मीट-मछली की दुकानों को शहर से बाहर करने के प्रस्ताव का आम आदमी पार्टी ने किया विरोध...

वाराणसी: आम आदमी पार्टी (आप) की जिला इकाई ने नगर निगम द्वारा शहर से मीट, मांस, मछली और मुर्गा व्यवसाय को नगर क्षेत्र से बाहर स्थानांतरित करने के प्रस्ताव का विरोध किया है. सोमवार को पितरकुंडा स्थित जिला कैंप कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल और अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष अब्दुल्ला खान ने कहा कि नगर निगम का यह निर्णय एकतरफा है और इससे वर्षों से इस व्यवसाय से जुड़े हजारों लोगों की आजीविका प्रभावित होगी.
नेताओं ने आरोप लगाया कि नगर निगम पुराने नियमों का पालन कराने के बजाय छोटे व्यापारियों को शहर से बाहर करने की कोशिश कर रहा है, जिससे बड़े कारोबारी लाभान्वित होंगे. उन्होंने कहा कि नगर निगम ने 6 जून 2026 को मीट, मछली और मुर्गा की दुकानों को नगर क्षेत्र से बाहर करने का प्रस्ताव पारित किया था, जो संविधान के अनुच्छेद 19(1)(g) के तहत व्यापार और रोजगार की स्वतंत्रता तथा अनुच्छेद 21 के तहत गरिमापूर्ण जीवन और अपनी पसंद का भोजन करने के अधिकार के विपरीत है.
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आप नेताओं ने मांग की कि नगर निगम इस निर्णय को तत्काल वापस ले। साथ ही शहर के भीतर पहले से संचालित मीट और मछली की दुकानों व मंडियों को नियमित किया जाए तथा मांस-मछली विक्रेताओं को स्ट्रीट वेंडर्स (जीविका संरक्षण एवं पथ विक्रय विनियमन) अधिनियम, 2014 के तहत संरक्षण प्रदान किया जाए.
प्रेस वार्ता में जिला मीडिया प्रभारी घनश्याम पांडे, सरोज शर्मा, डॉ. जितेंद्र कुमार, आकिब खान और बजले रहीम सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे.



