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BJP के साथ बड़ा खेला, विधायक अरुण सिन्हा ने चुनाव न लड़ने का किया ऐलान

BJP के साथ बड़ा खेला, विधायक अरुण सिन्हा ने चुनाव न लड़ने का किया ऐलान
Oct 13, 2025, 09:43 AM
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Posted By Preeti Kumari

Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव में जीत पाने के लिए सभी पार्टियां अपनी-अपनी राजनीतिक रोटियां सेंकने में लगी हुई हैं. इस बिहार चुनाव में सभी दलों से ज्यादा भारतीय जनता पार्टी मलाई छोड़ रबड़ी खाने की सोच रही है. वहीं नतीजा ये कि अभी तक बीजेपी ने अपने उम्मीदवारों के नामों की घोषणा तक नहीं की है. ये तो कुछ भी नहीं है, इससे बड़ी बात तो यह है कि जो पार्टी रबड़ी खाने का सपना देख रही है उसी के बीजेपी विधायक अरुण कुमार सिन्हा ने बिहार चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान कर बैठे हैं. उनके इस ऐलान ने पार्टी में हलचल मचा रखी है.


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पार्टी की पहली लिस्ट आने से पहले ही सिन्हा के इस कदम ने टिकट वितरण की अटकलों को और भी हवा दे बैठी है. हालांकि, पहले से ही उनका चुनाव से पत्ता कटने की उम्मीदें जताई जा रही थी. पार्टी के भीतर यह चर्चा थी कि इस बार अधिक आयु सीमा और नई पीढ़ी को मौका देने की रणनीति के तहत कुछ वरिष्ठ नेताओं के टिकट काटे जा सकते हैं. शायद यहीं कारण है कि टिकट कटने से पहले ही अरुण सिन्हा ने पीछे हटना अपनी समझदारी समझा है. उन्होंने खुद सोशल मीडिया पर पोस्ट कर चुनाव ना लड़ने की जानकारी भी दी है.


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अरुण सिंह ने कहा- बिहार चुनाव नहीं लडूंगा


अपने पोस्ट में भाजपा के विधायक अरुण सिंह ने ये भी लिखा कि, 'आगामी विधानसभा चुनाव में मैं प्रत्याशी के रूप में चुनाव नहीं लडूंगा, लेकिन संगठन के लिए कार्य करता रहूंगा. हालांकि, पिछले 25 वर्षों में आप सभी ने जो विश्वास और सहयोग दिया उसका सदा आभारी रहूंगा. क्योंकि, कार्यकर्ता सर्वोपरि और संगठन भी सर्वोपरि है. सिन्हा के इस बयान ये तो साफ हो गया कि, पटना की इस कुम्हरार सीट से भाजपा एक नया चेहरा उतारने की तलाश में है. ऐसे में अब हर किसी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि, अरुण सिन्हा आगामी चुनाव प्रचार में सक्रिय रूप से पार्टी के साथ बने रहेंगे या फिर नहीं.



जाने किसे कितनी सीटें मिली


दरअसल, बिहार चुनाव के लिए सीट बंटवारे को लेकर कुछ दिनों से हो रही माथापच्ची अब खत्म हो चुकी है. जहां एनडीए ने बीते रविवार को सीट बंटवारे का फार्मूला तय कर दिया है. आपको बता दें, इस बंटवारे के तहत मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जदयू) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) 101-101 सीट पर चुनाव लड़ेगी. बाकी की सीटें छोटे सहयोगी दलों के हिस्से में आई हैं. चिराग पासवान की पार्टी लोक जनशक्ति (रामविलास) की बात करें तो उन्हें नौ सीटें मिली हैं.


