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राजनीतिक दलों ने एसआईआर की अंतिम तिथि छह महीने बढ़ाने की मांग की

राजनीतिक दलों ने एसआईआर की अंतिम तिथि छह महीने बढ़ाने की मांग की
Nov 28, 2025, 07:08 AM
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Posted By Gaandiv

वाराणसी - विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर जिले में व्‍यापक स्‍तर पर अभियान चलाया जा रहा है. इसी परिप्रेक्ष्‍य में राजनीतिक दलों-कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, सीपीएम , सीपीआई,राजद, की एक बैठक लहुराबीर स्थित कांग्रेस कार्यालय में गुरुवार को संपन्न हुई. बैठक में दलों के प्रतिनिधियों ने कहा कि एसआईआर जिस तरह से जल्दीबाजी और आधी-अधूरी तैयारी के साथ कराया जा रहा है, उससे निश्चित रूप से बहुत सारे लोगों का नाम दर्ज होने से छूट जाएगा.

गांव में धान की कटाई और गेहूं की बुवाई का व्यस्ततम मौसम, एसआईआर के बारे में चुनाव कार्यालय से संबंधित पूर्ण जानकारी का अभाव, बीएलओ की ट्रेनिंग का अभाव और आम जनता में जागरूकता की कमी के कारण यह संभव ही नहीं है क‍ि चार दिसंबर तक इसे ठीक से पूरा किया जा सके. इसलिए हर हालत में 4 दिसंबर की अंतिम तारीख को कम से कम 6 महीने के लिए बढ़ाया जाना चाहिए.



विधानसभा 20 27 में होने वाला है इसलिए भी बहुत जल्दी बाजी का कोई औचित्य नहीं है. इसी के साथ यह भी मांग की गई की 2003 और 2025 की मतदाता सूची प्रत्येक बीएलओ को अवश्य दी जाए और वह घर-घर जाकर प्रत्येक मतदाता को संतुष्ट कर उसका फॉर्म भरे. कई क्षेत्रों से सूचनाओं मिल रही है कि बीएलओ के पास 2003 की मतदाता सूची नहीं है.

कई क्षेत्रों में केवल दो के स्थान पर एक गणना पत्र दिया जा रहा है. कई लोग जो 2024 में मतदाता रहे हैं उनका गणना फॉर्म उनको नहीं मिला। इसका विकल्प दिया जाना चाहिए. बैठक में तय किया गया कि कल 28 नवंबर 2025 को जिलाधिकारी से मिलकर चुनाव आयोग के लिए ज्ञापन दिया जाएगा और उपरोक्त समस्याओं के समाधान और अंतिम तारीख बढ़ाने की मांग की जाएगी.


बैठक में डॉक्टर हीरालाल यादव, राघवेंद्र चौबे, आनंद मौर्य, नंदलाल पटेल, सुरेंद्र यादव, अजय मुखर्जी, फसाहत हुसैन, डॉ राजेश गुप्ता, सतनाम सिंह, जयशंकर पांडे, मोबीन अहमद, दुर्गा प्रसाद गुप्ता, अरुण सोनी, मयंक चौबे, किशन यादव, रवि आदि मौजूद थे.


