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आप का विरोध प्रदर्शन, बोले - किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने में सरकार विफल

आप का विरोध प्रदर्शन, बोले - किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने में सरकार विफल
Aug 23, 2025, 12:48 PM
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Posted By Gaandiv

वाराणसी: उत्तरप्रदेश में किसानों को समय पर खाद और बीज न मिलने की समस्या को लेकर आम आदमी पार्टी ने शनिवार को सदर तहसील में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया. यह प्रदर्शन जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल के नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में किसान और आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता शामिल हुए.


किसानों को खाद के लिए लगानी पड़ रही लंबी लाइन


विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल ने आरोप लगाया कि योगी सरकार किसानों को समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराने में पूरी तरह से विफल साबित हुई है. हालात यह है कि प्रत्येक सरकारी खाद वितरण केंद्र (कोऑपरेटिव) पर महिला और पुरुष किसान बारिश में भीगते हुए 2 से 3 घंटे तक लंबी लाइन में खड़े रहने को मजबूर हैं. उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार झूठे वादों और जनता को गुमराह करने में ही माहिर है, लेकिन किसानों की समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रही.


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धान की रोपाई प्रभावित, किसानों की आजीविका पर संकट


प्रदर्शन को संबोधित करते हुए पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता मुकेश सिंह ने कहा कि इस समय धान की रोपाई का सीजन है और सरकार किसानों को समय से खाद-बीज उपलब्ध नहीं करा पा रही. इसका सीधा असर किसानों की आजीविका और फसल दोनों पर पड़ रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि योगी सरकार केवल उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने और उन्हें आगे बढ़ाने के लिए काम कर रही है, जबकि किसान और छोटे व्यापारी बदहाल होते जा रहे हैं.




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आम आदमी पार्टी की प्रमुख मांगें


1. किसानों को तत्काल पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराई जाए.


2. खाद वितरण में हो रहे भारी भ्रष्टाचार और कालाबाजारी पर रोक लगाई जाए तथा वितरण प्रणाली को पारदर्शी बनाया जाए.


3. संबंधित दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए.


4. खेती का मौसम चल रहा है और खाद की कमी के कारण धान की फसल बर्बाद हो रही है, इसलिए सरकार तुरंत किसानों को खाद उपलब्ध कराकर उन्हें राहत दे.


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प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता रहे मौजूद


विरोध कार्यक्रम में मुख्य रूप से जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल, प्रदेश प्रवक्ता मुकेश सिंह,

वरिष्ठ नेता एवं पूर्व उपाध्यक्ष काशी प्रांत अब्दुल्ला खान, पूर्व प्रदेश सचिव देवकांत वर्मा, जिला मीडिया प्रभारी घनश्याम पांडे, काशी प्रांत सचिव मनीष गुप्ता, प्रदेश महासचिव महिला प्रकोष्ठ रेखा जायसवाल, शारदा टंडन, आर.के.

उपाध्याय, गुलाब सिंह राठौड़, सरोज शर्मा, निलेश कुमार सिंह, जय किशन पटेल, विनोद कुमार कुशवाहा, विनोद कुमार महेंद्रु, राम मूरत विश्वकर्मा, सतीश पटेल, सक्षम सहगल सहित कई कार्यकर्ता एवं किसान उपस्थित रहे.

