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गुलाब की पंखुड़ियों से घर पर बनाएं शरबत, अब नहीं सताएगी चिलचिलाती धूप

गुलाब की पंखुड़ियों से घर पर बनाएं शरबत, अब नहीं सताएगी चिलचिलाती धूप
May 11, 2026, 01:05 PM
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Posted By Preeti Kumari

Make sherbet at home with rose petals, now the scorching sun will not bother you.


गर्मियां की चिलचिलाती धूप और पसीने से हर कोई परेशान हो जाता है. ऐसे में, मन करता है कि बस कुछ ऐसा ठंडा पीने को मिल जाए, जो शरीर की सारी थकान तुरंत मिटा दे. बाजार में मिलने वाले कोल्ड ड्रिंक्स भले ही पल भर की राहत दें, लेकिन सेहत के लिए ये बिल्कुल भी अच्छी नहीं होती हैं, यही वजह है कि, आज हम आपके लिए लेकर आए हैं ताजे गुलाब की पंखुड़ियों से बने 'गुलाब के शरबत' की बेहद आसान रेसिपी. यह न सिर्फ आपको बर्फ-सी ठंडक देगा, बल्कि बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को स्वादिष्ट भी लगेगा.


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गुलाब का शरबत बनाने के लिए सामग्री


इस शरबत को बनाने के लिए आपको आपकी रसोई में मौजूद कुछ ही चीजों की जरूरत पड़ेगी

देसी गुलाब की ताजी पंखुड़ियां: 2 कप (अच्छे से धुली हुई)

चीनी: 1.5 कप

पानी: 2 कप

नींबू का रस: 1 बड़ा चम्मच (यह शरबत को जमने या क्रिस्टलाइज होने से रोकता है)

इलायची पाउडर: आधा छोटा चम्मच (एक बेहतरीन खुशबू के लिए)

चुकंदर का रस: 1 से 2 बड़े चम्मच (बिल्कुल बाजार जैसा प्राकृतिक लाल रंग लाने के लिए - यह ऑप्शनल है)


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ऐसे बनाए गुलाब का शरबत


सबसे पहले देसी गुलाब की ताजी पंखुड़ियों को साफ पानी से 2-3 बार अच्छी तरह धो लें ताकि सारी धूल-मिट्टी निकल जाए, ध्यान रहे कि हाइब्रिड गुलाब की जगह देसी गुलाब का इस्तेमाल करें, क्योंकि उनकी खुशबू बहुत अच्छी होती है. एक बर्तन में 1 कप पानी लें और उसमें धुली हुई गुलाब की पंखुड़ियां डाल दें, इसे धीमी आंच पर 5-7 मिनट तक उबलने दें.जब पंखुड़ियों का गुलाबी रंग पानी में अच्छी तरह उतर जाए और पंखुड़ियां हल्की सफेद दिखने लगें, तो गैस बंद कर दें.


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अब इस उबले हुए पानी को एक छलनी की मदद से छान लें और पंखुड़ियों को अलग कर दें, आपका खुशबूदार और प्राकृतिक 'गुलाब जल' बेस तैयार है, एक दूसरे गहरे पैन में 1 कप पानी और डेढ़ कप चीनी डालें, इसे धीमी आंच पर तब तक पकाएं जब तक चीनी पूरी तरह पानी में घुल न जाए, इसे हल्का गाढ़ा होने दें. ध्यान रहे कि एक तार की चाशनी नहीं बनानी है, बस हल्का चिपचिपापन आना चाहिए. अब इस गर्म चाशनी में तैयार किया हुआ गुलाब का पानी डाल दें, साथ ही खुशबू के लिए इलायची पाउडर और सुंदर लाल रंग के लिए चुकंदर का रस मिला दें. इसे 3-4 मिनट तक और पकने दें ताकि सब कुछ आपस में अच्छे से मिल जाए.


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अब गैस बंद कर दें और शरबत को थोड़ा ठंडा होने दें, जब यह हल्का गर्म रह जाए, तो इसमें नींबू का रस डालकर अच्छी तरह मिला लें, पूरी तरह से ठंडा होने के बाद आपका शुद्ध 'गुलाब का सिरप'तैयार है, इसे एक साफ कांच की बोतल या जार में भरकर फ्रिज में रख लें, यह सिरप महीनों तक खराब नहीं होता. जब भी आप बाहर की झुलसाती धूप से घर आएं या आपका मन कुछ ठंडा पीने का करे, तो एक कांच के गिलास में 2-3 बड़े चम्मच यह तैयार गुलाब का सिरप डालें, ऊपर से एकदम ठंडा पानी या चिल्ड दूध और बर्फ के कुछ टुकड़े डालें. इसे चम्मच से अच्छे से मिलाएं और ठंडे-ठंडे शरबत का आनंद लें.

