काशी में घर वापसी, एमपी के इंजीनियर असद खान बने अथर्व त्यागी

वाराणसी - मध्य प्रदेश के सागर जिले के रहने वाले युवक असद खान ने वाराणसी में सनातन धर्म अपना लिया है.अब असद खान ’अथर्व त्यागी’ बन गए है, अस्सी घाट से 11 ब्राह्मणों के साथ आलोक योगी असद को नाव से बीच गंगा में ले गए, यहां उनका मुंडन संस्कार कराया गया, 11 ब्राह्मणों ने गायत्री मंत्र और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ ही उनका संकल्प कराया .

असद यानी अथर्व ने इंटरनेट मीडिया के माध्यम से काशी के ब्राह्मणों से अपनी घर वापसी संस्कार के लिए संपर्क किया ,काशी में सनातन धर्म में वापसी के पूजन कार्यक्रम के दौरान उसका शुद्धिकरण कराया गया. गौरी गणेश पूजन हुआ और हनुमान चालीसा का पाठ भी किया गया. पूजन कराने वाले ब्राह्मण आलोक नाथ योगी ने बताया कि घर वापसी से पूर्व शुद्धिकरण संस्कार किया गया. वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजन कर नामकरण हुआ.पूरी प्रक्रिया शास्त्रीय विधि के अनुसार संपन्न कराई गई.
ALSO READ : मंडल स्तरीय खादी ग्रामोद्योग प्रदर्शनी का समापन, 10 दिनों में 2.23 करोड़ की रिकॉर्ड बिक्री
वही अथर्व त्यागी ने बताया कि वह पेशे से इंजीनियर है और सागर जिले में उनका परिवार रहता है, उनका परिवार मुस्लिम धर्म का पालन करता है. उनका बचपन से ही झुकाव सनातन धर्म की ओर था, वह बचपन से ही मंदिरों में जाते थे और पूजा-पाठ करते थे, लेकिन बड़े होने के बाद नाम के कारण कई बार मंदिरों में प्रवेश और पूजन में असहजता का सामना करना पड़ा.असद बजरंग बली के भक्त हैं. बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ मारपीट से उनका मन काफी आहत हुआ और उसके बाद यह निर्णय लिया.