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हरितालिका तीज पर मां मंगलागौरी मंदिर में उमड़ी महिलाओं की भीड़, विधि-विधान से किया पूजन
हरितालिका तीज पर मां मंगलागौरी मंदिर में उमड़ी महिलाओं की भीड़, विधि-विधान से किया पूजन
वाराणसी : हरितालिका तीज के पर्व पर काशी के मां मंगलागौरी मंदिर में महिलाओं की भारी भीड़ देखने को मिली। दूर-दराज से पहुंची सुहागिन महिलाओं ने मां के दर्शन-पूजन किए और अपने पति की लंबी उम्र व अखंड सौभाग्य की कामना की।हरितालिका तीज को भगवान शिव और माता पार्वती की कथा से जुड़ा पर्व माना जाता है। मान्यता है कि माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की थी। इसी आस्था के साथ महिलाएं तीज पर व्रत रखकर शिव-पार्वती की पूजा करती हैं।मां मंगलागौरी मंदिर में महिलाओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और मां को सोलह श्रृंगार अर्पित किया। चूड़ी, बिंदी, सिंदूर, मेहंदी समेत श्रृंगार की सामग्री चढ़ाकर महिलाओं ने सुखी दांपत्य जीवन और परिवार की समृद्धि की प्रार्थना की।ALSO READ : सेवा, समर्पण और क्षेत्रीय दक्षता से बनेगा सामाजिक कार्य का सशक्त भविष्यइस पर्व की खास बात यह रही कि कई महिलाएं अपने परिवार में चली आ रही परंपरा को आगे बढ़ाते हुए मां मंगलागौरी के दर्शन के लिए पहुंचीं। महिलाओं का कहना है कि तीज पर मां के दर्शन और पूजन से उन्हें विशेष आध्यात्मिक संतुष्टि और आशीर्वाद की अनुभूति होती है।मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्ति और आस्था का माहौल बना रहा। तीज के पारंपरिक पूजन के साथ महिलाओं ने मां मंगलागौरी के चरणों में अपने सुहाग और परिवार की खुशहाली की कामना की।
सेवा, समर्पण और क्षेत्रीय दक्षता से बनेगा सामाजिक कार्य का सशक्त भविष्य
सेवा, समर्पण और क्षेत्रीय दक्षता से बनेगा सामाजिक कार्य का सशक्त भविष्य
वाराणसी : काशी हिंदू विश्वविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग के अंतर्गत संचालित एमए इन सोशल वर्क कार्यक्रम में प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए प्लेसमेंट, व्यावसायिक दक्षता और करियर की संभावनाओं को लेकर विशेष संवादात्मक सत्र आयोजित किया गया। कार्यक्रम में चिल्ड्रेन्स रिसर्च यूनिवर्सिटी, गुजरात के सहायक प्रोफेसर डॉ. शैलेश ब्रह्मभट्ट ने विद्यार्थियों को सामाजिक कार्य के क्षेत्र में रोजगार, नेतृत्व और भविष्य की संभावनाओं की जानकारी दी।पाठ्यक्रम समन्वयक प्रो. वीके लहरी ने मुख्य वक्ता का स्वागत करते हुए विद्यार्थियों को प्लेसमेंट टीम की कार्यप्रणाली और करियर निर्माण में उसकी भूमिका से परिचित कराया। उन्होंने समाज सेवा को भारतीय जीवन-दर्शन और ‘सेवा परमो धर्मः’ की भावना से जोड़ते हुए कहा कि एक सफल समाजसेवी के व्यक्तित्व में सहयोग और योगदान का समन्वय होना जरूरी है।डॉ. शैलेश ब्रह्मभट्ट ने विद्यार्थियों के साथ अपनी संघर्षपूर्ण जीवन यात्रा और अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि कठिन परिस्थितियों के बावजूद लक्ष्य के प्रति अडिग रहना सफलता की पहली सीढ़ी है। उन्होंने विश्वविद्यालय की प्रेरक संकल्पना ‘तेजस्वी बालक, तेजस्वी भारत’ का उल्लेख करते हुए सामाजिक कार्य के क्षेत्र में सेवा, संवेदना, समर्पण और सामाजिक परिवर्तन के महत्व पर प्रकाश डाला।उन्होंने बताया कि प्रशिक्षित सामाजिक कार्यकर्ताओं के लिए राज्य एड्स नियंत्रण सोसायटी, राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण संगठन (NACO), क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम, ब्लड बैंक, मानसिक स्वास्थ्य एवं मनोरोग सेवाओं, बाल संरक्षण सोसायटी, आपदा प्रबंधन सहित विभिन्न सरकारी और गैर-सरकारी संस्थानों में रोजगार और नेतृत्व के व्यापक अवसर उपलब्ध हैं।डॉ. ब्रह्मभट्ट ने ‘कर्मण्येवाधिकारस्ते मा फलेषु कदाचन’ श्लोक का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों को कर्मनिष्ठा, आत्मविश्वास और निरंतर परिश्रम का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सामाजिक कार्य की व्यावसायिक दक्षता केवल किताबों तक सीमित नहीं रह सकती। इसके लिए विद्यार्थियों को कक्षा से बाहर निकलकर समुदाय के बीच जाना, लोगों की समस्याओं को समझना, संवाद स्थापित करना और नियमित क्षेत्रकार्य करना जरूरी है।ALSO READ : आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोपी मणिकर्णिका घाट से गिरफ्तार, शादी का झांसा देकर प्रताड़ित करने का आरोपउन्होंने गुरु गोबिंद सिंह जी के प्रेरक उद्घोष के माध्यम से विद्यार्थियों में साहस, संकल्प और चुनौतियों का सामना करने की भावना विकसित करने का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों ने सामाजिक कार्य के क्षेत्र में करियर और उच्च शिक्षा से जुड़े सवाल भी पूछे।यह संवाद सत्र विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायी और ज्ञानवर्धक रहा। कार्यक्रम ने उन्हें सामाजिक कार्य के क्षेत्र में उपलब्ध व्यावसायिक, शैक्षणिक और शोधपरक अवसरों से परिचित कराया। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अशोक श्रीवास्तव ने किया।
आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोपी मणिकर्णिका घाट से गिरफ्तार, शादी का झांसा देकर प्रताड़ित करने का आरोप
आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोपी मणिकर्णिका घाट से गिरफ्तार, शादी का झांसा देकर प्रताड़ित करने का आरोप
वाराणसी : मण्डुवाडीह थाना पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने तकनीकी संसाधनों की मदद से आरोपी की लोकेशन ट्रेस की और सोमवार को मणिकर्णिका घाट से सुबह करीब 7:20 बजे उसे गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार आरोपी की पहचान अश्वनी गौतम उर्फ देव सिंह (29) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक आरोपी के खिलाफ मण्डुवाडीह थाने में मु0अ0सं0 0287/2026 के तहत धारा 108 बीएनएस में मुकदमा दर्ज है।पुलिस के अनुसार, आरोपी पर 23 वर्षीय युवती को शादी का झांसा देकर मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप है। आरोप है कि प्रताड़ना से परेशान होकर युवती ने आत्महत्या कर ली। मामले में युवती के पिता ने 10 अगस्त 2026 को मण्डुवाडीह थाने में तहरीर दी थी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।ALSO READ : IIT-BHU में विद्यार्थियों के लिए दो नई बसों का शुभारंभ, परिवहन व्यवस्था होगी और सुगमपुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी कानपुर देहात के डेरापुर थाना क्षेत्र के महुआ महोई मुर्रा गांव का रहने वाला है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक सुरेन्द्र कुमार यादव कर रहे हैं।गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में थानाध्यक्ष दिगम्बर उपाध्याय, उपनिरीक्षक सुरेन्द्र कुमार यादव और कांस्टेबल अतुल कुमार पाण्डेय शामिल रहे। आरोपी के खिलाफ पुलिस ने अग्रिम विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।