वाराणसी में अंतिम संस्कार स्थल तक पहुंचा गंगा का जलस्तर, शवदाह को करना पड़ रहा इंतजार...

वाराणसी : जिले और आसपास की नदियों का जलस्तर बढने लगा है. इसकी वजह पिछले दो दिनों से हो रही बारिश काे बताया जा रहा है. इसी क्रम में गंगा के जलस्तर में वृद्धि के चलते मणिकर्णिका घाट का निचला हिस्सा जलमग्न हो चुका है. इस स्थिति के कारण अब शवदाह का कार्य ऊंचे स्थान पर किया जा रहा है, जिससे कुछ लोगों को अंतिम संस्कार के लिए इंतजार करना पड़ रहा है.
गंगा का रत्नेश्वर महादेव मंदिर और बालाजी घाट स्थित राघवेश्वर महादेव मंदिर समेत अधिकांश छोटे-बड़े मंदिर जलमग्न हो चुके हैं. मणिकर्णिका घाट पर स्थित शवदाह स्थल के पास पहुंचा पानी अब घाट पर एक चुनौती बन गया है. जबकि जल पुलिस और एनडीआरएफ की टीम लगातार नदी के रुख पर नजर रखे हुए हैं. बाढ़ के कारण विभिन्न घाटों का आपसी संपर्क टूट चुका है और पानी का प्रवाह लगातार बढ़ता जा रहा है. यदि यही स्थिति बनी रही, तो अगले सप्ताह में गलियों में शवदाह की प्रक्रिया शुरू हो सकती है. इसके साथ ही गंगा आरती स्थल में भी बदलाव की आवश्यकता पड़ सकती है.
ALSO READ : भवन कर के बकायेदारों को ब्याज में मिलेगी 100 प्रतिशत छूट, तीन किश्तों में भी कर सकेंगे भुगतान...

स्थानीय प्रशासन ने बाढ़ की स्थिति को देखते हुए आवश्यक कदम उठाने की योजना बनाई है. लोगों को सलाह दी गई है कि वे घाटों पर जाने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर रहें. बाढ़ के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है, और प्रशासन राहत कार्यों में जुटा हुआ है. गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से स्थानीय निवासियों में चिंता का माहौल है. कई लोग अपने प्रियजनों के अंतिम संस्कार के लिए परेशान हैं. प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को समझते हुए बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाने का कार्य शुरू कर दिया है. इस बीच, मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में और बारिश की संभावना जताई है, जिससे बाढ़ की स्थिति और गंभीर हो सकती है. स्थानीय लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है.



