150 वाहनों के काफिले के साथ निकला मदहे सहाबा का जुलूस, ‘सरकार की आमद मरहबा’ से गूंजा शहर

वाराणसी. ईद मिलादुन्नबी के मौके पर बुधवार को शहर में मदहे सहाबा का जुलूस निकाला गया। करीब 150 वाहनों के काफिले के साथ रेवड़ी तालाब से शुरू हुआ जुलूस जैसे-जैसे आगे बढ़ा, रास्ते में अकीदतमंदों की भीड़ जुड़ती गई। जुलूस में शामिल लोगों ने नात और धार्मिक नारों के जरिए अपनी आस्था का इजहार किया। ‘सरकार की आमद मरहबा’ के नारों से शहर की सड़कें गूंजती रहीं।
जुलूस में बड़ी संख्या में युवा, बुजुर्ग और बच्चे शामिल हैं। वाहनों को झंडों और धार्मिक प्रतीकों से सजाया गया है। रास्ते में जगह-जगह लोग जुलूस को देखने के लिए खड़े नजर आए। ईद मिलादुन्नबी को लेकर पहले से की गई सजावट ने भी माहौल को खास बना दिया है।

रेवड़ी तालाब से बेनियाबाग तक जाएगा काफिला
मदहे सहाबा का जुलूस रेवड़ी तालाब से शुरू होकर भेलूपुर, मदनपुरा, जंगमबाड़ी, गोदौलिया, बांसफाटक, चौक, नीचीबाग, मैदागिन, लोहटिया, कबीरचौरा और पियरी होते हुए बेनियाबाग पहुंचेगा। आयोजकों के अनुसार जुलूस के करीब 10 बजे तक बेनियाबाग पहुंचने की संभावना है।
शहर के प्रमुख बाजारों और व्यस्त इलाकों से जुलूस गुजरने के कारण रास्ते में लोगों की आवाजाही भी प्रभावित हो रही है। हालांकि, पुलिसकर्मी प्रमुख चौराहों और जुलूस के मार्ग पर व्यवस्था संभाल रहे हैं।
एक हजार सुरक्षाकर्मियों की तैनाती, ड्रोन से निगरानी
जुलूस को लेकर पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार ने बताया कि जुलूस के पूरे रास्ते में करीब एक हजार सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। संवेदनशील इलाकों को चिन्हित कर वहां अतिरिक्त पुलिस फोर्स लगाई गई है।
उन्होंने बताया कि जुलूस की निगरानी ड्रोन कैमरों से भी की जा रही है। पुलिस अधिकारी लगातार पूरे रूट पर नजर बनाए हुए हैं। जुलूस के आयोजकों से भी प्रशासन की ओर से निर्धारित नियमों का पालन करने और व्यवस्था बनाए रखने की अपील की गई है।
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दलमंडी से पीलीकोठी तक रोशनी से सजी सड़कें
ईद मिलादुन्नबी को लेकर दलमंडी, नई सड़क, बेनिया, लोहता, सरैया, ककरमत्ता, मदनपुरा, रेवड़ी तालाब और पीलीकोठी समेत कई इलाकों में आकर्षक सजावट की गई है। नई सड़क पर रंग-बिरंगी झालरों और रोशनी से की गई सजावट लोगों का ध्यान खींच रही है।
बारिश के बाद जुलूस देर से रवाना हुआ, लेकिन मौसम की चुनौती भी अकीदतमंदों के उत्साह को कम नहीं कर सकी। जुलूस में शामिल लोग पूरे उत्साह के साथ आगे बढ़ रहे हैं। बुजुर्गों के साथ युवाओं और बच्चों की मौजूदगी ने आयोजन को नई पीढ़ी की भागीदारी का भी रंग दिया। धार्मिक नारों, सजी हुई गलियों और वाहनों के काफिले के बीच शहर में ईद मिलादुन्नबी की रौनक नजर आ रही है।



