Daily Bulletin Tag
AI गार्गी दैनिक बुलेटिन

यूपी का सबसे ठंडा शहर बना 'वाराणसी', आंधी-बारिश का यलो अलर्ट

यूपी का सबसे ठंडा शहर बना 'वाराणसी', आंधी-बारिश का यलो अलर्ट
May 01, 2026, 05:33 AM
|
Posted By Preeti Kumari

Varanasi becomes the coldest city in Uttar Pradesh, yellow alert issued for thunderstorm and rain


देशभर में इन दिनों मौसम का मिजाज काफी बदलता नजर आ रहा है. वाराणसी की काशी नगरी लगातार दूसरे दिन भी बारिश और तेज हवा की चपेट में रही. वहीं बुधवार को आई आंधी से शहर अभी तक पूरी तरह उबर नहीं सका है, बीते 36 घंटे में पारा 30.3 डिग्री सेल्सियस से ऊपर नहीं जा सका, बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 30.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 9.9 डिग्री नीचे रहा, वहीं न्यूनतम तापमान 22.8 डिग्री सेल्सियस रहा. बनारस का मौसम पूरे प्रदेश में शीतल सुहाना हो गया, मौसम विज्ञान विभाग का पूर्वानुमान है कि अब शुक्रवार से तापमान में धीरे-धीरे वृद्धि होगी और अगले तीन-चार दिनों में यह 4-5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ेगा. इसके बाद चार या पांच मई के बाद फिर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में बदलाव आएगा और बादल बुन्नी का वातावरण बनेगा, इस तरह अगले सप्ताह में भी लू के प्रचंड कहर से राहत मिलने की पूरी संभावना है.


po


धूल भरी आंधी के साथ तेज बारिश की संभावना


वहीं हवा के झोके इतने तेज थे कि 15 से 25 किलोमीटर प्रति घंटे के बीच रही. बीते 24 घंटे में 11 मिलीमीटर बारिश हुई, वाराणसी में 4 और 5 मई को दोबारा बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है, बिजली चमकने और धूल भरी आंधी के साथ तेज बारिश की संभावना जताई गई है, 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चल सकती है, बृहस्पतिवार को सुबह आठ बजे से ही धूप धुंधली होने लगी और 9 बजे तक अंधेरा छा गया, बादलों की गर्जना के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई. बीच-बीच में रुक-रुककर कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होती रही, हालांकि दोपहर में हल्की धूप की भी झलक दिखी, बुधवार को साढ़े तीन बजे के बाद गिरा पारा बृहस्पतिवार को शाम चार बजे तक 28 डिग्री को भी पार नहीं कर सका.


;


109 किमी प्रति घंटा के वेग से आई आंधी


जानकारी के मुताबिक, बीते एक दिन पहले 109 किमी प्रति घंटा के वेग से आई आंधी और कुल 11.4 मिमी वर्षा के बाद बीते गुरुवार की सुबह भी तेज गरज के साथ पड़ी हल्की फुहारों ने 0.5 मिमी पानी गिराया. सुबह से दोपहर तक बादलों का साया बना रहा, दोपहर बाद धूप खिली लेकिन उसमें नरमाहट बनी रही, वर्षा के चलते मौसम में पर्याप्त आर्द्रता से तापमान में तेजी से गिरावट आई और 24 घंटे में अधिकतम तापमान ने 11.3 डिग्री सेल्सियस का गोता लगाया. यह सामान्य से लगभग 10 डिग्री नीचे 30.3 डिग्री सेल्सियस पर आ गया. न्यूनतम तापमान भी सामान्य से 1.2 डिग्री सेल्सियस नीचे 22.8 पर रहा और बनारस का मौसम पूरे प्रदेश में शीतल सुहाना हो गया.


