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चैत्र मास की इस तिथि से नावरात्रि का होगा आरंभ, घटस्थापना अहम हिस्‍सा

चैत्र मास की इस तिथि से नावरात्रि का होगा आरंभ, घटस्थापना अहम हिस्‍सा
Feb 18, 2026, 12:48 PM
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Posted By Diksha Mishra

वाराणसी : चैत्र नवरात्र इस बार मार्च माह में पड़ रहा है. मध्‍य मार्च से शुरू होकर माह के अंत में नवरात्र का समापन होना है. चैत्र मास की प्रतिपदा तिथि से नवरात्रि का आरंभ होता है, जो सनातन धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण पर्व है. इस पर्व के साथ ही हिंदू नव वर्ष का भी आरंभ होता है. नवरात्रि के नौ दिनों में माता दुर्गा के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है. नवरात्रि के पहले दिन घट स्थापना की जाती है, जो इस पर्व का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है.


पंचांग के अनुसार, चैत्र नवरात्रि का आरंभ शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से होता है. इस वर्ष, प्रतिपदा तिथि 19 मार्च को सुबह 4 बजकर 52 मिनट पर समाप्त होगी और यह 20 मार्च तक रहेगी. चैत्र नवरात्रि का पर्व 19 मार्च से 27 मार्च तक मनाया जाएगा. पहले दिन घटस्थापना की जाएगी, जिससे इस पर्व की शुरुआत होगी.

चैत्र नवरात्रि का विशेष महत्व है, क्योंकि यह हिंदू नव वर्ष का आरंभ भी करती है। इस दौरान मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है, जिनमें शैलपुत्री, ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कुष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि, महागौरी और सिद्धिदात्री शामिल हैं. मान्यता है कि जो व्यक्ति इन नौ दिनों तक जप और तप करता है, उस पर मां दुर्गा की विशेष कृपा बनी रहती है. नवरात्रि के दौरान श्रद्धा और भक्ति के साथ पूजा-पाठ करने से मां दुर्गा अपने भक्तों के सभी दुख और कष्ट दूर करती हैं, साथ ही सुख और सौभाग्य में वृद्धि भी करती हैं.


नवरात्रि के दिनों का विवरण इस प्रकार है


पहला दिन (19 मार्च): मां शैलपुत्री पूजा और घटस्थापना

दूसरा दिन (20 मार्च): मां ब्रह्मचारिणी पूजा

तीसरा दिन (21 मार्च): मां चंद्रघंटा पूजा

चौथा दिन (22 मार्च): मां कुष्मांडा पूजा

पांचवां दिन (23 मार्च): मां स्कंदमाता पूजा

छठा दिन (24 मार्च): मां कात्यायनी पूजा

सातवां दिन (25 मार्च): मां कालरात्रि पूजा

आठवां दिन (26 मार्च): मां महागौरी पूजा

नौवां दिन (27 मार्च): मां सिद्धिदात्री पूजा


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चैत्र नवरात्र पर भक्तजन मां दुर्गा से सुख, शांति और समृद्धि की कामना करते हैं. हालांक‍ि इस बार पालकी (डोली) पर सवारी यानी दोलायां मरणं धुव्रम् - बड़ा संकट होने की आशंका की वजह से इस बार विशेष सावधानी और पूजा-पाठ की जरूरत है. काले तिल, काले कपड़े का दान और हनुमान चालीसा पाठ, कन्‍या पूजन और दुर्गा शप्‍तशती का पाठ करना चाहिए.

