Daily Bulletin Tag
AI गार्गी दैनिक बुलेटिन

वाराणसी में स्कूल आधारित टीकाकरण सत्रों की तिथियां तय, व्यापक तैयारी के निर्देश

वाराणसी में स्कूल आधारित टीकाकरण सत्रों की तिथियां तय, व्यापक तैयारी के निर्देश
Apr 14, 2026, 08:44 AM
|
Posted By Preeti Kumari

वाराणसी: जिले में टीडी (टेटनस डिप्थीरिया) एवं डीपीटी (डिप्थीरिया, काली खांसी एवं टेटनस) टीकाकरण अभियान को प्रभावी रूप से संचालित करने के लिए जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला स्तरीय टास्क फोर्स की वर्चुअल बैठक जूम प्लेटफॉर्म के माध्यम से आयोजित हुई. इसमें जिलाधिकारी ने टीडी एवं डीपीटी टीकों के महत्व को रेखांकित करते हुए जिले के सभी पात्र लाभार्थियों को शत-प्रतिशत टीकाकरण से आच्छादित किए जाने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि ये टीके बच्चों एवं किशोरों को डिप्थीरिया, काली खांसी एवं टेटनस जैसी गंभीर बीमारियों से सुरक्षा प्रदान करते हैं.

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश प्रसाद ने बताया कि प्रदेश में 20 से 30 अप्रैल के बीच स्कूल आधारित विशेष टीडी/डीपीटी टीकाकरण अभियान 20, 21, 23, 24, 27, 28 एवं 30 अप्रैल को संचालित किया जा रहा है.


h


लाभार्थियों का टीकाकरण सुनिश्चित


जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ एस एस कन्नौजिया ने जानकारी दी कि अभियान के तहत 5 से 6 वर्ष आयु के बच्चे संभावित कक्षा एक को डीपीटी (डिप्थीरिया परट्यूटिस टेटनेस) का टीका, 10 वर्ष आयु के बच्चे संभावित कक्षा 4 एवं कक्षा 5 एवं 16 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों संभावित कक्षा 10 एवं 11 को टीडी (टेटनस- डिप्थीरिया) के डोज दिए जाएंगे. प्रत्येक सत्र में लगभग 100–125 लाभार्थियों का टीकाकरण सुनिश्चित किया जाएगा. स्कूलों, एवं मदरसों पर सत्र आयोजित किए जाएंगे.


h


माइक्रोप्लान और जनजागरूकता पर विशेष जोर


जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि—शिक्षा विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर सभी विद्यालयों में टीकाकरण की कार्ययोजना तैयार की जाए. अभिभावकों की सहमति एवं जागरूकता हेतु विशेष अभियान चलाया जाए. बैनर, पोस्टर एवं अन्य माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए. यू-विन पोर्टल पर टीकाकरण की नियमित रिपोर्टिंग की जाए. उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि अभियान के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करते हुए जनपद को पूर्ण रूप से टीकाकृत बनाने में योगदान दें. बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि अभियान की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी तथा निर्धारित समयसीमा के अंतर्गत सभी लक्ष्यों को पूर्ण किया जाएगा.


h


Also read: पत्रकार बनकर कार छुड़ाने के लिए पहुंचे पुलिसकर्मी का हंगामा, चौकी प्रभारी से नोकझोंक


बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश प्रसाद, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. एस.एस. कन्नौजिया, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित सभी प्रभारी चिकित्सा अधिकारी, जेएसआई से डॉ शाहिद एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे.


