Daily Bulletin Tag
AI गार्गी दैनिक बुलेटिन

नागरीप्रचारिणी सभा का 133वां स्थापना दिवस 15 से 18 जुलाई तक, साहित्य-संगीत और कला का होगा भव्य संगम

नागरीप्रचारिणी सभा का 133वां स्थापना दिवस 15 से 18 जुलाई तक, साहित्य-संगीत और कला का होगा भव्य संगम
Jul 11, 2026, 08:37 AM
|
Posted By Diksha Mishra


वाराणसी: हिंदी भाषा, साहित्य और भारतीय सांस्कृतिक विरासत की ऐतिहासिक संस्था नागरीप्रचारिणी सभा अपने 133वें स्थापना दिवस के अवसर पर 15 से 18 जुलाई तक त्रिदिवसीय वार्षिकोत्सव का आयोजन करेगी। चार दिनों तक चलने वाले इस उत्सव में साहित्य, संगीत, कला, युवा संवाद और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की विविध श्रृंखला आयोजित होगी। इसमें देश के प्रतिष्ठित साहित्यकार, कलाकार, संगीतज्ञ, शिक्षाविद और युवा रचनाकार भाग लेंगे।


कार्यक्रम की शुरुआत 15 जुलाई की सुबह नागरीप्रचारिणी सभा परिसर से क्वींस कॉलेज तक निकाली जाने वाली पदयात्रा से होगी। यह पदयात्रा संस्था की गौरवशाली यात्रा और हिंदी के प्रति उसके योगदान को समर्पित होगी।


16 जुलाई को युवाओं के लिए 'मैं हृदय की बात' विषय पर ओपन माइक का आयोजन किया जाएगा। इसी दिन आचार्य महावीर प्रसाद द्विवेदी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर आधारित प्रदर्शनी तथा नागरीप्रचारिणी सभा के इतिहास को दर्शाने वाली प्रदर्शनी का उद्घाटन होगा। उद्घाटन समारोह में राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र के अध्यक्ष रामबहादुर राय, आचार्य मिथिलेशनंदिनीशरण, वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा तथा प्रो. कृपाशंकर चौबे सहित कई विशिष्ट अतिथि शामिल होंगे।


शाम को कथक नृत्य, पखावज वादन और पद्मभूषण पंडित साजन मिश्र एवं स्वरांश मिश्र का शास्त्रीय गायन आकर्षण का केंद्र रहेगा।


ALSO READ: अज्ञात वाहन की टक्‍कर से बाइक सवार युवक की मौत, परवार में मातम



17 जुलाई को भारत कला भवन एवं नागरीप्रचारिणी सभा के संयुक्त तत्वावधान में चित्र प्रदर्शनी 'पावस' का उद्घाटन होगा। शाम को युवाओं के साथ संवाद, 'काशी और कबीर' विषय पर दास्तानगोई, सितार-संतूर वादन तथा 'द आह्वान प्रोजेक्ट' द्वारा निर्गुण गायन की प्रस्तुति दी जाएगी।


समारोह के अंतिम दिन 18 जुलाई को प्रसिद्ध फिल्म निर्देशक सुधीर मिश्र और अनुभव सिन्हा 'सिनेमा और युवता' विषय पर विशेष संवाद करेंगे। इसके बाद तबला वादन, कश्यप बंधुओं का शास्त्रीय गायन और प्रह्लाद सिंह टिपानिया एवं समूह के निर्गुण गायन के साथ वार्षिकोत्सव का समापन होगा।


आयोजकों ने नागरिकों, विद्यार्थियों, शोधार्थियों और कला प्रेमियों से समारोह में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की है। मुख्य सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रतिदिन शाम 5 बजे से शुरू होंगे। साथ ही दर्शकों से समय पर पहुंचने, कार्यक्रमों के दौरान अनुशासन बनाए रखने तथा प्रदर्शनियों में फोटोग्राफी एवं वीडियोग्राफी नहीं करने का अनुरोध किया गया है।

