वाराणसी में एयरशो के लिए तैयारियां जोरों पर, गंगा के ऊपर फाइटर विमानों ने भरी गर्जना...

वाराणसी : फाइटर विमानों की गर्जना आज काशी में सुनने को मिली. जी हां, भारतीय वायुसेना की ओर से अक्टूबर 2026 में वाराणसी के नमो घाट पर एक भव्य एयर शो आयोजित करने की तैयारियां इन दिनों जोरशोर से चल रही है. वायुसेना के 94वें स्थापना दिवस यानी 8 अक्टूबर के उपलक्ष्य में होने वाले इस कार्यक्रम में राफेल और 'सूर्य किरण' एरोबेटिक टीम सहित 100 से अधिक विमान आसमान में करतब दिखाएंगे. इसी तैयारी के क्रम में शनिवार की सुबह वाराणसी में तीन जैगुआर विमानों ने आसमान ने गर्जना करते हुए करतब दिखाए और रिहर्सल किया.

आसमान में अचानक सुबह गर्जना करते हुए गंगा की लहरों के ऊपर तीन लड़ाकू (फाइटर) विमान एक साथ उड़े तो आसमानी रोमांच जीवंत हो उठा. वहीं नमो घाट पर इस तैयारी को देखते हुए निरीक्षण करने के लिए एयरफोर्स के अधिकारी भी घाट पर निगरानी करते रहे. जबकि विमानों ने एयरपोर्ट से उड़ान भरा और बनारस शहर का चक्कर लगाया तो सुबह 11 बजे के बाद शहर के विभिन्न भागों में शहर वासियों ने इस एयरशो के रिहर्सल का रोमांच महसूस किया.
शहर में सुरक्षा कारणों से नमो घाट की ओर पुलिस व्यवस्था को भी तैनात रखा गया था. पुलिस कर्मियों ने भी इस रोमांच को देखा और सराहा. हालांकि तीन विमानों के गुजरने के बाद रोमांच समाप्त हुआ तो रिहर्सल को भी दिन के लिए पूर्ण माना गया. अधिकारियों के अनुसार आगामी दिनों में भी विभिन्न विमानों की उड़ान के माध्यम से तैयारियों को परखा जाएगा. इसके बाद आठ अक्टूबर को सेना के पायलट एयरशो में प्रतिभाग करेंगे तो काशी का मस्तक भी सेना के शौर्य से ऊंचा हो उठेगा.
ALSO READ:बीएचयू के वैज्ञानिकों ने हासिल की एक और बड़ी उपलब्धि, फंगस के एक नए जीनस की खोज...
वाराणसी एयरपोर्ट के निदेशक के अनुसार भारतीय वायु सेना के अधिकारियों के साथ इस बाबत बैठक होने के बाद रुपरेखा लगभग तय है. अक्टूबर में होने वाले एयरशो के लिए एयरपोर्ट पर विशेष तैयारियां की जा रही हैं. यह आयोजन गंगा नदी के ऊपर काशी में पहली बार हो रहा है जिसमें शामिल होने के लिए पीएम और राष्ट्रपति के अलावा तीनों सेनाओं के प्रमुखों के अलावा दूतावासों के अधिकारी और दूसरे देशों के कुछ शीर्ष लोग भी शामिल हो सकते हैं. जबकि दर्शक इसे गंगा के घाटों और नमो घाट के किनारों से देख सकेंगे.



