वाराणसी में बनेगा नया रोजगार और औद्योगिक क्षेत्र, कई इकाइयाें का होगा संचालन

वाराणसी: जिले के औद्योगिक क्षेत्रों में भूमि कम होने के कारण उद्योगों को समूचित बढ़ावा नहीं मिल पा रहा है. ऐसे में इस कमी को पूरी करने के लिए सरदार वल्लभभाई पटेल रोजगार एवं औद्योगिक क्षेत्र बनाने की तैयारी है. इसके लिए जिला प्रशासन की ओर से जमीन तलाशी जा रही है. यहां 100 एकड़ में औद्याेगिक क्षेत्र का निर्माण होगा. जमीन मिलने के बाद 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती पर मुख्यमंत्री योगी इसका शिलान्यास कर सकते हैं. उद्योग विभाग के उपायुक्त अभिषेक प्रियदर्शी ने बताया कि नए औद्योगिक क्षेत्र में बनारसी साड़ी, चमड़ा उद्योग, डेयरी, हथकरघा समेत कई इकाइयां होंगी संचालित हो सकेंगी.

इसमें एमएसएमई के सहयोग से निवेशकों को 1000, 2000 और 5000 वर्ग मीटर की जमीन उपलब्ध कराई जाएगी. इससे ज्यादा से ज्यादा उद्योग लग सकेंगे और युवाओं को रोजगार से जोड़ा जा सकेगा. इस नए औद्योगिक क्षेत्र के धरातल पर उतरने के बाद वाराणसी जिले में कुल तीन व्यवस्थित औद्योगिक क्षेत्र सक्रिय हो जाएंगे, जिससे जिले की उत्पादन क्षमता में वृद्धि होगी. वर्तमान में वाराणसी के चांदपुर औद्योगिक आस्थान में 150 से अधिक छोटी-बड़ी इकाइयां पूरी क्षमता के साथ संचालित हो रही हैं.
वहीं, करखियांव स्थित एग्रो पार्क में कुल 142 इकाइयां वर्तमान में क्रियाशील हैं, जो मुख्य रूप से कृषि और खाद्य प्रसंस्करण से जुड़ी हैं. इसके अलावा, वाराणसी से बिल्कुल सटे चंदौली जिले के रामनगर फेज-1 में 226 और फेज-2 में 228 इकाइयां स्थापित हैं, जो इस पूरे रीजन की आर्थिक रीढ़ मानी जाती हैं.

पुराने औद्योगिक क्षेत्रों में सीमित जमीन
यूपीसीडा के क्षेत्रीय प्रबंधक एसएम पटेल ने बताया कि मौजूदा समय में इन सभी पुराने औद्योगिक क्षेत्रों में जमीन कम है. प्लॉट खाली न होने के कारण नए उद्योग लगाने के इच्छुक सैकड़ों युवाओं की फाइलें लंबे समय से उद्योग विभाग में पेंडिंग पड़ी हुई हैं. नए सरदार पटेल औद्योगिक क्षेत्र के विकसित होने से इन युवाओं की फाइलों का त्वरित निस्तारण हो सकेगा, जिससे क्षेत्र में नए उद्यम स्थापित होंगे और युवाओं का उद्यमी बनने का सपना साकार हो सकेगा.
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