l;kljhuop


लू का खतरा अभी टला, पुरवा मजबूत


आपको बता दें, इस बिगड़ते मौसम को देखते हुए यूपी के आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ विज्ञानी डॉ. अतुल कुमार सिंह ने बताया कि प्रदेश में आंधी-तूफान के साथ हुई बारिश से तापमान में 12 डिग्री सेल्सियस तक की कमी आई है, इससे लू की स्थितियां फिलहाल समाप्त हो गई हैं, उन्होंने बताया कि उत्तरी पाकिस्तान और उससे लगे जम्मू-कश्मीर के आसपास चक्रवात के रूप में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है, वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में पुरवा हवा का भी प्रभाव बना हुआ है. मई के शुरुआती 2-3 दिनों में प्रदेश में जारी बेमौसम बारिश में कमी आ सकती है, जिससे तापमान में 4 से 6 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है. वहीं 4-5 मई को अगले पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से फिर से बारिश बढ़ने और तापमान में गिरावट आने की संभावना है, आगामी सप्ताह में लू से राहत मिलने की उम्मीद है.


kjhuio


जीएसटी की डिप्‍टी कमिश्‍नर 50 हजार रश्वित लेते रंगे हाथ गिरफ्तार, महिला दरोगा से उलझी...
जीएसटी की डिप्‍टी कमिश्‍नर 50 हजार रश्वित लेते रंगे हाथ गिरफ्तार, महिला दरोगा से उलझी...
वाराणसी : फाइल निस्‍तारण के लिए 50 हजार रुपये रिश्‍वत लेते विजिलेंस टीम ने जीएसटी की डिप्टी कमिश्नर (उपायुक्त) अंबिका सिंह को बुधवार शाम चेतगंज स्थित एक रेस्टोरेंट के पास रंगेहाथ गिरफ्तार किया. इस मामले में केस दर्ज कर लिया गया है. आरोप है कि उन्होंने एक उद्यमी की जीएसटी संबंधी फाइल पास करने के एवज में रिश्वत मांगी थी. गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस ने अंबिका सिंह से कोतवाली स्थित महिला थाने में पूछताछ की. इस दौरान चेतगंज में गिरफ्तारी के समय वह विजिलेंस की महिला दरोगा से उलझने के साथ राहगीरों से बचाने की गुहार लगाती रहीं लेकिन पुलिसकर्मियों की सख्ती के बाद शांत हो गईं. अंबिका सिंह फतेहपुर जिले के धाता थाना क्षेत्र की निवासी हैं.उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान, वाराणसी सेक्टर के पुलिस अधीक्षक ने बताया कि भेलूपुर थाना क्षेत्र के बजरडीहा लखरांव निवासी तथा ब्लैक स्मिथ इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक अजय कुमार मौर्य ने शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत के अनुसार, उनकी कंपनी के फरवरी 2023 के रिटर्न और राज्य जीएसटी के आकलन से संबंधित फाइल के निस्तारण के लिए सेक्टर-6 की डिप्टी कमिश्नर अंबिका सिंह 50 हजार रुपये की रिश्वत मांग रही थीं. शिकायतकर्ता का आरोप था कि फाइल सही होने के बावजूद उसमें अनावश्यक खामियां निकाली जा रही थीं.ALSO READ:जनजातीय शिक्षा को नई दिशा, जनजातीय कार्य मंत्रालय और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय के बीच एमओयू...शिकायत मिलने के बाद सतर्कता अधिष्ठान ने गोपनीय जांच कराई. जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया. बुधवार शाम चेतगंज स्थित दादा रेस्टोरेंट के पास जैसे ही अंबिका सिंह ने शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये वाला लिफाफा लिया, पहले से मौजूद महिला पुलिसकर्मियों और विजिलेंस टीम ने उन्हें पकड़ लिया.गिरफ्तारी के दौरान उन्होंने शोर मचाया और महिला पुलिसकर्मियों से उलझने का भी प्रयास किया. उनके खिलाफ विजिलेंस थाना, वाराणसी सेक्टर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम सहित अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है.
जनजातीय शिक्षा को नई दिशा, जनजातीय कार्य मंत्रालय और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय के बीच एमओयू...
जनजातीय शिक्षा को नई दिशा, जनजातीय कार्य मंत्रालय और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय के बीच एमओयू...
