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रोहनिया में लगा दिशा सूचक बोर्ड, अब आसानी से पहुंच सकेंगे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम

रोहनिया में लगा दिशा सूचक बोर्ड, अब आसानी से पहुंच सकेंगे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम
Aug 18, 2026, 05:47 AM
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Posted By Niharika dwivedi

वाराणसी: रोहनिया बाजार-गंगापुर मार्ग पर लोक निर्माण विभाग ने नया दिशा सूचक बोर्ड स्थापित किया है, बोर्ड लगने से रोहनिया स्थित अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम तक पहुंचने वाले खिलाड़ियों, दर्शकों और बाहर से आने वाले लोगों को रास्ता तलाशने में सहूलियत होगी.


दिशा सूचक बोर्ड पर प्रमुख स्थानों की दूरी और उनकी ओर जाने वाले मार्ग की जानकारी दी गई है. इसके अनुसार रोहनिया अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम की दूरी 7.80 किलोमीटर, गंगापुर की 5.80 किलोमीटर, मोहनसराय की 8.30 किलोमीटर, वाराणसी रिंग रोड की 8.70 किलोमीटर, वाराणसी कैंट की 7 किलोमीटर और काशी विश्वनाथ धाम की दूरी 13 किलोमीटर दर्शाई गई है, वहीं प्रयागराज की दूरी 117 किलोमीटर बताई गई है.


स्थानीय लोगों के मुताबिक स्टेडियम तक पहुंचने के लिए पहले स्पष्ट दिशा संकेत नहीं होने के कारण बाहर से आने वाले खिलाड़ी और दर्शक कई बार रास्ता भटक जाते थे, बिजली विभाग के कर्मचारी मनीष सिंह ने बताया कि स्टेडियम का रास्ता स्पष्ट नहीं होने से लोगों को परेशानी होती थी. अब दिशा सूचक बोर्ड लगने से यह समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी.


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लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के अनुसार, सरकार के निर्देश पर प्रमुख खेल स्थलों और सुविधाओं तक लोगों की पहुंच आसान बनाने के लिए दिशा सूचक बोर्ड लगाए जा रहे हैं, आने वाले समय में अन्य प्रमुख खेल मैदानों और स्थलों के लिए भी ऐसे बोर्ड लगाए जाएंगे.


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दिशा सूचक बोर्ड लगाए जाने से ग्रामीणों और युवा खिलाड़ियों में भी खुशी है, लोगों ने लोक निर्माण विभाग के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि इससे स्टेडियम तक पहुंचने में समय की बचत होगी और बाहर से आने वाले खिलाड़ियों व दर्शकों को रास्ता तलाशने में सुविधा मिलेगी.

बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता, वैभवी यादव ने हासिल किया प्रथम स्थान.
बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता, वैभवी यादव ने हासिल किया प्रथम स्थान.
वाराणसी: बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में राजभाषा पखवाड़ा के तहत मंगलवार को बरेका इंटर कॉलेज में हिन्दी वाक् प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। महाप्रबंधक आशुतोष पंत के दिशा-निर्देशन में आयोजित प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में हिन्दी भाषा के प्रति रुचि बढ़ाने और राजभाषा हिन्दी के प्रचार-प्रसार को प्रोत्साहित करना रहा।कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के समन्वयक धर्मवीर सिंह, वरिष्ठ अनुवादक गुरुराजन और शिक्षक-शिक्षिकाओं ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रतियोगिता में कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।प्रतियोगिता के लिए ‘अनेकता में एकता की संवाहक हिन्दी’ और ‘हिन्दी केवल एक भाषा नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति की आत्मा है’ विषय निर्धारित किए गए थे। विद्यार्थियों ने अपने वक्तव्यों में हिन्दी भाषा की सामर्थ्य, आत्मीयता, संस्कृति और संस्कारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। इस दौरान तुलसीदास, कबीरदास, मुंशी प्रेमचंद और भारतेन्दु हरिश्चंद्र जैसी हिन्दी साहित्य की विभूतियों का भी स्मरण किया गया।विद्यालय के समन्वयक धर्मवीर सिंह ने हिन्दी के बढ़ते वैश्विक प्रभाव पर प्रकाश डाला। उन्होंने हाल ही में आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन के संदर्भ में विभिन्न राष्ट्राध्यक्षों द्वारा हिन्दी गीतों के उल्लेख का जिक्र किया। शिक्षिका करुणा सिंह ने हिन्दी कविता प्रस्तुत की।प्रतियोगिता में भूगोल प्रवक्ता विकास कुमार पाण्डेय और हिन्दी शिक्षक उमैर अहमद अंसारी ने निर्णायक की भूमिका निभाई। उन्होंने विद्यार्थियों का मूल्यांकन प्रस्तुतीकरण, विषय-वस्तु और अभिव्यक्ति के आधार पर किया।ALSO READ: रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..परिणाम में कक्षा 11-‘अ’ की छात्रा वैभवी यादव ने प्रथम, कक्षा 10-‘अ’ के छात्र अनमोल प्रजापति ने द्वितीय और कक्षा 9-‘ब’ के छात्र उत्कर्ष केशरी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।कार्यक्रम का संचालन हिन्दी शिक्षिकाएं शालिनी उपाध्याय और वंदना शुक्ला ने किया। आयोजन को सफल बनाने में राकेश चौधरी और करुणा सिंह का विशेष योगदान रहा।
रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..
रामनगर चौक से किला रोड तक अतिक्रमण को लेकर पुलिस ने स्ट्रीट वेंडरों के साथ की बैठक..
वाराणसी। रामनगर में सड़क और पाथवे पर दुकानें व ठेले लगाने से होने वाली यातायात संबंधी परेशानियों को लेकर पुलिस ने मंगलवार को स्ट्रीट वेंडरों के साथ बैठक की। थाना रामनगर में प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार मिश्रा ने रामनगर चौक चौराहा से किला रोड तक सब्जी, फल, चाट, चाउमीन, फास्ट फूड, चाय-नमकीन आदि के ठेले लगाने वाले दुकानदारों और पाथवे पर दुकान लगाने वाले स्ट्रीट वेंडरों को बुलाकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।बैठक के दौरान प्रभारी निरीक्षक ने वेंडरों से कहा कि सड़क पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न किया जाए। ठेले और दुकान इस तरह लगाए जाएं, जिससे सड़क पर आवागमन प्रभावित न हो और पैदल चलने वाले लोगों को भी परेशानी का सामना न करना पड़े।पुलिस ने वेंडरों को यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने और निर्धारित स्थान पर ही दुकान लगाने की अपील की। साथ ही स्पष्ट किया कि सड़क और पाथवे पर इस तरह सामान न फैलाया जाए, जिससे आने-जाने वाले लोगों को परेशानी हो।पुलिस के अनुसार बैठक का उद्देश्य रामनगर चौक से किला रोड तक यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखना और आम लोगों के आवागमन में किसी तरह की बाधा को रोकना है।ALSO READ: जलस्तर घटने के बाद मणिकर्णिका घाट पर की गई सफाई, गंगा की तलहटी से निकाले करीब 100 किलो कपड़े...
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वाराणसी : गंगा का जलस्तर घटने के बाद मंगलवार को मणिकर्णिका घाट पर बड़े पैमाने पर नगर निगम वाराणसी द्वारा सफाई अभियान चलाया गया, जिसके तहत नदी की तलहटी से लगभग 100 किलो छोड़े गए कपड़े और कचरा निकाला गया है. बाढ़ का पानी उतरने के बाद नमामि गंगे काशी क्षेत्र के संयोजक व नगर निगम के स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर राजेश शुक्ला एवं उनकी टीम तथा नगर निगम ने इस विशेष अभियान को अंजाम दिया, ताकि नदी के पारिस्थितिक तंत्र और जलीय जीवन को नुकसान से बचाया जा सके.मणिकर्णिका घाट की तलहटी और किनारों से निकाले गए इन कपड़ों और पॉलिथीन को इकट्ठा करके बाहर निकाला गया. नमामि गंगे और नगर निगम प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे स्नान या अनुष्ठान के बाद अपने कपड़े नदी में न छोड़ें. गंगा सेवक राजेश शुक्ला ने बताया कि गंगा में बाढ़ आने और फिर जलस्तर घटने के बाद घाटों पर भारी मात्रा में सिल्ट (गाद), प्लास्टिक और आस्था के नाम पर छोड़े गए पुराने कपड़े जमा हो जाते हैं. गंगा तटों और जल में स्नान के बाद पुराने कपड़े, पॉलिथीन या पूजन सामग्री न छोड़ने की लगातार अपील की जा रही है ताकि मां गंगा को प्रदूषण से बचाया जा सके.उन्होंने कहा कि गंगा नदी हमारी जीवनदायिनी नहीं है, बल्कि यह हमारी संस्कृति और पहचान का हिस्सा भी है. इसे स्वच्छ और अविरल बनाए रखने के लिए सरकार के प्रयासों के साथ-साथ नागरिकों का सक्रिय योगदान और जिम्मेदारी सबसे महत्वपूर्ण है. श्रमदान के दौरान नगर निगम के स्वच्छता कर्मचारी मौजूद रहे.ALSO. READ :सोलर कारोबारी लूटकांड में एक और गिरफ्तार, रॉड से हमला कर लूटे थे नकदी-मोबाइल