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पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी की पार्टी हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा यानी (हम) कम से कम 15 सीटों की मांग कर रही थी, लेकिन उसे छह सीटों पर ही संतुष्टि करनी पड़ी हैं. वहीं राज्यसभा सदस्य उपेंद्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक मोर्चा के पाले में छह सीट ही आई हैं. बता दें, यह पहला मौका है जब 2005 में राजद शासन के 15 वर्ष समाप्त कर सत्ता में आई जदयू और भाजपा बराबर सीट पर चुनाव लड़ेगी.


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चिराग खेमे ने बीजेपी पर ज़्यादा सीटों के लिए बनाया दबाव


दिलचस्प बात तो यह है कि चिराग पासवान के खेमे ने बीजेपी पर ज़्यादा सीटों के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया. इसी बीच एलजेपी (R) के एक वरिष्ठ नेता ने चुटकी लेते हुए कहा, हमारा लकी नंबर 9 है. इसलिए हम उन सीटों पर चुनाव लड़ेंगे जिनका अंक 9 है. ये बयान आत्मविश्वास और सोच-समझकर लिए गए फैसलों की ओर इशारा करता है. वहीं, बीजेपी के बिहार प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान ने एनडीए के सहयोगियों के साथ कई बार विचार-विमर्श किया, लेकिन चिराग तक पहुंचना काफी मुश्किल साबित हुआ. एलजेपी (आर) 40 से ज़्यादा सीटों की मांग करने की हठ कर बैठी है.

आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
आईएमएस के वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बैठक, स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मदद लेने पर जोर
वाराणसी : काशी हिंदू विश्वविद्यालय के चिकित्सा विज्ञान संस्थान (IMS-BHU) में आगामी वार्षिक दिवस समारोह को लेकर बुधवार को कमेटी की बैठक आयोजित की गई। आईएमएस कमेटी रूम में हुई बैठक की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने की। बैठक में पिछले वर्ष के कार्यक्रम की समीक्षा के साथ इस वर्ष आयोजित होने वाले स्वास्थ्य मेले को और अधिक उपयोगी एवं जनसुलभ बनाने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई।कार्यक्रम समन्वयक प्रो. टी.पी. चतुर्वेदी ने पिछले वर्ष आयोजित कार्यक्रम की गतिविधियों और अनुभवों की समीक्षा प्रस्तुत की। इसके बाद इस वर्ष के स्वास्थ्य मेले के समन्वयक प्रो. वी.एन. मिश्रा के साथ जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारियों पर चर्चा हुई।स्वास्थ्य मेले में एआई और आईआईटी की तकनीकी मददप्रो. वी.एन. मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष महामना के उद्देश्यों के अनुरूप स्वास्थ्य मेले को और व्यापक बनाने के लिए चिकित्सा विज्ञान संस्थान के साथ आईआईटी-बीएचयू की तकनीकी विशेषज्ञता का सहयोग लिया जाएगा। इसके साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और अन्य तकनीकी संसाधनों का भी उपयोग किए जाने की योजना है।बैठक में निदेशक प्रो. एस.एन. शंखवार ने कहा कि स्वास्थ्य मेले के माध्यम से काशी की जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। लोगों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था के साथ आधुनिक चिकित्सा, आयुर्वेद और डेंटल चिकित्सा के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य संबंधी उचित परामर्श उपलब्ध कराया जाएगा।कमेटी सदस्यों ने दिए सुझावबैठक में मेडिसिन संकाय प्रमुख प्रो. संजय गुप्ता, आयुर्वेद संकाय प्रमुख प्रो. मूर्ति, डेंटल संकाय प्रमुख प्रो. अतुल भटनागर, प्रो. भुवाल राम और प्रो. एस.के. भारती समेत कमेटी के अन्य पदाधिकारियों ने कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अपने सुझाव दिए।ALSO READ :लोहता में बुनकरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू, विशेषज्ञ डॉक्टर देंगे परामर्श...इस अवसर पर प्रो. वी.एम. सिंह, वैद्य सुशील दुबे, डॉ. अखिलेश चन्द्र, डॉ. महेश, प्रो. संगीता, डॉ. नीरज त्रिपाठी, डॉ. संतोष सिंह और प्रो. अजय पांडे समेत अन्य कमेटी पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में स्वास्थ्य मेले को अधिक प्रभावी, तकनीक आधारित और आम जनता के लिए उपयोगी बनाने पर विशेष जोर दिया गया।
लोहता में बुनकरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू, विशेषज्ञ डॉक्टर देंगे परामर्श...
लोहता में बुनकरों के लिए निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू, विशेषज्ञ डॉक्टर देंगे परामर्श...
वाराणसी: बुनकर समुदाय को गुणवत्तापूर्ण और निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से लोहता में पांच दिवसीय निःशुल्क बुनकर स्वास्थ्य जांच शिविर शुरू हुआ। कन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्रीज (CII) और काशी हिंदू विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (IMS-BHU) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह शिविर 16 से 20 सितंबर 2026 तक चलेगा।शिविर के शुभारंभ अवसर पर उत्तर प्रदेश सरकार के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना, AIIMS नई दिल्ली के पूर्व निदेशक प्रो. डॉ. रणदीप गुलेरिया, CII की उप महानिदेशक अमिता सरकार, वाराणसी के जिलाधिकारी सतेंद्र कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एन.पी. सिंह और IMS-BHU के निदेशक प्रो. डॉ. एस.एन. शंखवार सहित अन्य अधिकारी एवं चिकित्सक मौजूद रहे।कई विभागों के विशेषज्ञ डॉक्टर कर रहे जांचशिविर में बुनकर समुदाय के लोगों को एक ही स्थान पर विभिन्न विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। IMS-BHU के जनरल मेडिसिन, ईएनटी, नेत्र रोग, प्रसूति एवं स्त्री रोग, सामुदायिक चिकित्सा, रेस्पिरेटरी मेडिसिन और ऑर्थोपेडिक्स विभाग के विशेषज्ञ चिकित्सक मरीजों की जांच कर उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श दे रहे हैं।इसके अलावा फैकल्टी ऑफ डेंटल साइंसेज के चिकित्सकों की टीम भी शिविर में पहुंचकर लोगों को दंत स्वास्थ्य संबंधी जांच और सेवाएं उपलब्ध करा रही है। पीजी विद्यार्थियों और इंटर्न्स की टीम भी स्वास्थ्य सेवाओं में सहयोग कर रही है।