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वाराणसी में बेटी ने निभाया बेटे का फर्ज, पिता को दी मुखाग्नि

वाराणसी में बेटी ने निभाया बेटे का फर्ज, पिता को दी मुखाग्नि
Jun 04, 2026, 11:57 AM
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Posted By Preeti Kumari

वाराणसी: बेटा और बेटी को समान रूप से देखे जाने का उदाहरण एक बार फिर वाराणसी में सामने आया. एक परिवार में चार बेटे थे, लेकिन अंतिम समय में बेटों ने कंधा देने से मुह फेरा तो बेटी ही बेटा बन कर फर्ज अदायगी की. पूरा घटनाक्रम समाजसेवी अमन कबीर ने सोशल मीड‍िया पर साझा क‍िया है. बताया क‍ि गुरुवार की दोपहर 112 पुलिस से सूचना प्राप्त हुई कि अंधरापुल के नीचे एक युवती अपने पिता के शव के पास बैठी हुई है. बताया क‍ि सूचना मिलते ही वह भी मौके पर पहुँचे. वहाँ पहुँचकर जब बेटी पूजा देवी से पूछा कि क्या परिवार में कोई और सदस्य है, तो उनकी आँखों में आँसू भर आए.


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बेटी ने दिया पिता को मुखागिन


उन्होंने कहा, "मेरे चार भाई हैं, लेकिन पिताजी के निधन के लगभग छह घंटे बाद भी कोई नहीं आया. हमारे पास अंतिम संस्कार के लिए पैसे भी नहीं हैं. अगर कोई नहीं आएगा, तो मैं ही उनकी बेटी भी हूँ और बेटा भी. भैया, किसी तरह मेरे पिताजी को घाट तक पहुँचा दीजिए और उनका अंतिम संस्कार करा दीजिए." यह सुनकर मन भावुक हो उठा. संस्था के सहयोग से शव को वाहन द्वारा हरिश्चंद्र घाट पहुँचाया गया. वहाँ बेटी पूजा देवी ने अपने पिता को कंधा दिया और भारी मन से मुखाग्नि भी दी.


हरिश्चंद्र घाट पर अंतिम संस्कार


उस समय उनकी आँखों से बहते आँसू मानो यह कह रहे थे कि रिश्ते जन्म से नहीं, निभाने से बड़े होते हैं. लगभग 100 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके रंजन जायसवाल जी ने अपने बच्चों का पालन-पोषण कर उन्हें बड़ा किया, लेकिन जीवन की अंतिम यात्रा में उनके चार बेटे उपस्थित नहीं हुए. ऐसे समय में उनकी बेटी ने ही बेटे का फर्ज निभाया और अपने पिता को सम्मानपूर्वक पंचतत्व में विलीन किया. लोगों ने एक बेटी को मुखाग्‍न‍ि देते देख कर कहा क‍ि ईश्वर ऐसी साहसी, संवेदनशील और कर्तव्यनिष्ठ बेटी हर परिवार को दे. अमन कबीर सेवा न्यास की ओर से भी पीड़‍िता को मदद दी गई और हरिश्चंद्र घाट पर पूर्ण सम्मान के साथ अंतिम संस्कार की सेवा संपन्न कराई.