वाराणसी में ट्रक ने ईंट लदे ट्रैक्‍टर को मारी टक्‍कर, युवक की मौत, पिता जख्‍मी
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वाराणसी : चोलापुर थाना क्षेत्र के भोहर गांव के पास बीती रात तेज रफ्तार ट्रक ने ईंट लदी ट्रैक्टर-टॉली को टक्कर मार दी. हादसे में ट्रैक्टर पर सवार अनिल वनवासी (22) की मौत हो गई जबकि उसके पिता पारस बनवासी (44) घायल हो गए. पिता-पुत्र दोनों ईंट भट्ठे पर मजदूरी करते थे. टक्कर के बाद ट्रक लेकर चालक भाग निकला. पिता ने इस मामले में प्राथमिकी दर्ज कराई है.जौनपुर केराकत थाना क्षेत्र के बेहड़ा निवासी पारस और अनिल चंदवक थाना क्षेत्र के ब्राह्मणपुर गांव में भट्ठे पर मजदूरी करते थे. रात आठ बजे पिता-पुत्र ट्रैक्टर-ट्राली चालक के साथ ईंट लादकर वाराणसी के लिए निकले. रात 10 बजे आजमगढ़ - वाराणसी मार्ग पर भोहर गांव के पास पिंक हॉस्पिटल के पास सामने से आए तेज रफ्तार ट्रक ने ट्रैक्टर-टॉली में टक्कर मार दी. ट्रैक्टर-टॉली बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और पिता-पुत्र सड़क पर गिरकर घायल हो गए. हादसे में अनिल की घटनास्थल पर ही मौत हो गई. पुलिस ने शव को कब्‍जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा.ALSO READ : नशे की लत पूरी करने के लिए चोरी, 10 किलो काजू के साथ आरोपी गिरफ्तारथाना प्रभारी सधुवन राम गौतम ने बताया कि पिता पारस बनवासी को पास के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया. पारस की तहरीर पर ट्रक चालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है. आरोपी ट्रक चालक की तलाश की जा रही है. परिजनों ने बताया कि अनिल का विवाह एक साल पहले ही करिश्मा से हुआ था. एक महीने की मासूम बेटी भी है. परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य की मौत से उनके सामने गहरा संकट खड़ा हो गया है.
नशे की लत पूरी करने के लिए चोरी, 10 किलो काजू के साथ आरोपी गिरफ्तार
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वाराणसी : कोतवाली पुलिस ने चोरी की एक घटना का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी किए गए करीब 10 किलो काजू बरामद किए हैं। पूछताछ में आरोपी ने नशे की लत पूरी करने के लिए चोरी करने की बात स्वीकार की है।पुलिस के अनुसार, 24 अगस्त 2026 को स्थानीय लोगों से मिली सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने कतुआपुरा रामागंज कटरा से गोविन्द कुमार अग्रहरी पुत्र कन्हैया अग्रहरी, निवासी पुराना पुल, सारनाथ को गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर चोरी के 10 किलो काजू से भरी एक बाल्टी बरामद की गई।पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे नशे की लत है और इसी लत को पूरा करने के लिए उसने चोरी की थी। मामले में थाना कोतवाली में मुकदमा अपराध संख्या 206/2026, धारा 305(ए) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।ALSO READ : लंका मुख्‍य मार्ग पर बीएचयू ट्रॉमा सेंटर के पास सड़क धंसी, गड्ढा मुक्‍त की खुली पोलयह कार्रवाई पुलिस आयुक्त वाराणसी के निर्देशन में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एसीपी कोतवाली विजय प्रताप सिंह और प्रभारी निरीक्षक कोतवाली दयाशंकर सिंह के नेतृत्व में की गई। गिरफ्तारी करने वाली टीम में चौकी प्रभारी प्रिन्स तिवारी समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल रहे।
लंका मुख्‍य मार्ग पर बीएचयू ट्रॉमा सेंटर के पास सड़क धंसी, गड्ढा मुक्‍त की खुली पोल
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वाराणसी : भारी बारिश ने शहरी विकास के दावों की पोल खोल दी है. इसका ताजा उदाहरण लंका मुख्‍य मार्ग पर बीएचयू ट्रॉमा सेंटर के बगल में देखने को मिला, जहां सड़क का एक बड़ा हिस्सा अचानक करीब 10 फीट नीचे धंस गया, जिससे मौके पर गहरा और खतरनाक गड्ढा बन गया है. यह मार्ग अत्यंत व्यस्त है और यहां प्रतिदिन मरीजों, तीमारदारों, छात्रों तथा आम नागरिकों का आवागमन होता है. हालांकि गड्ढे को बैरिकेड कर दिया गया है. लोगों ने सड़क को दुरुस्‍त करने की मांग की है.मौके की तस्वीरें सड़क निर्माण की गुणवत्ता और विभागीय निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर रही हैं. हाल की भारी बारिश के बाद बीएचयू और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति पहले ही सामने आ चुकी है और मरीजों-तीमारदारों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है. लोगों का कहना है कि सरकार आधुनिक तकनीक से मजबूत सड़कों और विकास के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन लंका के मुख्य मार्ग पर सड़क का इस तरह धंस जाना उन दावों की जमीनी हकीकत की पोल खोल रही है.ALSO READ : IMA के प्रस्तावित सात मंजिला नवीन भवन का भव्य भूमि पूजन संपन्नप्रदेश सरकार गड्ढा मुक्त सड़कें बनाने की बात करती है. सवाल है कि जब बीएचयू ट्रॉमा सेंटर जैसे महत्वपूर्ण स्थान के पास मुख्य सड़क ही करीब 10 फीट धंस जाए, तो आखिर यह गड्ढा किस व्यवस्था की हकीकत को बयां कर रहा है. यह सिर्फ सड़क का गड्ढा नहीं, बल्कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता, भ्रष्टाचार और सरकारी निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़ा करने वाला गड्ढा है.महानगर अध्यक्ष, बाबा साहेब अंबेडकर वाहिनी अमन यादव की मांग है कि संबंधित विभाग तत्काल मौके पर पहुंचकर सड़क को सुरक्षित कराए, धंसने के कारणों की तकनीकी जांच कराए और यदि निर्माण कार्य में किसी प्रकार की अनियमितता या भ्रष्टाचार सामने आता है तो जिम्मेदार अधिकारियों एवं ठेकेदार के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए.