वाराणसी में दरोगा निलंबित, सामने आई लापरवाही की यह वजह

वाराणसी : भेलूपुर थाना क्षेत्र में नाबालिग से जुड़े मामले में कथित लापरवाही बरतने पर कड़ी कार्रवाई की गई है. इस प्रकरण में तत्कालीन चौकी प्रभारी खोजवा और वर्तमान में चेतगंज थाने में तैनात उपनिरीक्षक पीयूष कुमार को निलंबित कर दिया गया है. मामले में विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है. डीसीपी काशी जोन की जांच के अनुसार, एक व्यक्ति ने अपनी 16 वर्षीय पुत्री से जुड़े प्रकरण की शिकायत पुलिस चौकी पर की थी.
आरोप है कि शिकायत के दौरान संबंधित वीडियो विपक्षी के मोबाइल से डिलीट कराया गया और आगे कार्रवाई न करने के लिए प्रार्थना पत्र ले लिया गया. इसके बावजूद नाबालिग पीड़िता से जुड़े मामले में कोई विधिक कार्रवाई नहीं की गई. आरोप है कि सात मई 2026 को पीड़ित पक्ष दोबारा थाना भेलूपुर पहुंचा और तहरीर दी, लेकिन दिवसाधिकारी उपनिरीक्षक निर्भय कुमार चौधरी ने प्रार्थना पत्र थाना कार्यालय में रखवा दिया. थाना प्रभारी या अन्य अधिकारियों को मामले की सूचना नहीं दी गई और न ही प्राथमिकी दर्ज कराने की कार्रवाई की गई.
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जांच में प्रथम दृष्टया महिला संबंधी अपराधों के प्रति संवेदनशीलता और समयबद्ध कार्रवाई में घोर लापरवाही, उदासीनता और स्वेच्छाचारिता पाए जाने पर दोनों पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की संस्तुति की गई. इसके बाद पुलिस कमिश्नरेट की ओर से उपनिरीक्षक पीयूष कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया. डीसीपी गौरव बंसवाल ने बताया कि निलंबन अवधि में उन्हें पुलिस लाइन से संबद्ध किया गया है और बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ने पर रोक लगाई गई है.



