बीएचयू के फिएस्टा-2026 का दूसरा दिन सांस्कृतिक रंगों से सराबोर, छात्रों और शिक्षकों ने दिखाई प्रतिभा...

वाराणसी: काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के अंग्रेजी विभाग एवं अंतर-सांस्कृतिक अध्ययन केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित फिएस्टा-2026 के दूसरे दिन परिसर में उत्साह रचनात्मकता और सांस्कृतिक विविधता का अनूठा संगम देखने को मिला. कार्यक्रम में विभाग के शिक्षकों और विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया.
कार्यक्रम की शुरुआत आयशा और उनकी टीम द्वारा प्रस्तुत झारखंडी झूमर नृत्य से हुई. इस प्रस्तुति में आदिवासी संस्कृति, प्रकृति से उनके गहरे जुड़ाव और पारंपरिक जीवनशैली को आकर्षक ढंग से मंच पर जीवंत किया गया.
इसके बाद पीएचडी और एम.ए. के विद्यार्थियों के बीच आयोजित ट्रेजर हंट प्रतियोगिता में एम.ए. की टीम विजेता रही. प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने टीमवर्क, सूझबूझ और रचनात्मक सोच का परिचय दिया.
फिएस्टा के दूसरे दिन का मुख्य आकर्षण ओपन माइक रहा, जिसमें छात्रों और शिक्षकों ने कविता, गायन और नृत्य के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया. शोध छात्रा मोमिता मंडल ने एकल नृत्य के जरिए विश्व शांति का संदेश दिया, जबकि शोध छात्रा सोनाली ने बालिका भ्रूण हत्या के विरोध में भोजपुरी लोकगीत प्रस्तुत कर सामाजिक जागरूकता का संदेश दिया.
सत्र के दौरान विकास, मानवी, सोनाली कुमारी, तन्मय और मधुरजॉय ने अपने मधुर गीतों से दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया. वहीं लिटरेरी शैरेड प्रतियोगिता में भी बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भाग लिया.
ALSO READ:भारत कला भवन में शुरू हुई कलाकार सुभाष चन्द्र की एकल चित्र प्रदर्शनी, चित्रों में दिखा जीवन, मृत्यु और मुक्ति का दर्शन...
कार्यक्रम में डॉ. विपिन ने अपनी प्रभावशाली कविता-पाठ से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया, जबकि प्रो. देवेंद्र ने अपने सुमधुर गायन से माहौल को संगीतमय बना दिया. इसके अलावा काव्य-पाठ, नृत्य और अन्य साहित्यिक एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने पूरे आयोजन को यादगार बना दिया.
इस अवसर पर अंग्रेजी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. संजय कुमार, प्रो. अर्चना कुमार सहित विभाग के कई शिक्षक उपस्थित रहे और प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया.
फिएस्टा-2026 का दूसरा दिन विद्यार्थियों की रचनात्मकता, सांस्कृतिक विविधता और सामूहिक सहभागिता का शानदार उदाहरण बनकर सामने आया. प्रतिभागियों के उत्साह और दर्शकों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को सफल और यादगार बना दिया.