पीएनजी विस्तार गेल इंडिया लिमिटेड की बड़ी पहल तेजी से (एलपीजी) मुक्त हो रही कॉलोनियां
पीएनजी विस्तार गेल इंडिया लिमिटेड की बड़ी पहल तेजी से (एलपीजी) मुक्त हो रही कॉलोनियां
वाराणसी: (गेल इंडिया लिमिटेड) द्वारा शहर में पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) के विस्तार को लेकर अभियान तेज कर दिया गया है. इसी क्रम में कंपनी के निदेशक संजय कुमारने सारनाथ स्थित शिव विहार और वल्लभ विहार कॉलोनियों का निरीक्षण किया और स्थानीय उपभोक्ताओं से संवाद कर उनकी समस्याएं और सुझाव सुने.शिव विहार कॉलोनी में महज एक सप्ताह के भीतर 33 घरों तक पीएनजी कनेक्शन पहुंचाकर इसे एलपीजी मुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की गई है. कंपनी द्वारा लगाए गए विशेष कैंप के माध्यम से लोगों को पीएनजी कनेक्शन लेने की प्रक्रिया और इसके लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई.वहीं वल्लभ विहार कॉलोनी में भी तेजी से कार्य चल रहा है और करीब 50 घरों को जल्द ही एलपीजी मुक्त करने की योजना बनाई गई है.नशीली चाय वीडियो और रंगदारी ज्वेलर्स बना शिकारइसके अलावा सामने घाट स्थित अपना घर आश्रम और शिवपुर के अन्नपूर्णा ब्रह्मचर्य आश्रम में भी पीएनजी सप्लाई शुरू कर दी गई है. इससे( एलपीजी) की कमी के बीच आश्रमों को बड़ी राहत मिली है.गेल इंडिया लिमिटेड का यह अभियान शहर में स्वच्छ सुरक्षित और सुलभ ऊर्जा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
नशीली चाय वीडियो और रंगदारी ज्वेलर्स बना शिकार
नशीली चाय वीडियो और रंगदारी ज्वेलर्स बना शिकार
उत्तर प्रदेश: गाजीपुर जनपद से एक बेहद चौंकाने वाला और गंभीर मामला सामने आया है, जिसने कानून-व्यवस्था और समाज दोनों को झकझोर कर रख दिया है.यहाँ एक ज्वेलर्स को सुनियोजित साजिश के तहत नशीली चाय पिलाकर बेहोश किया गया, फिर उसका अश्लील वीडियो बनाकर उसे ब्लैकमेल किया गया और लाखों रुपये की रंगदारी वसूली गई.पीड़ित ज्वेलर्स के मुताबिक, आरोपितों ने पहले दोस्ताना व्यवहार कर उससे संपर्क बढ़ाया. इसके बाद उसे एक जगह बुलाया गया जहाँ उसे चाय में नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया गया.नशे की हालत में जब वह बेहोश हो गया, तब आरोपितों ने उसका आपत्तिजनक वीडियो बना लिया. वीडियो बनाने के बाद आरोपितों ने पीड़ित को धमकी दी कि यदि उसने पैसे नहीं दिए, तो वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया जाएगा. इस डर से पीड़ित ने पहले 90 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर किएवाराणसी कफ सिरप तस्करी केस सरगना भगोड़ा घोषितइसके बाद भी आरोपितों का मन नहीं भरा और उन्होंने 25 लाख रुपये की बड़ी रकम की मांग कर दी. दबाव में आकर पीड़ित ने 4.80 लाख रुपये और दे दिए। लगातार बढ़ती मांग और धमकियों से परेशान होकर आखिरकार उसने पुलिस का दरवाजा खटखटाया.
वाराणसी कफ सिरप तस्करी केस सरगना भगोड़ा घोषित
वाराणसी कफ सिरप तस्करी केस सरगना भगोड़ा घोषित
वाराणसी: करीब ₹2000 करोड़ के कफ सिरप तस्करी मामले में न्यायालय ने सख्त कदम उठाते हुए मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल को भगोड़ा घोषित कर दिया है. यह आदेश अपर सत्र न्यायाधीश मनोज कुमार की अदालत द्वारा जारी किया गया.कोर्ट के निर्देश के बाद पुलिस ने अब आरोपी की संपत्ति कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. अधिकारियों के अनुसार, यदि शुभम जायसवाल जल्द गिरफ्त में नहीं आता, तो न्यायालय से अनुमति लेकर कुर्की की कार्रवाई और तेज की जाएगी.पुलिस की रणनीति के तहत इस पूरे तस्करी नेटवर्क के खिलाफ मजबूत चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी की जा रही है ताकि सभी आरोपियों को सख्त सजा दिलाई जा सके.सूत्रों के मुताबिक, मामले का सरगना इस समय दुबई में छिपा हुआ है उसकी गिरफ्तारी के लिए रेड कॉर्नर नोटिस पहले ही जारी किया जा चुका है और उसे भारत लाने के लिए प्रत्यर्पण प्रक्रिया पर भी काम किया जा रहा है.पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल को लेकर मारामारी, जंग का दिखा असरगौरतलब है कि इस मामले की शुरुआत 15 नवंबर 2025 को हुई थी, जब औषधि निरीक्षक जुनाब अली ने प्रह्लादघाट निवासी शुभम जायसवाल, उसके पिता भोला प्रसाद समेत 28 लोगों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया था.जांच में सामने आया कि कफ सिरप का बड़े पैमाने पर गैर-चिकित्सकीय उपयोग के लिए अवैध रूप से कारोबार किया जा रहा था.फिलहाल, पुलिस इस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए लगातार कार्रवाई कर रही है और आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना है.