ऑनलाइन संपत्ति कर जमा करने वालों को राहत, इस तरह करें आवेदन

Relief for those paying property tax online, apply for exemption in this way
वाराणसी: नगर निगम वाराणसी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए भवन स्वामियों को संपत्तिकर जमा करने पर विशेष राहत देने की घोषणा की है. नगर निगम के अभिलेखों में वर्तमान में 2.33 लाख भवन दर्ज हैं. नगर आयुक्त हिंमाशु नागपाल ने शुक्रवार को प्रेस वार्ता में बताया कि भवन स्वामी यदि गृहकर, जलकर और सीवरकर एकमुश्त नकद या चेक से जमा करते हैं, तो उन्हें वर्तमान कर पर 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी. वहीं, यदि वे ऑनलाइन भुगतान करते हैं, तो उन्हें 12 प्रतिशत की छूट दी जाएगी.

10 दिन में लगभग 1.98 करोड़ जमा
ऑनलाइन कर जमा करने के लिए भवन स्वामी नगर निगम की वेबसाइट www.nnvns.org.in का उपयोग कर सकते हैं. छूट की अवधि 8 मई से 15 जुलाई 2026 तक निर्धारित की गई है. नगर निगम के अनुसार, 27 अप्रैल से 6 मई 2026 तक 4325 भवन स्वामियों ने लगभग 1.98 करोड़ रुपये का संपत्तिकर जमा किया है. यह आंकड़ा दर्शाता है कि भवन स्वामियों में इस योजना के प्रति जागरूकता बढ़ रही है.

दिव्यांगों को शत प्रतिशत छूट
इसके अतिरिक्त, दृष्टिहीन और 80 प्रतिशत दिव्यांग भवन स्वामियों को प्रमाणपत्र प्रस्तुत करने पर 100 प्रतिशत कर छूट का लाभ मिलेगा. यह कदम नगर निगम द्वारा समाज के कमजोर वर्गों के प्रति सहानुभूति और समर्थन को दर्शाता है. नगर निगम ने सभी भवन स्वामियों से समय पर कर जमा करने और इस योजना का लाभ उठाने की अपील की है. नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि यह छूट योजना भवन स्वामियों को प्रोत्साहित करने के लिए बनाई गई है, ताकि वे समय पर अपने करों का भुगतान कर सकें. इससे नगर निगम को भी वित्तीय स्थिरता प्राप्त होगी और विकास कार्यों के लिए आवश्यक धनराशि जुटाई जा सकेगी.
Also Read: क्रिकेटर सूर्य कुमार यादव के घर पर जश्न, कन्या रत्न की प्राप्ति पर दादा ने बांटी मिठाइयां
इस योजना का उद्देश्य न केवल भवन स्वामियों को आर्थिक लाभ पहुंचाना है, बल्कि नगर निगम के राजस्व में भी वृद्धि करना है. नगर निगम ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाएं और अपने करों का भुगतान समय पर करें. वाराणसी नगर निगम की यह सौगात न केवल भवन स्वामियों के लिए लाभकारी है, बल्कि यह नगर निगम के विकास कार्यों को भी गति प्रदान करेगी. सभी भवन स्वामियों को इस योजना का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, ताकि वे अपने कर्तव्यों का पालन कर सकें और नगर निगम के विकास में योगदान दे सकें.




