हत्या मामले में इनामी बदमाश गिरफ्तार, STF को मिली सफलता

वाराणसी: थाना बड़ागांव में हत्या के मामले में वांछित 50,000 रुपये के पुरस्कार घोषित शातिर बदमाश दीपक यादव उर्फ कन्हैया उर्फ पहलवान को स्पेशल टास्क फोर्स की स्थानीय यूनिट ने वाराणसी से गिरफ्तार किया है. दीपक यादव, पुत्र राम अवध यादव, निवासी पलकहा, थाना चौबेपुर, वाराणसी का निवासी है और घटना के बाद से फरार चल रहा था. पुलिस ने इस मामले में अब तक छह बदमाशों को गिरफ्तार किया है जबकि दीपक की सरगर्मी से तलाश की जा रही थी. एसटीएफ ने उसे बड़ागांव थाने में दाखिल किया गया है. स्थानीय पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है.

अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश
उत्तर प्रदेश एसटीएफ द्वारा फरार/पुरस्कार घोषित अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए विभिन्न इकाइयों और टीमों को निर्देशित किया गया था. इस क्रम में शैलेश प्रताप सिंह, पुलिस उपाधीक्षक, एसटीएफ वाराणसी के पर्यवेक्षण में निरीक्षक अमित श्रीवास्तव ने अपनी टीम के साथ सूचना संकलन की कार्रवाई की. सूचना संकलन के दौरान, दीपक यादव के वाराणसी और आस-पास के क्षेत्रों में छिपे होने की जानकारी प्राप्त हुई. इस सूचना के आधार पर, उप निरीक्षक अंगद सिंह यादव और उप निरीक्षक विनय मौर्य की अगुवाई में एसटीएफ की टीम ने धरातलीय सूचना संकलन किया. विश्वस्त सूत्रों से ज्ञात हुआ कि दीपक यादव चोलापुर थाना क्षेत्र के ग्राम जमुनीपुर के पास मौजूद है.

आरोपी दीपक यादव गिरफ्तार
टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मुखबिर द्वारा बताए गए स्थान पर पहुंचकर दीपक यादव को गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ में पता चला कि दीपक यादव एक मनबढ़ अपराधी है, जिसके खिलाफ पूर्व में थाना चौबेपुर में मारपीट के दो मुकदमे दर्ज हैं. पुलिस के अनुसार बीते वर्ष दिसंबर माह में अभिषेक यादव अपने साथी रामू यादव के साथ मोटरसाइकिल से जा रहे थे, तभी दयालपुर के पास 6-7 लोगों ने उन पर हमला कर दिया.

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इस हमले में गोली लगने से रामू यादव गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में उनकी मृत्यु हो गई. इस संबंध में थाना बडागांव पर मुकदमा पंजीकृत किया गया था, जिसमें पहले ही छह अभियुक्त गिरफ्तार किए जा चुके हैं. दीपक यादव घटना के बाद से फरार था और पुलिस द्वारा उस पर 50000 रुपये का पुरस्कार घोषित किया गया था. उसकी गिरफ्तारी से वाराणसी पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है, जिससे क्षेत्र में अपराध नियंत्रण में मदद मिलेगी.



