मनीष सिंह हत्याकांड : फूलपुर में जनप्रतिनिधियों और संगठनों के लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी...

वाराणसी : फूलपुर थाना क्षेत्र के घमहापुर-भरथरा गांव निवासी मनीष सिंह हत्याकांड को लेकर सियासी घमासान मचा हुआ है. घटना के बाद से गांव में राजनीतिल दलों , जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों के लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी है. हर दिन लोग पहुंचकर शाेक संवेदना और सांत्वना दे रहे हैं. सभी की मांग एक ही रही कि हत्यारोपियों की गिरफ्तारी हो और मृतक के परिवार को उचित मुआवजा मिले. घटना के बाद सात दिनों में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय, जौनपुर के पूर्व सांसद धनंजय सिंह, पिंडरा विधायक अवधेश सिंह, सैय्यदराजा विधायक सुशील सिंह और रोहनिया विधायक सुनील पटेल रहे. इसके अलावा चंदौली के सपा सांसद वीरेंद्र सिह, जौनपुर के एमएलसी ब्रिजेश सिंह प्रिंशु, एमएलसी हंसराज विश्वकर्मा, एमएलसी विनीत सिंह, पूर्व एमएलसी अन्नपूर्णा सिंह और पूर्व एमएलसी ब्रिजेश सिंह भी गांव पहुंचे.

वहीं सैय्यदराजा के पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्लू, समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष सुजीत यादव लक्कड़ और वीडीए बोर्ड सदस्य अंबरीष सिंह भोला समेत कई सामाजिक संगठनों और व्यापारियों ने भी परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की. लगातार हो रही राजनीतिक आवाजाही से यह मामला अब केवल आपराधिक घटना न रहकर राजनीतिक मुद्दा भी बनता जा रहा है. गांव में अभी भी तनाव और चर्चा का माहौल बना हुआ है.
सांसद वीरेंद्र सिंह ने सरकार पर निशाना साधा
इस पूरे मामले को लेकर आज परिजनों से मिलने पहुंचे समाजवादी पार्टी के चंदौली के सांसद वीरेंद्र सिंह ने यूपी सरकार पर जमकर निशाना साधा. आरोपियों को लेकर सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा कि राजभर समाज से होने के कारण आरोपियों को कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर और मंत्री अनिल राजभर का प्रश्रय होने की चर्चा चल रही है. ऐसे में न्याय की अपेक्षा क्या करेंगे लेकिन पुलिस का कहना है कि आज सरेंडर करवाएंगे. अगर ऐसा होता है तो साफ है कि आरोपियों की सरकार के मंत्रियों से मिलीभगत है. कहा कि आरोपियों को ऐसी सजा मिले जिससे उन्हें तगडा सबक मिले.
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करणी सेना के अध्यक्ष ने कही ये बात
हत्याकाण्ड के सात दिन बीत जाने के बाद परिजनों से मिलने पहुंचे करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष वीर प्रताप सिंह वीरू ने कहा कि अपराधियों का एनकाउंटर होना चाहिए. पुलिसिया कार्रवाई पर प्रश्न चिन्ह खड़ा करते हुए उन्होंने साफ तौर पर कहा कि सात दिन बीत जाने के बाद भी अभी तक आरोपी जो है वो पकड़े नहीं गए , ये सरकार कि विफलता है. यहां का शासन और प्रशासन पुरी तरह से इस मामले पर फेल है. पुलिस आरोपियों को सख्त कार्रवाई नहीं की तो हम आगे बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होंगे.
जिला अध्यक्ष के नेतृत्व मे करणी सेना की टीम ने DCP वरुणा जोन प्रमोद कुमार को ज्ञापन देते हुए हत्याकांड में सम्मिलित सभी आरोपियों पर रासुका लगाने, फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई कराने और फांसी की सजा सुनिश्चित कराने की मांग की. ताकि भविष्य में इस प्रकार के अपराध की पुनरावृत्ति न हो सके.