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वाराणसी में ऑनलाइन बेटिंग और जुआ कारोबार के दो आरोपी गिरफ्तार...
वाराणसी में ऑनलाइन बेटिंग और जुआ कारोबार के दो आरोपी गिरफ्तार...
वाराणसी : साइबर क्राइम थाना पुलिस ने ऑनलाइन माध्यम से जुआ और सट्टे का कारोबार संचालित करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. कार्रवाई के दौरान पुलिस ने करीब पांच लाख रुपये की धनराशि दो बैंक खातों में सीज कराई है. सहायक पुलिस आयुक्त (अपराध) विदुष सक्सेना ने बताया कि साइबर क्राइम थाना की टीम को ऑनलाइन बेटिंग और जुआ संचालन की सूचना मिली थी. जांच के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया.गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान दीपक सिंह, निवासी थाना गोविंद नगर, कानपुर तथा नवनीत सिंह, निवासी कानपुर के रूप में हुई है. तलाशी के दौरान उनके कब्जे से नौ मोबाइल फोन और 12 सिम कार्ड बरामद किए गए हैं, जिनका उपयोग कथित रूप से ऑनलाइन सट्टा और जुआ संचालन में किया जा रहा था. पुलिस के अनुसार, आरोपियों के बैंक खातों में मौजूद करीब पांच लाख रुपये की संदिग्ध धनराशि को सीज कराया गया है. बरामद मोबाइल फोन और सिम कार्डों की जांच कर ऑनलाइन नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है.ALSO READ : बीएचयू अस्पताल और ट्रामा सेंटर में अब मिलेगी मुफ्त वाई-फाई सेवा, जान लें तरीका...गिरफ्तारी करने वाली टीम में निरीक्षक विजय नारायण मिश्र, निरीक्षक उदयवीर सिंह, उपनिरीक्षक विवेक सिंह, उपनिरीक्षक आलोक कुमार यादव, कांस्टेबल चंद्रशेखर यादव, कांस्टेबल देवेंद्र यादव, अवनीश सिंह तथा कांस्टेबल अनिल मौर्य शामिल रहे. पुलिस का कहना है कि ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुए के अवैध कारोबार में संलिप्त अन्य व्यक्तियों की पहचान कर उनके विरुद्ध भी आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी. पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि वे विभिन्न बेटिंग वेबसाइटों के लिए ग्राहकों को आइडी उपलब्ध कराते थे तथा जमा-निकासी (पे-इन और पे-आउट) की प्रक्रिया संचालित करते थे. इसके लिए फर्जी सिम कार्ड और बैंक खातों का उपयोग किया जाता था. पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया. गिरोह से जुड़े अन्य लोगों, बैंक खातों और वित्तीय लेनदेन की जांच जारी है.
बीएचयू अस्पताल और ट्रामा सेंटर में अब मिलेगी मुफ्त वाई-फाई सेवा, जान लें तरीका...
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वाराणसी : नगर निगम काशी को स्वच्छ और सुंदर बनाने के साथ-साथ अब इसे डिजिटल रूप से भी सशक्त बनाने में जुटी हुई है. इस क्रम में शहर में डिजिटल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए गुरुवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी ने सर सुंदर लाल चिकित्सालय (बीएचयू) और बीएचयू ट्रामा सेंटर में नि:शुल्क वाई-फाई सेवा का विधिवत शुभारंभ किया.नगर निगम ने इस महत्वाकांक्षी डिजिटल पहल का आगाज़ सबसे पहले अस्सी घाट व दशाश्वमेध घाट से किया था. इसके बाद दूसरे चरण में पूर्वांचल के सबसे बड़े अस्पताल बीएचयू अस्पताल और ट्रामा सेंटर को भी हाई-स्पीड इंटरनेट की सुविधा से जोड़ा गया.ऐसे में अब शहर के कुल चार प्रमुख और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर लोगों को मुफ्त हाई-स्पीड वाई-फाई की सुविधा मिलने लगी है. महापौर ने कहा कि यह परियोजना वाराणसी को एक आधुनिक और स्मार्ट सिटी बनाने के हमारे संकल्प का एक अहम हिस्सा है, क्योंकि वर्तमान समय में इंटरनेट एक बुनियादी आवश्यकता बन चुका है. महापौर ने कहा कि व्यक्तिगत रूप से उन्होंने अनुभव किया था कि इस चिकित्सा संस्थान में इंटरनेट वाई फाई की अत्यधिक आवश्यकता है.आम नागरिकों और युवाओं की सहूलियत के लिए निगम ने इन सभी वाई-फाई ज़ोन में विशेष बोर्ड लगाए हैं. इन बोर्ड्स पर एक क्यूआर कोड दिया गया है. अस्पताल आने वाले तीमारदार, मरीज या विश्वविद्यालय के छात्र और शोधार्थी अपने मोबाइल से इस क्यूआर कोड को स्कैन करके बेहद आसानी से मुफ्त इंटरनेट सेवा का लाभ उठा सकते हैं. वाई-फाई व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने की जिम्मेदारी सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएन) को सौंपी गई है.ALSO READ : वाराणसी में जहर खिलाकर बहू की हत्या करने के आरोपित ससुर, पति और देवर गिरफ्तार...