नशामुक्त भारत के संदेश के साथ BHU में निकली ‘संडे ऑन साइकिल’ रैली.
नशामुक्त भारत के संदेश के साथ BHU में निकली ‘संडे ऑन साइकिल’ रैली.
वाराणसी: नशामुक्त भारत अभियान के तहत रविवार को काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के तत्वावधान में ‘संडे ऑन साइकिल’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के जरिए युवाओं को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने और नशामुक्त भारत का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया।मालवीय भवन प्रांगण से कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने हरी झंडी दिखाकर साइकिल रैली को रवाना किया। इस दौरान विश्वविद्यालय के कुलसचिव राजन श्रीवास्तव, वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षक, NSS स्वयंसेवक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।कार्यक्रम के दौरान कुलपति ने युवाओं से नशे से दूर रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवा न केवल स्वयं नशे से बचें, बल्कि अपने आसपास के लोगों और समाज को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने नशामुक्त समाज के निर्माण में युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।also read: विश्व आदिवासी दिवस पर बरेका में निकली भव्य शोभायात्रा, पारंपरिक वेशभूषा में दिखी संस्कृति की झलकसाइकिल रैली में शामिल प्रतिभागियों ने नशामुक्त भारत का संदेश लोगों तक पहुंचाया और युवाओं को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया। रैली के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और समाज में नशे के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया गया।कार्यक्रम का समन्वयन काशी हिंदू विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम समन्वयक डॉ. स्वप्ना मीना ने किया। आयोजन में विश्वविद्यालय परिवार के साथ बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की भागीदारी रही।
विश्व आदिवासी दिवस पर बरेका में निकली भव्य शोभायात्रा, पारंपरिक वेशभूषा में दिखी संस्कृति की झलक
विश्व आदिवासी दिवस पर बरेका में निकली भव्य शोभायात्रा, पारंपरिक वेशभूषा में दिखी संस्कृति की झलक
वाराणसी: विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार को बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में आदिवासी परिवार, बरेका के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा और सांस्कृतिक समारोह का आयोजन किया गया। आयोजन में आदिवासी समाज की समृद्ध संस्कृति, लोक परंपराओं और सामाजिक एकता की आकर्षक झलक देखने को मिली।शाम चार बजे बरेका सेंट जॉन स्कूल, गेट संख्या-2 से शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा कुंदन तिराहा और सूर्य सरोवर मार्ग होते हुए इंटर कॉलेज चौराहे पहुंची। यहां भगवान गौतम बुद्ध, जननायक बिरसा मुंडा और भारत रत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इसके बाद शोभायात्रा पश्चिमी संस्थान, जलालीपट्टी पहुंचकर संपन्न हुई।शोभायात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष, युवा और बच्चे पारंपरिक आदिवासी वेशभूषा में शामिल हुए। रंग-बिरंगे परिधानों के साथ पारंपरिक गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को उत्साह और उल्लास से भर दिया। रास्ते में स्थानीय लोगों ने भी शोभायात्रा का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।पश्चिमी संस्थान, जलालीपट्टी में आयोजित सांस्कृतिक समारोह में आदिवासी समाज की विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। वक्ताओं ने आदिवासी समुदाय की समृद्ध परंपराओं और प्रकृति के साथ उनके गहरे जुड़ाव को रेखांकित किया। उन्होंने सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने और उसे नई पीढ़ी तक पहुंचाने की जरूरत पर भी जोर दिया।also read: श्रावण में भास्करा पोखरा पर पुलिस अलर्ट, गहरे पानी में जाने से बचने की अपीलकार्यक्रम के दौरान सामाजिक समरसता, सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का संदेश दिया गया। आयोजन में बरेका के अधिकारी, कर्मचारी, उनके परिजन, आदिवासी महिला समिति के सदस्य और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।इस अवसर पर सहायक कार्मिक अधिकारी (कर्मशाला) पीयूष मिंज, जनसंपर्क अधिकारी राजेश कुमार, आरपीएफ इंस्पेक्टर प्रमोद लकड़ा, पूर्व संयुक्त सचिव बरेका अमर सिंह, कालू मांझी सहित आदिवासी परिवार बरेका के सुदर्शन उरांव, दिलीप तिर्की, सुचित कुजूर, अजय कुमार तिर्की, संजीवन तिर्की और अजय तिग्गा मौजूद रहे। वहीं आदिवासी महिला समिति की सपना टोप्पो, तारा मैरी मिंज, प्रेमा लिली टोप्पो, अनुपमा और बंदना बारला सहित बड़ी संख्या में महिलाओं ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
श्रावण में भास्करा पोखरा पर पुलिस अलर्ट, गहरे पानी में जाने से बचने की अपील
श्रावण में भास्करा पोखरा पर पुलिस अलर्ट, गहरे पानी में जाने से बचने की अपील
वाराणसी: श्रावण माह में रोहनिया क्षेत्र स्थित भास्करा पोखरा में श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है। श्रद्धालुओं को किसी भी तरह की अनहोनी से बचाने के लिए पुलिस की ओर से लगातार जागरूक किया जा रहा है।एसीपी रोहनिया अवधेश विश्वकर्मा ने भास्करा पोखरा पहुंचने वाले श्रद्धालुओं से अपील की कि वे निर्धारित और सुरक्षित स्थान पर ही स्नान करें। उन्होंने कहा कि श्रद्धालु किसी भी स्थिति में गहरे पानी में न जाएं और सुरक्षा मानकों की अनदेखी न करें।also read: आँसुओं, आक्रोश के बाद खुले आसमान के नीचे दालमंडीएसीपी ने खासतौर पर बच्चों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों से सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि बच्चों को अकेले पानी के पास न जाने दें और स्नान के दौरान उन पर लगातार नजर बनाए रखें। थोड़ी सी लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।पुलिस प्रशासन की ओर से श्रावण माह के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक सतर्कता बरती जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे पुलिस के निर्देशों का पालन करें और धार्मिक आस्था के साथ अपनी सुरक्षा का भी विशेष ध्यान रखें। अधिकारियों का कहना है कि सामूहिक सहयोग और सतर्कता से ही श्रावण माह के आयोजनों को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाया जा सकता है।