गंगा नदी में डूबने से तीन युवक बाल-बाल बचे, जल पुलिस ने दिखाई फुर्ती
गंगा नदी में डूबने से तीन युवक बाल-बाल बचे, जल पुलिस ने दिखाई फुर्ती
Three youths narrowly escaped drowning in the Ganga River, thanks to the swift action of the water police.वाराणसी: अहिल्याबाई घाट पर मंगलवार को गंगा स्नान के दौरान बड़ा हादसा होते-होते टल गया. स्नान कर रहे तीन युवक अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे, जिससे घाट पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया. मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं ने शोर मचाकर सहायता की गुहार लगाई. घटना की सूचना के बाद घाट पर तैनात जल पुलिस टीम ने बिना समय गंवाए तुरंत रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया. जल पुलिस के आरक्षी कुमार गौरव ने साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए नदी में छलांग लगाई और तेजी से कार्रवाई करते हुए तीनों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया. पुलिस की त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया और तीनों युवकों की जान बच गई.मामले की जांच में जुटी पुलिसबताया जा रहा है कि सभी युवक मुजफ्फरपुर (बिहार) के निवासी हैं, जो काशी भ्रमण और गंगा स्नान के लिए आए हुए थे. बचाए गए युवकों की पहचान सुशांत, तपश और गौरव कुमार के रूप में हुई है. स्नान के दौरान वे अनजाने में गहरे पानी की ओर बढ़ गए, जिससे उनका संतुलन बिगड़ गया और वे डूबने लगे. घटना के बाद तीनों युवकों की हालत सामान्य बताई जा रही है. प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सुरक्षित उनके साथियों के सुपुर्द कर दिया गया. इस दौरान घाट पर मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने जल पुलिस की तत्परता और बहादुरी की जमकर सराहना की.Also Read: वाराणसी में फिर बदला स्‍कूलों का समय, चार घंटे होगा संचालन जल पुलिस और प्रशासन ने गंगा स्नान करने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित सुरक्षित क्षेत्र में ही स्नान करें, गहरे पानी में जाने से बचें तथा सुरक्षा नियमों का पालन करें, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके. वाराणसी पुलिस की सतर्कता और तत्परता एक बार फिर लोगों के लिए जीवन रक्षक साबित हुई है, जिससे शहर में सुरक्षा व्यवस्था पर लोगों का भरोसा और मजबूत हुआ है.https://www.youtube.com/watch?v=ogRTdqf9tmk
वाराणसी में फिर बदला स्‍कूलों का समय, चार घंटे होगा संचालन
वाराणसी में फिर बदला स्‍कूलों का समय, चार घंटे होगा संचालन
School timings changed again in Varanasi, school hours will be four hoursवाराणसी: भीषण गर्मी ने आम जनजीवन प्रभावित कर दिया है. दोपहर के समय सड़कों पर निकलना मुश्किल हो गया है. इसी को देखते हुए कक्षा एक से आठ तक के विद्यालयों के समय में एक बार फिर बदलाव किया गया है. बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुराग श्रीवास्तव ने सोमवार को नया आदेश जारी करते हुए बताया कि 21 अप्रैल से सभी स्कूल सुबह 7 बजे से 11:30 बजे तक संचालित होंगे. बीएसए के अनुसार, लगातार बढ़ते तापमान और लू जैसी स्थिति को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है, ताकि बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े. खासतौर पर दोपहर के समय तेज धूप के कारण छोटे बच्चों को स्कूल आने-जाने में दिक्कत हो रही थी.जानें क्या है पूरा मामला गौरतलब है कि इससे पहले 17 अप्रैल को भी स्कूलों के समय में बदलाव किया गया था. उस समय विद्यालयों का संचालन सुबह 7:30 बजे से दोपहर 1 बजे तक किया गया था. हालांकि, पिछले तीन दिनों में तापमान में तेजी से वृद्धि और धूप के तीखेपन को देखते हुए प्रशासन ने पुनः समीक्षा कर समय को और कम करने का निर्णय लिया.Also Read: सीएम योगी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्‍पणी पर आक्रोश, आरोपी युवक गिरफ्तारयह आदेश परिषदीय, राजकीय, सहायता प्राप्त तथा मान्यता प्राप्त विद्यालयों के साथ-साथ सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड के सभी स्कूलों पर लागू होगा. हिंदी और अंग्रेजी माध्यम के सभी विद्यालयों को इसका कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं.शिक्षा विभाग ने विद्यालय प्रबंधनों से अपील की है कि वे बच्चों को गर्मी से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक करें. साथ ही विद्यालय परिसर में पेयजल की समुचित व्यवस्था बनाए रखने और जरूरत पड़ने पर प्राथमिक उपचार की सुविधा उपलब्ध रखने को कहा गया है.https://www.youtube.com/watch?v=ogRTdqf9tmk
सीएम योगी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्‍पणी पर आक्रोश, आरोपी युवक गिरफ्तार
सीएम योगी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्‍पणी पर आक्रोश, आरोपी युवक गिरफ्तार
Anger over objectionable comment against CM Yogi, accused youth arrestedवाराणसी: मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्‍पणी और अभद्र भाषा का प्रयोग करने का मामला सामने आया है. इस मामले में रामनगर थाने की पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान रामपुर वार्ड निवासी सौरभ त्रिपाठी के रूप में हुई है. इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हुए एक वीडियो के आधार पर यह पूरा मामला सामने आया जिसने स्थानीय स्तर से लेकर प्रशासनिक हलकों तक हलचल पैदा कर दी.सौरभ त्रिपाठी ने सीएम को लेकर अभद्र भाषा का किया इस्तेमालबताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत रामनगर के पंचवटी चौराहे के पास हुई जहां सौरभ त्रिपाठी का एक वीडियो रिकॉर्ड किया गया. इस वीडियो में वह कथित रूप से मुख्यमंत्री के खिलाफ अशोभनीय और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते हुए दिखाई दे रहा था. स्थानीय लोगों ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया और बाद में इसे सोशल मीडिया पर साझा कर दिया. देखते ही देखते यह वीडियो विभिन्न प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से फैल गया और लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं.मामले की जांच में जुटी पुलिस मामला तब और गंभीर हो गया जब इस संबंध में पुलिस प्रशासन को लगातार शिकायतें मिलने लगीं. वाराणसी के पुलिस कमिश्नर तक भी सोशल मीडिया के माध्यम से यह मामला पहुंचा. इसी क्रम में मंगल सिंह नामक व्यक्ति ने रामनगर थाने में लिखित तहरीर देकर पूरे घटनाक्रम का विस्तार से उल्लेख किया और सख्त कार्रवाई की मांग की. शिकायतकर्ता मंगल सिंह ने अपने बयान में बताया कि वह लंबे समय से सामाजिक और धार्मिक गतिविधियों से जुड़े रहे हैं. घटना के दिन वह पंचवटी चौराहे पर मौजूद थे जहां उन्होंने सौरभ त्रिपाठी को कथित रूप से नशे की हालत में मुख्यमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए देखा. उनके अनुसार जब उन्होंने उसे समझाने का प्रयास किया तो सौरभ त्रिपाठी ने उल्टा उनके साथ गाली गलौज शुरू कर दी और धक्का मुक्की करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी.Also Read: यूपी कॉलेज गोलीकांड को लेकर नहीं थम रहा आक्रोश, खून से लिखा पत्र स्थिति को बिगड़ता देख मंगल सिंह ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया जो बाद में इस मामले का प्रमुख साक्ष्य बना. अपनी शिकायत में उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि इस तरह की भाषा न केवल सार्वजनिक मर्यादा का उल्लंघन है बल्कि समाज में गलत संदेश भी प्रसारित करती है और सामाजिक सौहार्द को प्रभावित करती है. उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष और सख्त कार्रवाई की मांग की. पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि किसी भी प्रकार की अभद्रता विशेष रूप से सार्वजनिक पदों पर आसीन व्यक्तियों के खिलाफ बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी.https://www.youtube.com/watch?v=ogRTdqf9tmk