बीएचयू के कुलपति प्रो. अजीत कुमार चतुर्वेदी ने कहा कि निगम की इस डिजिटल पहल से सूचनाओं का आदान-प्रदान तो सुगम होगा ही साथ में मरीजों के परिजन के लिए काफी सुविधा होगी. ट्रामा सेंटर के प्रभारी डा. सौरभ सिंह ने कहा कि वर्तमान समय पूरी तरह से डिजिटल क्रांति का है, जो हमारे जीवन के हर पहलू को प्रभावित कर रहा है. ऐसे में निगम की ओर से उपलब्ध कराई जा रही मुफ्त वाई-फाई की सुविधा आम नागरिकों को सीधे डिजिटल कनेक्टिविटी से जोड़ने में सहायक साबित होगी. बीएसएनएल के प्रधान महाप्रबंधक अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि इस नेटवर्क की स्पीड और रेंज को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि अस्पताल या घाटों पर अत्यधिक भीड़ होने के दौरान भी कनेक्टिविटी में कोई रुकावट न आए और सुचारू रूप से डेटा ट्रांसफर होता रहे. कार्यक्रम का संचालन नगर निगम के जनसंपर्क अधिकारी संदीप श्रीवास्तव ने किया. इस अवसर पर पार्षद रवींद्र सिंह, पार्षद अक्षैवर सिंह, पार्षद ‍सुरेश पटेल सहित नगर निगम के संयुक्त नगर आयुक्त कृष्ण चंद्र, चिकित्सा अधीक्षक के के गुप्ता, बीएसएनएल के उप मंडल अभियंता अभिजित कुमार साहा सहित निगम के कई वरिष्ठ अधिकारी, चिकित्सक और गणमान्य लोग उपस्थित रहे.
वाराणसी में जहर खिलाकर बहू की हत्या करने के आरोपित ससुर, पति और देवर गिरफ्तार...
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वाराणसी : सारनाथ थाना के पहाड़िया स्थित मां शारदानाथ कालोनी में पति से विवाद के बाद जहरीला पदार्थ खाने वाली महिला की इलाज के दौरान मौत हो गई. इस मामले में महिला के बयान और पिता की तहरीर पर दहेज हत्‍या का मामला दर्ज कर पुलिस ने आरोपी पति, ससुर और दवेर को गिरफ्तार किया है.जौनपुर के खेतासराय थाना क्षेत्र के मानी कला गांव निवासी वंदना साहू (33 वर्ष) का विवाह फरवरी 2014 में गाजीपुर के सूजावलपुर निवासी रवि प्रकाश साहू के साथ हुआ था. रवि प्रकाश बनारस की एक निजी कंपनी में कार्यरत है. दंपति परिवार के साथ सारनाथ थाना क्षेत्र के पहड़िया स्थित मां शारदानाथ कालोनी में किराए के मकान में रहते थे. मंगलवार की देर रात पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर तीखा विवाद हो गया. गुस्से में वंदना ने विषाक्त पदार्थ खा लिया. परिजनों ने उन्हें तुरंत पं. दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल पहुंचाया, जहां से उन्हें बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया. बाद में शिवपुर के मीरापुर बसही स्थित मान्धाता एंड ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां बुधवार दोपहर उनकी मौत हो गई.मृतका के पिता दिलीप साहू ने सारनाथ थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया कि उनकी बेटी के पति रवि प्रकाश साहू, ससुर सुरेंद्र साहू, सास अनीता साहू और देवर भानु साहू की लगातार प्रताड़ना से परेशान थी. उन्होंने बताया कि रवि प्रकाश का अपनी कंपनी में कार्यरत एक युवती से अवैध संबंध था, जिसको लेकर घर में रोज विवाद होता था. साथ ही रवि प्रकाश वंदना से पैसे की मांग भी करता रहता था. वंदना ने पहले महिला हेल्पलाइन 1090 पर भी शिकायत दर्ज कराई थी.दिलीप साहू ने कहा कि प्रताड़ना सहन नहीं कर पाने के कारण उनकी बेटी ने यह कदम उठाया. मृतका के दो बेटे हैं- बड़ा बेटा प्रतीक और छोटा बेटा कार्तिक (6 वर्ष). घटना की जानकारी छह वर्षीय कार्तिक ने ही फोन पर अपने नाना दिलीप साहू को दी.ALSO READ : 623 आवेदन में 348 भवनों को मिला फायर सेफ्टी प्रमाणपत्र, शेष को नोटिस...पुलिस ने मृतका के पिता की तहरीर पर पति, सास, ससुर और देवर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है. सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है. शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है. पुलिस जांच में जुटी है.