प्रोफेसर विजयनाथ मिश्र ने ने किया ओपन-स्पेस ग्रुप प्रदर्शनी का उद्घाटन
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वाराणसी : ललित कला काशी 'वर्थ एंड वरशिप' (Worth and Worship) प्रदर्शनी पेश कर रहा है।ललित कला काशी 15 से 17 जुलाई, 2026 तक वाराणसी के ऐतिहासिक घाटों पर "वर्थ एंड वरशिप" नाम की एक ओपन-स्पेस ग्रुप प्रदर्शनी आयोजित की गई है। डॉ. प्रियंका चंद्रा द्वारा क्यूरेट की गई इस अनोखी आउटडोर प्रदर्शनी में दस अवॉर्ड-प्राप्त कलाकार शामिल हैं: सिद्धार्थ, रामकुमार माहेश्वरी, आशिमा मेहरोत्रा, अनिल कुमार पटेल, स्वाति रंजन, दीपशिखा वर्मा, स्वाति झा, शालिनी सिंह, रितेक राज और सूरज वर्मा।इसका भव्य उद्घाटन आज 15 जुलाई को शाम 6 बजे सुबह-ए-बनारस घाट पर मुख्य अतिथि प्रो. विजय नाथ मिश्रा ने की। इसके बाद यह प्रदर्शनी लोगों तक पहुँचने के लिए तुलसी, आदिनाथ, चेत सिंह और अस्सी घाटों पर जाएगी।ALSO READ: चाय की दुकान पर बिक रही थी अवैध शराब और बीयर, सिगरा पुलिस के छापे में भंडाफोड़पवित्र गंगा के किनारे, यह एग्ज़िबिशन दस आर्टिस्ट को दुनियावी लालच ("वर्थ") और भगवान की भक्ति ("वर्शिप") के बीच की पतली लाइन को समझने के लिए एक साथ लाती है, जो कुछ समय के लिए और हमेशा रहने वाले के बीच इंसानी संघर्ष को दिखाती है।
चाय की दुकान पर बिक रही थी अवैध शराब और बीयर, सिगरा पुलिस के छापे में भंडाफोड़
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वाराणसी: सिगरा थाना क्षेत्र के विजयनगरम मार्केट में संचालित एक चाय की दुकान पर अवैध रूप से शराब और बीयर की बिक्री किए जाने का मामला सामने आया है। सूचना मिलने पर सिगरा पुलिस ने छापेमारी कर दुकान से बड़ी मात्रा में शराब और बीयर बरामद की तथा अवैध कारोबार का भंडाफोड़ कर दिया।पुलिस के अनुसार, लंबे समय से शिकायत मिल रही थी कि चाय की दुकान की आड़ में चोरी-छिपे शराब और बीयर बेची जा रही है। इसके बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर छापा मारा। कार्रवाई के दौरान दुकान से विभिन्न ब्रांड की शराब और बीयर की बोतलें बरामद हुईं।ALSO READ: बरेका में नराकास की छमाही बैठक, हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन और नवाचार पर मंथनपुलिस ने मौके से दुकान संचालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। बरामद शराब और बीयर को जब्त कर लिया गया है। मामले में आबकारी अधिनियम समेत अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।सिगरा पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसे अवैध कारोबार के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बरेका में नराकास की छमाही बैठक, हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन और नवाचार पर मंथन
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वाराणसी: बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में बुधवार को भारत सरकार के गृह मंत्रालय के राजभाषा विभाग के तत्वावधान में नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), वाराणसी की छमाही बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता नराकास के अध्यक्ष एवं बरेका के महाप्रबंधक आशुतोष पंत ने की, जिसमें नगर के 60 से अधिक केंद्रीय कार्यालयों के प्रमुखों और प्रतिनिधियों ने भाग लेकर राजभाषा हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन, नवाचार और डिजिटल माध्यमों में इसके बढ़ते उपयोग पर व्यापक चर्चा की।बैठक में महाप्रबंधक आशुतोष पंत ने कहा कि राजभाषा हिंदी केवल कार्यालयी भाषा नहीं, बल्कि प्रशासन और आमजन के बीच संवाद का सबसे सशक्त माध्यम है। उन्होंने सदस्य कार्यालयों से हिंदी को सरल, प्रभावी और तकनीक-सम्मत बनाकर अधिकाधिक प्रयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने भारतेंदु हरिश्चंद्र के प्रसिद्ध कथन "निज भाषा उन्नति अहै" का उल्लेख करते हुए प्रशासनिक कार्यों में हिंदी के व्यापक उपयोग की आवश्यकता पर बल दिया।इस दौरान नराकास, वाराणसी की पत्रिका 'बनारस दर्पण' तथा आईआईटी-बीएचयू की राजभाषा पत्रिका 'अभ्युदय' का लोकार्पण भी किया गया। बैठक में पिछली कार्यवृत्त की पुष्टि, निर्णयों के अनुपालन की समीक्षा तथा विभिन्न सदस्य कार्यालयों की राजभाषा संबंधी प्रगति और उपलब्धियों पर विस्तार से चर्चा हुई। प्रतिनिधियों ने अपने संस्थानों में हिंदी के प्रचार-प्रसार और नवाचारों से जुड़े अनुभव भी साझा किए।ALSO READ: पूर्व एमएलसी बृजेश सिंह एक और मामले में बरी, 36 साल पुराने प्रकरण का पटाक्षेपपूर्वोत्तर रेलवे, वाराणसी के मंडल रेल प्रबंधक आशीष जैन ने कहा कि किसी भी संगठन की सफलता जनता से उसके जुड़ाव पर निर्भर करती है और हिंदी इस जुड़ाव का सबसे प्रभावी माध्यम है। वहीं गृह मंत्रालय के राजभाषा विभाग के सहायक निदेशक (कार्यान्वयन) अजय कुमार चौधरी ने राजभाषा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन, डिजिटल प्लेटफॉर्म पर हिंदी के बढ़ते उपयोग तथा सदस्य कार्यालयों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया।बैठक में बरेका के उप महाप्रबंधक सागर, प्राचार्य प्राविधिक प्रशिक्षण केंद्र सुभाष चंद्र यादव सहित अनेक अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन नराकास के सदस्य सचिव एवं वरिष्ठ राजभाषा अधिकारी यथार्थ पाण्डेय ने किया तथा अंत में उन्होंने सभी प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।