41% होने की वजह से बादलों की सक्रियता के बाद भी पर्याप्त बूंदाबांदी नहीं हो पा रही है. वातावरण में नमी का स्तर बढ़ने पर बादल बूंदाबांदी करा सकते हैं.

फसल नष्ट होने पर यहां दे जानकारी
जिला कृषि अधिकारी वाराणसी संगम सिंह ने बताया कि वर्तमान में हो रही बेमौसम वर्षा/ चक्रवाती वर्षा के कारण जिन किसान भाइयों के फसल में क्षति हुई है, अगर उनके द्वारा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत अपनी फसल का बीमा कराया गया है, तो फसल क्षति के 72 घंटे के अंदर टोल फ्री नंबर-14447 पर सूचना दर्ज करा दें. अगर टोल फ्री नंबर पर सूचना देने में किसी प्रकार की कठिनाई हो रही हो तो जिला कृषि अधिकारी या उप कृषि निदेशक कार्यालय में लिखित रूप से सूचना दे दे, जिससे नियमानुसार फसल बीमा कंपनी के माध्यम से क्षतिपूर्ति प्रदान कराया जा सके.



