महंगाई के खिलाफ ईरान में भड़की हिंसा, ठप्प हुआ इंटरनेट-फोन सर्विस

ईरान में महंगाई के खिलाफ 13 दिनों से चल रहे प्रदर्शन के बीच बीती रात हालात और भी बद से बत्तर हो गए, CNN की एक रिपोर्ट के मुताबिक, देशभर में 100 से ज्यादा शहरों में प्रदर्शन फैल चुका है. जहां कई जगहों पर आगजनी की, इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सड़कें ब्लॉक करते हुए "आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई को मौत" और "इस्लामिक रिपब्लिक का अंत हुआ" जैसे नारे लगाए. साथ ही भीड़ में मौजूद लोगों ने यह कहा कि 'यह आखिरी लड़ाई है! पहलवी वापस लौटेगा!'. जो ईरान के सुप्रीम लीडर है, कुछ जगहों पर प्रदर्शनकारी क्राउन प्रिंस रजा पहलवी के समर्थन में भी दिखे.

वहीं अमेरिकी ह्यूमन राइट एजेंसी के मुताबिक, हिंसा प्रदर्शनों के दौरान अब-तक 45 लोग मारे गए हैं, जिनमें 8 बच्चे शामिल है. एक पुलिस अधिकारी की चाकू से मारकर हत्या कर दी गई, जबकि 2, 270 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है. इन सभी को देखते हुए ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान के नेतृत्व वाली ईरानी सरकार ने देश में इंटरनेट सेवा और अंतरराष्ट्रीय टेलीफोन कॉल को भी कुछ समय के लिए बंद कर दिया गया हैं. तेहरान एयरपोर्ट को बंद करते हुए प्रशासन ने सेना को अलर्ट पर रखा है.

तेहरान में बंद हुए बाजार
आपको बता दें, ईरान की राजधानी तेहरान में हिंसा के चलते बाजार बंद, छात्रों ने यूनिवर्सिटी कैंपस पर कब्जा कर लिया है, इस हालात के कुछ देर बीता नहीं कि, ईरान सरकार ने इंटरनेट जैसी सेवाओं की लाइनें काट दी हैं. इसके बाद भी लोग स्टारलिंक से वीडियो पोस्ट करते रहे. याद दिला दें कि, स्टारलिंक इलॉन मस्क की इंटरनेट सर्विस है, जो सैटेलाइट से ऑपरेट होती है. प्रदर्शन और तेज हो गए जब निर्वासित प्रिंस रजा पहलवी ने खुद ही बढ़ती महंगाई को लेकर लोगों से सड़कों पर उतरने की अपील की.

रजा पहलवी ईरान के आखिरी शाह मोहम्मद रजा पहलवी के बेटे हैं. उनके पिता 1979 की इस्लामिक क्रांति के दौरान सत्ता से हटाए गए थे. युवराज पहलवी अभी भी अमेरिका में रह रहे हैं. पहलवी ने लिखा, 'मैं राष्ट्रपति ट्रम्प की तारीफ करता हूं, कि आजाद दुनिया के नेता के तौर पर, उन्होंने एक बार फिर सरकार को जवाबदेह ठहराने की जरूरत पर जोर दिया है. इसलिए अब समय आ गया है कि दूसरे लोग भी अपनी चुप्पी तोड़ते हुए उनके नक्शे कदम पर चलें और मजबूती से ईरानी लोगों के समर्थन में कार्रवाई करें.'.

ट्रम्प की धमकी
हालांकि, ईरानी हिंसा के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने धमकी देते हुए कहा कि अगर प्रदर्शनकारियों को मारा गया तो अमेरिका, ईरान पर हमला करने में जरा भी देर नहीं करेगा. क्योंकि वो अपने दंगों में अक्सर यहीं सब करते हैं. इसलिए उन्हें चेतावनी देना काफी जरूरी हैं. जिसके चलते अमेरिका ने इस तरह का बयान दिया हैं.