वाराणसी : जनजातीय समाज की शिक्षा, संस्कृति और कौशल विकास को बढ़ावा देने की दिशा में जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार और सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय, वाराणसी के बीच बुधवार को एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए. नई दिल्ली स्थित जनजातीय कार्य मंत्रालय में आयोजित कार्यक्रम में यह समझौता मंत्रालय की सचिव रंजना चोपड़ा और विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा की उपस्थिति में संपन्न हुआ.इस एमओयू के तहत विश्वविद्यालय, विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के मानकों के अनुरूप जनजातीय क्षेत्रों के लिए विशेष सर्टिफिकेट और डिप्लोमा पाठ्यक्रम तैयार करेगा. इन पाठ्यक्रमों में जनजातीय संस्कृति, मातृभाषा, पारंपरिक ज्ञान, कौशल विकास और रोजगारोन्मुख शिक्षा का समावेश किया जाएगा, ताकि जनजातीय युवाओं को आधुनिक शिक्षा के साथ उनकी सांस्कृतिक पहचान भी मजबूत हो सके.कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने कहा कि यह समझौता जनजातीय समाज के उज्ज्वल भविष्य और विकसित भारत के निर्माण की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 की भावना के अनुरूप यह पहल स्थानीय संस्कृति, भारतीय ज्ञान परंपरा और कौशल आधारित शिक्षा को बढ़ावा देगी.उन्होंने विश्वास जताया कि इन पाठ्यक्रमों के माध्यम से जनजातीय युवाओं में नेतृत्व क्षमता, आत्मनिर्भरता, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रबोध की भावना विकसित होगी तथा वे देश के विकास में प्रभावी भूमिका निभा सकेंगे.ALSO READ:रेलवे कर्मचारी ने रची लूट की फर्जी कहानी, कर्ज से बचने के लिए किया था षड्यंत्र...इस अवसर पर मंत्रालय के संयुक्त सचिव अनंत प्रकाश पांडेय, निदेशक दीपाली मसीर्कर सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे. यह पहल जनजातीय समुदायों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, समान अवसर और सांस्कृतिक सम्मान प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है.
रेलवे कर्मचारी ने रची लूट की फर्जी कहानी, कर्ज से बचने के लिए किया था षड्यंत्र...
रेलवे कर्मचारी ने रची लूट की फर्जी कहानी, कर्ज से बचने के लिए किया था षड्यंत्र...
वाराणसी: सिगरा थाना क्षेत्र में ₹2.10 लाख की लूट की सूचना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया. हालांकि पुलिस की त्वरित जांच और सीसीटीवी फुटेज की पड़ताल में मामला पूरी तरह फर्जी निकला. पूछताछ में रेलवे कर्मचारी ने खुद स्वीकार किया कि उसने कर्जदाताओं से बचने के लिए लूट की झूठी कहानी रची थी.पुलिस के अनुसार, सिवान (बिहार) निवासी अमित कुमार श्रीवास्तव, जो रेलवे विभाग में कार्यरत हैं और वर्तमान में चंदवा, चित्तूपुर (थाना सिगरा) में किराये के मकान में रहते हैं, ने सूचना दी कि वह 15 जुलाई को अपने आवास से ₹2.10 लाख लेकर बुलेट मोटरसाइकिल से महमूरगंज स्थित बैंक में जमा करने जा रहे थे. इसी दौरान लोको कॉलोनी के पास प्लैटिना बाइक सवार तीन बदमाशों ने चाकू मारकर रुपये लूट लिए.सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक सिगरा, थाना पुलिस और एसओजी टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, आसपास के कैमरों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तथा परिजनों से पूछताछ की. जांच में शिकायतकर्ता के बयान और सीसीटीवी फुटेज में कई विरोधाभास सामने आए.ALSO READ:प्रोफेसर विजयनाथ मिश्र ने ने किया ओपन-स्पेस ग्रुप प्रदर्शनी का उद्घाटनकड़ाई से पूछताछ करने पर अमित कुमार श्रीवास्तव ने स्वीकार किया कि उन्होंने कई लोगों से कर्ज लिया था. कर्जदाताओं के दबाव से बचने और उन्हें यह विश्वास दिलाने के लिए कि उनके रुपये लूट लिए गए हैं, उन्होंने लूट की झूठी कहानी गढ़ी थी ताकि कोई उनसे पैसे की मांग न करे.पुलिस की सतर्कता और त्वरित जांच के चलते कुछ ही समय में फर्जी लूट की साजिश का खुलासा हो गया. पुलिस मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई कर रही है.