शिविर में नेत्र रोग विभाग के डॉ. दीपक मिश्रा, प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग की डॉ. ममता, सामुदायिक चिकित्सा विभाग के डॉ. अभिषेक जायसवाल और डॉ. रवि पाटीदार, ऑर्थोपेडिक्स विभाग के डॉ. आलोक राय और डॉ. रतनदीप दास सहित विभिन्न विभागों के चिकित्सक सेवाएं दे रहे हैं। वहीं फैकल्टी ऑफ डेंटल साइंसेज से डॉ. राजेश बंसल और उनकी टीम दंत स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रही है।रोगों की जांच के साथ स्वास्थ्य जागरूकता पर जोरशिविर में बुनकर समुदाय की स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न रोगों की जांच, विशेषज्ञ चिकित्सकीय परामर्श, नेत्र एवं दंत स्वास्थ्य सेवाओं के साथ स्वास्थ्य जागरूकता गतिविधियां भी आयोजित की जा रही हैं। लोगों को रोगों की समय पर पहचान, बचाव और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक किया जा रहा है।ALSO READ :महिला महाविद्यालय में ‘दीक्षारंभ’ के दूसरे दिन नवप्रवेशी छात्राओं को मिली विषय और सुविधाओं की जानकारी...आयोजकों के अनुसार, CII और IMS-BHU की यह संयुक्त पहल बुनकर समुदाय तक विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास है। शिविर के माध्यम से समुदाय के लोगों को एक ही स्थान पर विभिन्न विशेषज्ञताओं से जुड़ी सुलभ, गुणवत्तापूर्ण और निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।कार्यक्रम के आयोजन एवं समन्वय में प्रो. एस.पी. मिश्रा, डॉ. अभिषेक जायसवाल (आउटरीच सेल टीम) और CII की सुश्री रोचना मित्रा सहित संबंधित टीम के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
महिला महाविद्यालय में ‘दीक्षारंभ’ के दूसरे दिन नवप्रवेशी छात्राओं को मिली विषय और सुविधाओं की जानकारी...
महिला महाविद्यालय में ‘दीक्षारंभ’ के दूसरे दिन नवप्रवेशी छात्राओं को मिली विषय और सुविधाओं की जानकारी...
वाराणसी: काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के महिला महाविद्यालय में नवप्रवेशी छात्राओं के शैक्षणिक एवं व्यक्तिगत मार्गदर्शन के लिए आयोजित ‘दीक्षारंभ’ कार्यक्रम के दूसरे दिन विभिन्न विषयों, छात्रावास नियमों और विश्वविद्यालय की कल्याणकारी सुविधाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के प्राध्यापकों ने छात्राओं को विषय की बारीकियों के साथ-साथ अध्ययन, शोध और करियर की संभावनाओं से परिचित कराया।कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ महिला महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रीता सिंह के स्वागत वक्तव्य से हुआ। उन्होंने नवप्रवेशी छात्राओं का स्वागत करते हुए शिक्षा के वास्तविक एवं व्यापक उद्देश्य पर प्रकाश डाला। इसके बाद प्राचार्या ने कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य एवं विशिष्ट अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर अभिनंदन किया।दूसरे दिन मुख्य अतिथि के रूप में प्रो. सीमा तिवारी, प्रो. ललिता वाटा, डॉ. अपाला शाह और प्रो. निशात अफरोज उपस्थित रहीं।गृह विज्ञान विभाग की प्रो. ललिता वाटा ने छात्राओं को गृह विज्ञान विषय के महत्व, उसके व्यावहारिक प्रयोगों और इससे जुड़ी करियर संभावनाओं की जानकारी दी। वहीं भूगोल विभाग की प्रो. सीमा तिवारी, जो छात्रावास समन्वयक भी हैं, ने छात्राओं को छात्रावास अनुशासन, सुरक्षा और आवश्यक नियमों के बारे में बताया। उन्होंने एंटी-रैगिंग नियमों के पालन पर विशेष जोर देते हुए छात्रावास आवंटन से संबंधित आवश्यक दिशा-निर्देश भी साझा किए।डॉ. अपाला शाह ने भूगोल विषय के आधुनिक आयामों, अध्ययन की विभिन्न शैलियों और अनुसंधान के अवसरों के बारे में छात्राओं को जानकारी दी। उन्होंने विषय को व्यापक दृष्टिकोण के साथ समझने और अध्ययन के साथ शोध के अवसर तलाशने के लिए प्रेरित किया।ALSO READ :जनता के सवालों का हिसाब मांगेगी यूथ कांग्रेस, 17 सवालों का प्रश्न-पत्र जारीइसके अलावा प्रो. निशात अफरोज ने बीएचयू के वेल-बीइंग केंद्र की कार्यप्रणाली से छात्राओं को अवगत कराया। उन्होंने छात्राओं को मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने तथा आवश्यकता पड़ने पर उपलब्ध सहायता एवं परामर्श सुविधाओं का उपयोग करने की सलाह दी।कार्यक्रम का संचालन हिंदी विभाग के प्रभारी डॉ. धीरेन्द्र नाथ चौबे ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. अंजलि शर्मा ने प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में महाविद्यालय परिवार के शिक्षक, गैर-शिक्षण कर्मचारी और बड़ी संख्या में नवप्रवेशी छात्राएं मौजूद रहीं।