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सपाइयों का अनोखा प्रदर्शन, गाय के साथ जिला मुख्‍यालय पहुंचकर की ये मांग

सपाइयों का अनोखा प्रदर्शन, गाय के साथ जिला मुख्‍यालय पहुंचकर की ये मांग
May 25, 2026, 09:40 AM
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Posted By Preeti Kumari

A unique protest by SP workers, they reached the district headquarters with a cow and made this demand.


वाराणसी: समाजवादी पार्टी (सपा) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को जिला मुख्‍यालय पर एक अनोखा प्रदर्शन किया. सपा कार्यकर्ता सड़कों पर खुद 'गौमाता' को अपने साथ लेकर उतरे, उनकी पूजा-अर्चना की, चारा खिलाया और केंद्र सरकार के सामने उन्हें राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग रखी. इस प्रदर्शन के जरिए समाजवादी पार्टी ने भाजपा के 'गौ-प्रेम' के दावों की पोल खोलते हुए उन पर आस्था के नाम पर केवल वोट बैंक की राजनीति करने का सीधा आरोप लगाया.


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"वोट बैंक भाजपा का, दुर्दशा गौमाता की"


"वोट बैंक भाजपा का, दुर्दशा गौमाता की" प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे सपा नेता जीशान अंसारी ने कहा कि भाजपा के लिए गाय केवल चुनावी वैतरणी पार करने का एक जरिया है. चुनाव आते ही भाजपा नेताओं को गाय याद आने लगती है, लेकिन चुनाव बीतते ही उन्हीं गौमाताओं को सड़कों पर लावारिस, भूखा और प्लास्टिक खाने के लिए छोड़ दिया जाता है. साथ ही ये भी आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश सहित पूरे देश में सरकारी गौशालाएं केवल भ्रष्टाचार का अड्डा बनकर रह गई हैं. करोड़ों रुपये का बजट कागजों पर साफ हो रहा है, जबकि धरातल पर गायें भूख और बीमारियों से दम तोड़ रही हैं.


सपा नेता शुभम सेठ गोलू ने बड़ा आरोप मढ़ा "भाजपा का दोहरा चरित्र अब देश के सामने पूरी तरह उजागर हो चुका है. एक तरफ ये लोग देश के भीतर गाय के नाम पर समाज को बांटने और नफरत फैलाने की राजनीति करते हैं, तो दूसरी तरफ इनके राज में भारत दुनिया के सबसे बड़े बीफ (मांस) निर्यातक देशों में शुमार है. बीफ एक्सपोर्ट करने वाली कंपनियों से चुनावी चंदा लेने वाले आज हमें धर्म और संस्कृति का पाठ पढ़ा रहे हैं. अगर भाजपा में रत्ती भर भी नैतिक सच्चाई है, तो वह तुरंत बीफ के निर्यात पर पूर्ण प्रतिबंध लगाए."


गाय का मुद्दा अर्थव्यवस्था से जुड़ा


प्रभाकर यादव ने गाय की उपयोगिता बताते हुए स्पष्ट किया कि गाय का मुद्दा सिर्फ आस्था का नहीं, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था से जुड़ा है. गाय का दूध जहां कुपोषण के खिलाफ लड़ाई में मुख्य हथियार है, वहीं उसका गोबर और गोमूत्र आज के समय में जैविक खेती और किसानों की आय बढ़ाने का सबसे बड़ा जरिया हैं. साथ ही ग्रामीण भारत की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से पशुधन पर टिकी है.


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गाय का संरक्षण असल में देश के किसान और गरीब का संरक्षण है. यदि सरकार ने 'गौमाता' को राष्ट्रीय पशु घोषित करने और उनकी सुरक्षा को लेकर ठोस कदम नहीं उठाए, तो समाजवादी पार्टी इस मुद्दे को लेकर सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन करेगी. प्रदर्शन करने में मुख्यरूप से शिवेंद्र राय, जितेंद्र पटेल, संजय पटेल, प्रीतम यादव, अभिषेक झा, अमित कुमार "विक्की", पुनीत मौर्य, राज श्रीवास्तव, जवाहर यादव, आरिफ खान, फरहान सिद्दीकी, धीरू चौबे, फहद सिद्दीकी, दाऊद खान, कैफ अहमद, सिद्धार्थ सोनकर, इमरान खान आदि शामिल रहे.

मोदी के जन्मदिन पर 1076 बेटियों ने दी शुभकामना
मोदी के जन्मदिन पर 1076 बेटियों ने दी शुभकामना
वाराणसी: प्रधानमंत्री एवं वाराणसी के सांसद नरेंद्र मोदी के 76वें जन्मदिन पर बुधवार को परमानंदपुर मिनी स्टेडियम में खेल प्रतिभाओं का अनूठा संगम देखने को मिला. जन्मदिन समारोह में 1076राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की बालिका खिलाड़ियों के साथ विकास इंटर कॉलेज, परमानंदपुर की छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की. बड़ी संख्या में बेटियों की मौजूदगी से पूरा स्टेडियम उत्सव के रंग में रंगा नजर आया.कार्यक्रम के दौरान बालिका खिलाड़ियों और छात्राओं में खासा उत्साह रहा. खेल मैदान से लेकर समारोह स्थल तक बेटियों की सक्रिय भागीदारी ने आयोजन को विशेष बना दिया. कार्यक्रम के समापन पर बालिकाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विशाल कटआउट के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और सेल्फी लेकर इस यादगार अवसर को कैमरे में कैद किया. इसके बाद एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जन्मदिन की खुशियां साझा कीं.कार्यक्रम के संयोजक हॉकी वाराणसी के अध्यक्ष एवं विकास एजुकेशनल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. एके सिंह ने कहा कि नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद देश में खेलों को बढ़ावा देने की दिशा में कई प्रयास हुए हैं. इससे खिलाड़ियों को आगे बढ़ने के लिए नए अवसर मिले हैं और खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहन मिला है.उन्होंने कहा कि बेटियों की खेलों में बढ़ती भागीदारी देश के लिए सकारात्मक संकेत है. राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने वाली खिलाड़ियों के साथ छात्राओं की सहभागिता से नई पीढ़ी को खेलों के प्रति प्रेरणा मिलेगी.ALSO READ:रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तारसमारोह में 1076 बालिका खिलाड़ियों की भागीदारी आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही. खेल और युवा प्रतिभाओं को केंद्र में रखकर आयोजित इस कार्यक्रम ने बेटियों की प्रतिभा, उत्साह और खेलों के प्रति उनके बढ़ते रुझान को सामने रखा.
रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तार
रथयात्रा के बंद मकान में चल रहा था जुए का अड्डा, 47 लोग गिरफ्तार
वाराणसी: सिगरा थाना क्षेत्र के रथयात्रा इलाके में पुलिस और SOG-2 की टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बंद मकान में चल रहे जुए के अड्डे का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से 47 लोगों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से करीब 10 लाख रुपये नकद, कई वाहन, मोबाइल फोन और अन्य सामान बरामद किया गया है।डीसीपी क्राइम नीतू काद्यान की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, रथयात्रा के पास एक मकान में बाहर से ताला लगाकर अंदर जुआ खेले जाने की सूचना पुलिस को मिल रही थी। इसके बाद टीम ने करीब तीन से चार दिन तक मकान की गतिविधियों पर नजर रखी। जब अंदर बड़ी संख्या में लोग जुटे तो SOG-2 और सिगरा पुलिस की टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापा मारा। कार्रवाई के दौरान 47 लोगों को जुआ खेलते हुए पकड़ा गया।पुलिस की जांच में सामने आया कि विशाल सिंह नाम के व्यक्ति ने मकान को लीज पर लिया था। पुलिस के अनुसार, इसी मकान से जुए का संचालन किया जा रहा था। पकड़े गए लोगों में वाराणसी के साथ आसपास के जनपदों के लोग भी शामिल हैं।पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक इतिहास और पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों की जानकारी जुटा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, मामले में संगठित अपराध समेत अन्य धाराओं में सख्त कार्रवाई की जाएगी। आरोपियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है।ALSO READ:आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोरडीसीपी क्राइम नीतू काद्यान ने बताया कि मामले में अभी जांच जारी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी और जल्द ही इस पूरे मामले की विस्तृत जानकारी मीडिया के सामने प्रस्तुत की जाएगी।
आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
वाराणसी : काशी हिंदू विश्वविद्यालय के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (IMS-BHU) में आगामी वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बुधवार को कमेटी की बैठक आयोजित की गई। आईएमएस कमेटी रूम में हुई बैठक की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने की। बैठक में पिछले वर्ष के कार्यक्रम की समीक्षा के साथ इस वर्ष आयोजित होने वाले स्वास्थ्य मेले को और अधिक उपयोगी एवं जनसुलभ बनाने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई।कार्यक्रम समन्वयक प्रो. टी.पी. चतुर्वेदी ने पिछले वर्ष आयोजित कार्यक्रम की गतिविधियों और अनुभवों की समीक्षा प्रस्तुत की। इसके बाद इस वर्ष के स्वास्थ्य मेले के समन्वयक प्रो. वी.एन. मिश्रा के साथ जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारियों पर चर्चा हुई।स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मददप्रो. वी.एन. मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष महामना के उद्देश्यों के अनुरूप स्वास्थ्य मेले को और व्यापक बनाने के लिए चिकित्सा विज्ञान संस्थान के साथ आईआईटी-बीएचयू की तकनीकी विशेषज्ञता का सहयोग लिया जाएगा। इसके साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और अन्य तकनीकी संसाधनों का भी उपयोग किए जाने की योजना है।बैठक में निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने कहा कि स्वास्थ्य मेले के माध्यम से काशी की जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। लोगों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था के साथ आधुनिक चिकित्सा, आयुर्वेद और डेंटल चिकित्सा के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य संबंधी उचित परामर्श उपलब्ध कराया जाएगा।कमेटी सदस्यों ने दिए सुझावबैठक में मेडिसिन संकाय प्रमुख प्रो. संजय गुप्ता, आयुर्वेद संकाय प्रमुख प्रो. मूर्ति, डेंटल संकाय प्रमुख प्रो. अतुल भटनागर, प्रो. भुवाल राम और प्रो. एस.के. भारती समेत कमेटी के अन्य पदाधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अपने सुझाव दिए।ALSO READ :लोहता में बुनकरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू, विशेषज्ञ डॉक्टर देंगे परामर्श...इस अवसर पर प्रो. वी.एम. सिंह, वैद्य सुशील दुबे, डॉ. अखिलेश चन्द्र, डॉ. महेश, प्रो. संगीता, डॉ. नीरज त्रिपाठी, डॉ. संतोष सिंह और प्रो. अजय पांडे समेत अन्य कमेटी पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में स्वास्थ्य मेले को अधिक प्रभावी, तकनीक आधारित और आम जनता के लिए उपयोगी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।